मध्यप्रदेश विधान सभा


प्रश्‍नोत्तर-सूची
सितम्‍बर, 2022 सत्र


बुधवार, दिनांक 14 सितम्‍बर, 2022

[ मंगलवार, दिनांक 26 जुलाई, 2022 के प्रश्‍नोत्‍तर ]  


भाग-1
तारांकित प्रश्‍नोत्तर



भीकनगांव बिजलवाड़ा उद्वहन सिंचाई परियोजना

[नर्मदा घाटी विकास]

1. ( *क्र. 727 ) श्रीमती झूमा डॉ. ध्यानसिंह सोलंकी : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि भीकनगांव बिजलवाड़ा उद्वहन सिंचाई परियोजना की स्वीकृति‍ कब हुई थी तथा उक्त परियोजना की कितनी लागत थी तथा कार्य पूर्ण करने की समय-सीमा क्या निर्धारि‍त थी? क्या नियमानुसार कार्य की प्रगति‍ संतोषजनक है? नहीं तो क्या कारण है? क्या निर्धारि‍त समय-सीमा में कार्य पूर्ण न होने के सम्बंध में कोई दोषी है? हाँ तो वह कौन है तथा क्या दोषी पर कोई कार्यवाही प्रस्तावित है या कोई कार्यवाही की जा रही है? उक्त परियोजना कब तक पूर्ण होकर क्षेत्र के किसानों को सिंचाई हेतु पानी उपलब्ध होगा? क्या उक्त योजना में भू-अर्जन की राशि‍ सम्मि‍लि‍त है? यदि हाँ, तो वर्तमान तक कितनी राशि‍ का वितरण हुआ है? नहीं तो क्या कारण है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : योजना की प्रशासकीय स्‍वीकृति दिनांक 29.10.2016 को हुई। योजना की लागत रू. 745 करोड़ है। योजना के निर्माण हेतु अनुबंध दिनांक 20.04.2018 को संपादित किया गया, तद्नुसार कार्य पूर्ण करने की समय-सीमा 42 माह अर्थात 19.10.2021 तक थी। कार्य की प्रगति में विलंब हुआ है। तथ्‍यात्‍मक स्थिति यह है कि परियोजना की पर्यावरण एवं वन विभाग से स्‍वीकृति में विलंब, कोविड-19 के कारण वर्ष 2020-21 एवं 2021-22 में सुचारू रूप से कार्य संपादन न होना तथा रबी एवं खरीफ सीजन में कृषकों द्वारा फसल लगाने के कारण कार्य संपादन न होना परियोजना के निर्माण कार्य में विलम्‍ब के मुख्‍य कारण हैं। शेषांश का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। एजेन्‍सी द्वारा जून 2023 तक कार्य पूर्ण करने एवं अक्‍टूबर 2023 रबी सीजन से कृषकों को सिंचाई सुविधा उपलब्‍ध कराई जाना लक्षित है। जी हाँ। पारित अवार्ड राशि                                                         रू. 17,31,354/- के विरूद्ध राशि रू. 4,98,460/- का भुगतान किया गया है एवं शेष राशि के भुगतान की कार्यवाही प्रचलन में है।

नर्मदा नदी में मध्यप्रदेश के हिस्से के आरक्षित जल का उपयोग

[नर्मदा घाटी विकास]

2. ( *क्र. 437 ) श्रीमती नीना विक्रम वर्मा : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या सरदार सरोवर योजनान्तर्गत नर्मदा ट्रिब्यूनल द्वारा संबंधित राज्यों के मध्य नर्मदा के जल का बंटवारा किया गया था? यदि हाँ, तो मध्यप्रदेश के हिस्से में कितने जल का हिस्सा आरक्षित किया गया है? (ख) वित्तीय वर्ष 2021-22 तक मध्यप्रदेश द्वारा नर्मदा नदी से अपने हिस्से के आरक्षित जल में से कितने प्रतिशत जल का उपयोग कर लिया गया है तथा कितना प्रतिशत जल अभी उपयोग करना शेष है? (ग) क्या आरक्षित जल के उपयोग हेतु सन् 2024 की समय-सीमा निर्धारित है? यदि हाँ, तो क्या इस निर्धारित तिथि उपरांत मध्यप्रदेश नर्मदा नदी पर अपने हिस्से के शेष बचे आरक्षित जल का दावा नहीं कर सकेगा व क्या भविष्य में प्रदेश में नर्मदा नदी पर परियोजनाएं निर्मित नहीं की जा सकेगी? (घ) क्या 1977-78 से माण्डू उद्वहन सिंचाई परियोजना से मालवा में सिंचाई की स्थाई व्यवस्था किये जाने की कवायद चल रही है तथा क्या प्रश्‍नकर्ता विधायक द्वारा इस परियोजना की स्वीकृति हेतु समय-समय पर अनुरोध किया है? (ड.) क्या विभाग म.प्र. हेतु शेष बचे आरक्षित जल का सम्पूर्ण उपयोग करने के उद्देश्य से समय-सीमा के पूर्व माण्डू उद्वहन सिंचाई परियोजना की स्वीकृति प्रदान करेगा? यदि हाँ, तो कब तक तथा स्वीकृति की कार्रवाई किस स्तर पर प्रचलित है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जी हाँ, 18.25 मिलियन एकड़ फीट। (ख) 83.45 प्रतिशत जल का उपयोग कर लिया गया है एवं 16.55 प्रतिशत जल का उपयोग शेष है।                                                 (ग) तथ्‍यात्‍मक स्थिति यह है कि नर्मदा जल विवाद न्‍यायाधिकरण अवार्ड 12 दिसम्‍बर, 1979 के अनुसार राज्‍यों के मध्‍य जल के बंटवारे का 45 वर्ष पश्‍चात कभी भी पुनरीक्षण किया जा सकता है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (घ) जी नहीं। जी हाँ। (ड.) ऐसा कोई प्रस्‍ताव वर्तमान में विचाराधीन नहीं है। शेषांश का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

जल जीवन मिशन

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

3. ( *क्र. 71 ) श्रीमती कल्पना वर्मा : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                                         (क) विधान सभा क्षेत्र रैगांव जिला सतना में जल जीवन मिशन के अंतर्गत कितनी पंचायतों के कितने गांवों के कुल कितने घरों में नल कनेक्‍शन दिया जाना है? (ख) प्रश्‍न दिनांक तक कितनी पंचायतों के कितने गांवों के कुल कितने घरों में नल कनेक्‍शन दिया जा चुका है? (ग) उपरोक्‍त में से कितने गांव ऐसे हैं, जहां सरकारी पोर्टल में नल कनेक्‍शन दिया जाना बताया गया है, लेकिन प्रश्‍न दिनांक तक काम अधूरा होने के कारण जल प्रदाय आरंभ नहीं हुआ है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) विधानसभा क्षेत्र रैगांव जिला सतना में जल जीवन मिशन के अन्‍तर्गत 120 ग्राम पंचायतों के 303 ग्रामों के 63851 घरों में नल कनेक्‍शन दिया जाना है। (ख) प्रश्‍न दिनांक तक रैगांव विधानसभा क्षेत्र के 80 ग्राम पंचायतों के 99 ग्रामों के 11345 घरों में क्रियाशील घरेलू नल कनेक्‍शन दिया गया है। (ग) ऐसे कोई ग्राम नहीं हैं।

भोपाल जिले में खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा लिये गये सेम्‍पल

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

4. ( *क्र. 492 ) श्रीमती कृष्णा गौर : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) माह अगस्‍त 2020 से दिसम्‍बर 2021 तक खाद्य एवं औषधि प्रशासन द्वारा भोपाल जिले में कुल कितने सेम्‍पल लिये गये? भोपाल शहर एवं भोपाल शहर के बाहर क्षेत्र की संख्‍या पृथक-पृथक नाम, पते, सेम्‍पल लेने की तिथि सहित बताया जाये। (ख) प्रश्‍नांश (क) में उल्‍लेखित सैम्‍पलों में से कितने सेम्‍पल लीगल एवं कितने सर्विलांस सेम्‍पल थे? उनकी जानकारी पृथक-पृथक नाम एवं पते सहित दी जाये। (ग) प्रश्‍नांश (क) एवं (ख) में लिये गये किन-किन सैम्‍पलों की जांच रिपोर्ट प्रश्‍न दिनांक तक आ गई है और कितनी आनी शेष हैं? सेम्‍पलवार जानकारी एवं जिस सेम्‍पल की जांच रिपोर्ट की जानकारी नहीं आ पाई है, उसका कारण                                        बताया जाये।

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) माह अगस्‍त 2020 से दिसम्‍बर 2021 तक भोपाल जिले में कुल 1359 सेम्‍पल लिए गए हैं। शेष जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है। (ख) माह अगस्‍त 2020 से दिसम्‍बर 2021 तक भोपाल जिले में लिए गए कुल 1359 सेम्‍पल में 919 लीगल सेम्‍पल एवं 443 सर्विलेंस सेम्‍पल लिए गए हैं। शेष जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है। (ग) माह अगस्‍त 2020 से दिसम्‍बर 2021 तक भोपाल जिले में लिए गए कुल 919 लीगल सेम्‍पल में से 04 नमूनों की रिपोर्ट आना शेष है, जो विश्‍लेषणाधीन है तथा समस्‍त 443 सर्विलेंस सेम्‍पल की रिपोर्ट प्राप्‍त हो चुकी है। शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

पंजीयन शुल्‍क से प्राप्‍त राजस्‍व

[वाणिज्यिक कर]

5. ( *क्र. 195 ) सुश्री हिना लिखीराम कावरे : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रदेश शासन को पंजीयन शुल्‍क द्वारा प्राप्‍त राजस्‍व में स्‍थानीय विकास हेतु एक निश्चित राशि खर्च करने के प्रावधान हैं? यदि हाँ, तो प्रावधान की छायाप्रति उपलब्‍ध कराएं। (ख) विगत पांच वित्‍तीय वर्षों में पंजीयन शुल्‍क से प्राप्‍त होने वाली राशि की जानकारी जिले अनुसार तथा वित्‍तीय वर्ष अनुसार देते हुए यह भी बताएं की स्‍थानीय विकास हेतु इन वित्‍तीय वर्षों में कितनी तथा कहां-कहां राशि खर्च की गयी? (ग) क्‍या वर्ष 2020-21 से विषयांकित विकास हेतु राशि खर्च नहीं की जा रही है? यदि हाँ, तो इस राशि को राज्‍य शासन कब तक खर्च करेगा? यदि खर्च कर दी गयी है तो कहां खर्च की गयी है? इसकी भी विस्‍तृत जानकारी देवें।

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) जी नहीं, अत: शेष प्रश्‍नांश उपस्थित नहीं होता। (ख) विगत 5 वित्‍तीय वर्षों में पंजीयन शुल्‍क से प्राप्‍त होने वाली राशि की जिलावार जानकारी संलग्‍न परिशिष्‍ट अनुसार है। प्रश्‍नांश '' के उत्‍तर के परिप्रेक्ष्‍य में शेष प्रश्‍नांश उपस्थित नहीं होता है। (ग) प्रश्‍नांश '' के उत्‍तर के परिप्रेक्ष्‍य में प्रश्‍नांश उपस्थित नहीं होता है।

परिशिष्ट - "एक"

आयुक्‍त वाणिज्यिक कर कार्यालय, जबलपुर को प्रेषित पत्र पर कार्यवाही

[वाणिज्यिक कर]

6. ( *क्र. 814 ) श्री सुनील सराफ : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) जिला पंचायत अनूपपुर द्वारा मार्च 2022 में आयुक्‍त वाणिज्यिक कर कार्यालय जी.एस.टी. आयुक्‍त रेंज जबलपुर को जो पत्र प्रेषित किया गया था, उस पर प्रश्‍न दिनांक तक आयुक्‍त कार्यालय द्वारा जो कार्यवाही की गई, उसकी जानकारी देवें। (ख) क्‍या इस पत्र का प्रति उत्‍तर जिला पंचायत अनूपपुर को भेज दिया गया है? यदि हाँ, तो उसकी प्रमाणित प्रति देवें। (ग) प्रश्‍नांश (क) अनुसार आयुक्‍त कार्यालय वाणिज्यिक कर द्वारा पत्र में उल्‍लेखितों पर कब तक कार्यवाही की जायेगी? यदि नहीं, तो क्‍यों?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) प्रश्‍न में वर्णित पत्र इस विभाग के संबंधित कार्यालय- संभागीय उपायुक्‍त, वाणिज्यिक कर, जबलपुर संभाग-2 के कार्यालय में प्राप्त नहीं हुआ था। अत: प्रश्‍न में उल्‍लेखित पत्र हेतु मुख्‍य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत, अनूपपुर को संभागीय उपायुक्‍त, वाणिज्यिक कर, जबलपुर संभाग-2 द्वारा पत्र क्रमांक 769, दिनांक 08.07.2022 लिखा गया। इसके पश्‍चात् वृत्‍त कार्यालय, अनूपपुर के माध्‍यम से जिला पंचायत, अनूपपुर का प्रश्‍नांकित पत्र संभागीय उपायुक्‍त, वाणिज्यिक कर, जबलपुर संभाग-2 के कार्यालय में दिनांक 11.07.2022 को प्राप्‍त हुआ। पत्र में उल्‍लेखित बिन्‍दुओं पर आवश्‍यक कार्यवाही किये जाने हेतु सहायक आयुक्‍त, राज्‍य कर, अनूपपुर वृत्‍त को संभागीय उपायुक्‍त, जबलपुर संभाग-2 द्वारा निर्देशित किया गया, जिसके पालन में अनूपपुर वृत्‍त द्वारा अपने पत्र क्रमांक 113, दिनांक 12.07.2022 के माध्‍यम से विस्‍तृत प्रतिवेदन संभागीय उपायुक्‍त, जबलपुर संभाग-2 को उपलब्‍ध कराया गया और इस प्रतिवेदन के आधार पर संभागीय उपायुक्‍त, वाणिज्यिक कर, जबलपुर संभाग-2 द्वारा अपने पत्र क्रमांक वाक/उपा-2/एक/ 2022/787 जबलपुर, दिनांक 12.07.2022 से इस कार्यालय को प्रतिवेदन प्रेषित किया गया है। पत्र की प्रति पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-क अनुसार है। (ख) संबंधित पत्र का प्रति उत्‍तर जिला पंचायत, अनूपपुर को संभागीय उपायुक्‍त, वाणिज्यिक कर, जबलपुर संभाग-2 द्वारा अपने पत्र क्रमांक 783 दिनांक 12.7.2022 से प्रेषित किया गया है। पत्र की प्रति पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-ख अनुसार है। (ग) प्रश्‍नांश (क) में उल्‍लेखित पत्र के बिन्‍दुओं में से संबंधित फर्म के वित्‍त वर्ष 2016-17 एवं 2017-18 के प्रथम त्रेमास के लिए कर निर्धारण संपन्‍न किये जा चुके हैं। दिनांक 01.07.2017 से दिनांक 31.03.2020 तक की विभिन्‍न अवधियों के लिए जी.एस.टी. अधिनियम के अंतर्गत नियमानुसार कार्यवाहियां निर्धारित समय-सीमा में संस्‍थापित है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

पेंशनरों को महंगाई राहत का भुगतान

[वित्त]

7. ( *क्र. 651 ) श्री सुनील उईके : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                                       (क) क्या प्रदेश में पेंशनरों को 31 प्रतिशत के स्थान पर वर्तमान में 17 प्रतिशत महंगाई राहत दी जा रही है, जिससे उन्हें हर माह आर्थिक नुकसान हो रहा है? (ख) उक्त प्रश्‍नांश (क) के परिप्रेक्ष्य में मार्च 2022 से प्रश्‍न दिनांक तक किन-किन पेंशनर्स एसोसिएशनों/संगठनों द्वारा कब-कब शासन को ज्ञापन/आवेदन पत्र दिये गये तथा उन पर प्रश्‍न दिनांक तक क्या कार्यवाही की गई एवं पेंशनरों को कब तक 31 प्रतिशत मंहगाई राहत प्रदान की जाएगी? यदि नहीं, तो क्यों?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) जी हाँ, प्रदेश के पेंशनरों को 17 प्रतिशत मंहगाई राहत प्रदान की जा रही है। बढ़ी हुई मंहगाई राहत देने के संबंध में छत्‍तीसगढ़ राज्‍य से सहमति प्राप्‍त करने हेतु अर्द्ध शासकीय पत्र क्रमांक एफ 9-3/2019/नियम/चार दिनांक 23.03.2022 एवं 23.05.2022 लिखा गया है। छत्‍तीसगढ़ राज्‍य से सहमति अपेक्षित है। (ख) ज्ञापन/आवेदन पत्र प्राप्‍त होना एक सतत् प्रक्रिया है, जिन पर यथा समय प्रचलित नियमों के अनुक्रम में कार्यवाही की जाती है। राज्‍य शासन अपने वित्‍तीय संसाधनों के आधार पर यथा समय उचित निर्णय लेता है। समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

पेयजल योजना

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

8. ( *क्र. 892 ) श्री नीरज विनोद दीक्षित : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                          (क) महाराजपुर विधान सभा क्षेत्र अंतर्गत गत 6 माह में कितने नवीन हैण्‍डपम्‍प एवं नल-जल योजना (नवीन) की स्‍वीकृति की गई है? नाम, ग्रामवार सूची देवें। (ख) महाराजपुर विधान सभा क्षेत्र में ऐसे कितने ग्राम हैं, जिनमें कोई भी चालू शासकीय जल स्‍त्रोत नहीं है? नामवार सूची देवें।                                    (ग) महाराजपुर विधान सभा क्षेत्र अंतर्गत 112 ग्रामों में पेयजल हेतु पलेरा गर्रोली ग्रामीण जल योजना की वर्तमान स्थिति क्‍या है? कब तक पूर्ण होगी?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) महाराजपुर विधानसभा अंतर्गत गत 6 माह में 10 नवीन हैण्डपम्प स्वीकृत किये गये हैंविवरण संलग्न परिशिष्ट अनुसार है तथा उक्त अवधि में कोई भी नवीन नल-जल योजना स्वीकृत नहीं हुई है। (ख) प्रश्‍नांकित क्षेत्र के सभी ग्रामों में चालू (क्रियाशील) शासकीय पेयजल स्रोत उपलब्ध हैं। (ग) महाराजपुर विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत 112 ग्रामों हेतु स्वीकृत नौगांव (गरौली) समूह जल प्रदाय योजना की निविदा कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। योजना के पूर्ण होने की निश्चित समयावधि बताया जाना संभव नहीं है।

परिशिष्ट - "दो"

तिलहन संघ सेवायुक्‍तों के पांचवा वेतनमान निर्धारण में विसंगति

[वित्त]

9. ( *क्र. 687 ) श्री प्रदीप पटेल : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                                      (क) म.प्र. राज्‍य तिलहन संघ से शासन के विभागों में प्रतिनियुक्ति/संविलियन में पदस्‍थ सेवायुक्‍तों को पांचवा वेतनमान का लाभ/वेतन निर्धारण हेतु विभाग द्वारा कितने आदेश/ज्ञाप/सर्कुलर कब-कब प्रसारित किये? छायाप्रति दें। विभागीय आदेश क्र. 496, दिनांक 23.03.2019 में उल्‍लेखित परिपत्र दिनांक 23.08.2016 में वेतन निर्धारण प्रक्रिया उदाहरण का योग गलत है? व्‍याख्‍या गलत है? क्‍या इससे वेतन कम नहीं होगा? किस प्रक्रिया के तहत ये आदेश निकला? क्‍या इसे निरस्‍त/पुनरीक्षित करेंगे? नहीं तो क्‍यों नहीं? (ख) प्रश्‍नांश (क) अंतर्गत प्रतिनियुक्ति पर पदस्‍थ रहे सेवायुक्‍तों को अलग से वेतन निर्धारण आदेशों की आवश्‍यकता है? स्‍पष्‍ट करें। क्‍या संविलियन से पूर्व प्रतिनियुक्ति पर रहे सेवायुक्‍तों को राज्‍य शासन के सेवायुक्‍तों के अनुरूप पांचवें वेतनमान का लाभ देंगे? यदि नहीं, तो क्‍यों? (ग) प्रश्‍नांश (क) अंतर्गत प्रतिनियुक्ति वाले सेवायुक्‍तों को संविलियन नीति/योजना की कंडिका अनुसार पांचवा वेतनमान का लाभ दिया जावेगा? वित्‍त विभाग आदेश क्र. 496, दिनांक 23.03.2019 बिन्‍दु क्र. 3 का विवरण/प्रक्रिया सही है? विसंगति है? यदि हाँ, तो दूर करेंगे? स्‍पष्‍ट करें।                                                  (घ) तिलहन संघ के सेवायुक्‍तों जिन्‍हे चौथे वेतनमान से सीधे छठवें वेतनमान से संविलियन किया है, को पांचवा वेतनमान का लाभ दिये बगैर सीधे छठवें/सातवे वेतनमान का लाभ दिया है? यदि हाँ, तो इन्‍हें सैद्धांतिक रूप से बिना किसी प्रकार के हानि पहुंचाये छठवें वेतनमान में कैसे पहुंचाया जा सकता है? स्‍पष्‍ट करें। कोष एवं लेखा विभाग द्वारा कितने सेवायुक्‍तों का वेतन कम कर पारित किया है, नाम, विभाग पूर्व वेतन व वर्तमान वेतन बतायें? क्‍या विसंगति पूर्ण आदेशों को निरस्‍त कर भेदभाव रहित स्‍पष्‍ट आदेश प्रतिनियुक्ति वाले एवं संविलियन वाले दोनों को अलग-अलग आदेश प्रसारित करेंगे? यदि नहीं, तो क्‍यों नहीं?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) म.प्र. राज्‍य तिलहन संघ से शासन के विभागों में प्रतिनियुक्ति/संविलियन में पदस्‍थ सेवायुक्‍तों को पांचवां वेतनमान का लाभ/वेतन निर्धारण हेतु वित्‍त विभाग द्वारा कोई आदेश जारी नहीं किया गया है। सामान्‍य प्रशासन विभाग द्वारा उपलब्‍ध कराई गयी जानकारी पत्र दिनांक 18.07.2022 अनुसार सामान्‍य प्रशासन विभाग के परिपत्र क्रमांक सी 3-06/2016/1/3, दिनांक 23.08.2016 से तिलहन संघ के सेवायुक्‍तों के वेतन निर्धारण हेतु                                 दिशा-निर्देश जारी किये गये हैं। सामान्‍य प्रशासन विभाग के परिपत्र दिनांक 23.08.2016 में संलग्‍न उदाहरण वस्‍तुत: वेतन निर्धारण नीति को स्‍पष्‍ट करने हेतु है, परिपत्र के साथ संलग्‍न वेतन निर्धारण प्रक्रिया स्‍वस्‍पष्‍ट है। (ख) सामान्‍य प्रशासन विभाग द्वारा जारी परिपत्र दिनांक 23.08.2016 स्‍वस्‍पष्‍ट है। (ग) सामान्‍य प्रशासन विभाग का परिपत्र दिनांक 23.08.2016 स्‍वस्‍पष्‍ट है, वित्‍त विभाग के परिपत्र क्रमांक 496/2031/2018/नियम/चार भोपाल, दिनांक 23.03.2019 के बिन्‍दु क्रमांक-3 में भी सामान्‍य प्रशासन विभाग के परिपत्र दिनांक 12 अगस्‍त, 2013 एवं परिपत्र दिनांक 23 अगस्‍त, 2016 में निर्धारित प्रक्रिया अनुसार वेतन निर्धारण करने हेतु लेख किया गया है।                                                   (घ) तिलहन संघ के सेवायुक्‍तों का वेतन निर्धारण सामान्‍य प्रशासन विभाग द्वारा नियत प्रक्रिया के अनुसार किया गया है। आयुक्‍त कोष एवं लेखा द्वारा दी गई जानकारी दिनांक 12.07.2022 अनुसार छठवें वेतनमान में किसी भी सेवायुक्‍त कर्मचारी का कम कर वेतन निर्धारण का अनुमोदन नहीं किया गया है।

देशी-विदेशी मदिरा दुकानों का संचालन

[वाणिज्यिक कर]

10. ( *क्र. 617 ) श्री प्रवीण पाठक : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                                    (क) ग्वालियर जिले की 17-ग्वालियर दक्षिण विधानसभा क्षेत्रान्तर्गत वर्तमान में कुल कितनी                                                           देशी-विदेशी मदिरा की दुकानें स्वीकृत होकर संचालित की जा रहीं हैं? प्रत्येक दुकान का स्वीकृत स्थान, संचालन का स्थान का पूर्ण विवरण देवें। (ख) म.प्र. आबकारी नीति के अनुसार देशी/विदेशी मदिरा दुकानों की किसी अस्पताल/स्वास्थ्य केन्द्र, धार्मिक स्थल, शैक्षणिक संस्था, वैध गर्ल्स हॉस्टल, किसी कॉलोनी, किसी श्रमिक कॉलोनी, किसी बस स्टैण्ड, रेलवे स्टेशन से कम से कम कितनी दूरी होना चाहिये? (ग) 17-ग्वालियर दक्षिण विधानसभा अन्तर्गत संचालित समस्त मदिरा दुकानें प्रश्‍नांश (ख) अनुसार वर्णित स्थानों से कितनी मीटर दूरी पर है? प्रत्येक दुकानवार एवं समीपस्थ स्थल का नाम सहित बतायें। (घ) दुकान पर बोर्ड प्रदर्शन के नियम क्या हैं? क्या किसी ब्राण्ड/कंपनी के नाम का विज्ञापन दुकान के बोर्ड पर लगाया जा सकता है? यदि हाँ, तो नियम क्या है? (ड.) क्या प्रदेश में शराब बंदी की कोई योजना है? यदि हाँ, तो क्या? यदि नहीं, तो क्या सरकार द्वारा इस पर कोई कार्यवाही की जायेगी? यदि हाँ, तो कब तक? यदि नहीं, तो उसका क्या औचित्य है? (च) संचालित शराब दुकान को हटाये जाने या स्थान परिवर्तन के कोई नियम हैं? यदि हाँ, तो क्या?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) 17 ग्‍वालियर दक्षिण विधानसभा क्षेत्रांतर्गत 15 कम्‍पोजिट मदिरा दुकानें संचालित हैं एवं प्रश्‍नानुसार चाही गई जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-एक अनुसार है। (ख) किसी अस्‍पताल/स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र, धार्मिक स्‍थल, शैक्षणिक संस्‍था, वैध गर्ल्‍स हॉस्‍टल, किसी कॉलोनी, किसी श्रमिक कॉलोनी, किसी बस स्टैण्ड, रेल्‍वे स्‍टेशन से मदिरा दुकान की न्‍यूनतम दूरी कम से कम 50 मीटर होना चाहिये, परन्‍तु मध्‍यप्रदेश आबकारी अधिनियम, 1915 अंतर्गत सामान्‍य प्रयोग के नियम 1 (4) में दर्शित उपबंध इसके अपवाद हैं। (ग) 17 ग्‍वालियर दक्षिण विधानसभा अंतर्गत संचालित समस्‍त मदिरा दुकानें मध्‍यप्रदेश आबकारी अधिनियम, 1915 अंतर्गत सामान्‍य प्रयोग के नियमानुसार निर्धारित न्‍यूनतम दूरी 50 मीटर से अधिक दूरी पर संचालित हैं। प्रश्‍नानुसार चाही गई जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-एक अनुसार है। (घ) दुकान पर बोर्ड प्रदर्शन के संबंध में आबकारी नीति वर्ष 2022-23 की कंडिका 28 अनुसार मदिरा की फुटकर बिक्री की दुकान के लायसेंसी द्वारा मदिरा दुकान पर अधिक से अधिक 10 फुट लम्‍बे एवं 4 फुट चौड़े/उंचे आकार का एक साईन बोर्ड लगाया जायेगा, जिस पर हिन्‍दी/अंग्रेजी में मोटे अक्षरों में केवल मदिरा दुकान का प्रकार, उसकी अवस्थिति, लायसेंस का क्रमांक, लायसेंस की अवधि तथा लायसेंसी का नाम अंकित होगा। इस बोर्ड पर ''मदिरापान स्‍वास्‍थ्‍य के लिये हानिकारक है'' अंकित करना होगा। साईन बोर्ड के आस-पास मदिरा विज्ञापन संबंधी कोई दूसरा पोस्‍टर अथवा प्रचार सामग्री चस्‍पा/वर्णित नहीं होगी। नियम की प्रति विधानसभा पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-दो अनुसार है। (ड.) जी नहीं। जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-तीन अनुसार है। (च) आबकारी अधिनियम अनुसार संचालित शराब दुकान को हटाये जाने या स्‍थान परिवर्तन के संबंध में मध्‍यप्रदेश आबकारी अधिनियम, 1915 अंतर्गत सामान्‍य अनुज्ञप्ति शर्त क्रमांक 5 के अध्‍यधीन रहते हुए कलेक्‍टर दुकान का स्‍थानांतरण एक परिक्षेत्र से दूसरे परिक्षेत्र में करने या बंद करने का आदेश दे सकेंगे एवं वर्ष 2022-23 हेतु आबकारी आयुक्‍त, मध्‍यप्रदेश ग्‍वालियर के निर्देश दिनांक 25.01.2022 की कंडिका 2 में वर्णित अनुसार वर्ष 2020-21 की आबकारी नीति की कंडिका 4 में भी जिला समिति को प्रश्‍नानुसार संबंधित अधिकार दिये गये हैं। जो पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-चार अनुसार है।

 

म.प्र. लघु उद्योग निगम से खरीदी

[सूक्ष्‍म, लघु एवं मध्‍यम उद्यम]

11. ( *क्र. 587 ) श्री अनिरुध्द (माधव) मारू : क्या सूक्ष्‍म,लघु एवं मध्‍यम उद्यम मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) म.प्र. शासन के ऐसे कौन-कौन से विभाग हैं, जो मध्यप्रदेश लघु उद्योग निगम की मध्यस्थता से आवश्यकता अनुसार क्रय करते हैं? सूची उपलब्ध करायें। (ख) म.प्र. शासन के ऐसे कौन-कौन से विभाग हैं, जो मध्य प्रदेश लघु उद्योग निगम की मध्यस्थता से आवश्यकता अनुसार क्रय नहीं करते हैं और क्यों? सूची कारण सहित प्रदान करें।

सूक्ष्‍म, लघु एवं मध्‍यम उद्यम मंत्री ( श्री ओमप्रकाश सखलेचा ) : (क) से (ख) म.प्र. लघु उद्योग निगम के माध्‍यम से 01 अप्रैल-2021 से 31 मार्च-2022 के मध्‍य शासन के 30 विभागों द्वारा कुछ सामग्री का क्रय किया गया है। विभागों की सूची संलग्न परिशिष्ट अनुसार है। शेष विभागों द्वारा सामग्री का क्रय नहीं किया गया है। म.प्र. लघु उद्योग निगम के माध्‍यम से सामग्री के क्रय की अनिवार्यता/बाध्‍यता म.प्र. भण्‍डार क्रय तथा सेवा उपार्जन नियम-2015 में नहीं है। विभाग अपने स्‍तर से भण्‍डार क्रय नियमों का पालन करते हुए सामग्री क्रय करने हेतु स्‍वतंत्र है।

परिशिष्ट - "तीन"

जनभागीदारी मद से स्‍वीकृत कार्यों की राशि का भुगतान

[योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी]

12. ( *क्र. 189 ) श्री पुरुषोत्तम लाल तंतुवाय : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) वर्ष 2021-22 व वर्ष 2022-23 में जन भागीदारी मद से जिला दमोह में कितने कार्य कहां-कहां स्‍वीकृत हुये? स्‍थलवार, राशिवार, जानकारी उपलब्‍ध करायी जावे। साथ ही कार्यों की अद्यतन स्थिति से अवगत करावें।  (ख) जिला दमोह में स्‍वीकृत कार्यों की प्रथम किस्‍त प्राप्त होने के बाद मूल्‍यांकन उपरांत द्वितीय किस्‍त/अंतिम किस्‍त की राशि कार्य पूर्ण हो जाने के उपरांत भी आज दिनांक तक प्राप्‍त नहीं हुई, जिससे कार्य एजेंसी को परेशानी हो रही है? कार्य एजेंसी को कार्यानुसार राशि कब तक प्राप्‍त हो जावेगी?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है। (ख) जी हाँ। क्रियान्‍वयन एजेंसी को राशि जारी करने के संबंध में वित्‍त विभाग के आदेश 373, दिनांक 31 मार्च, 2022 में दिये गये निर्देशों में कोषालय से आहरण की व्‍यवस्‍था निर्धारित की गई है। आहरण सीमा समाप्‍त हो जाने के कारण क्रियान्‍वयन एजेंसी को भुगतान नहीं हो सका है। आहरण सीमा में वृद्धि करने के प्रस्‍ताव वित्‍त विभाग को प्रेषित किया गया है। आहरण सीमा में शिथिलता हेतु कार्यवाही प्रचलन में है। आहरण सीमा में शिथिलता उपरान्‍त भुगतान की कार्यवाही की जावेगी।

बिस्टान एवं नांगलवाड़ी लिफ्ट इरिगेशन योजना

[नर्मदा घाटी विकास]

13. ( *क्र. 705 ) श्री रवि रमेशचन्द्र जोशी : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) नांगलवाड़ी लिफ्ट इरिगेशन योजना एवं बिस्टान लिफ्ट इरिगेशन योजना के कार्य पूर्ण करने की पूर्णता दिनांक क्या थी? क्या उस दिनांक तक उक्त दोनों योजनाओं का कार्य पूर्ण हो चुका है? यदि‍ नहीं, तो क्यों और पूर्णता दिनांक के पश्चात किस कंडिका के आधार पर कार्य किया जा रहा है? (ख) उक्त दोनों योजनाओं में स्वीकृत ड्राइंग डिजाइन के अनुसार कितने पुल पुलिया, थ्रस्ट ब्लॉक, एयर वाल्व, स्कोर वाल्व, नाला क्रॉसिंग का प्रावधान किया गया था, उसकी सूची तथा प्रावधान, के विरुद्ध कितना निर्माण कार्य किया गया, उसकी सूची मयप्रमाण, सत्यापन, मूल्यांकनकर्ता अधिकारी के नाम प्रमाणित छायाप्रति सहित स्वीकृत ड्राइंग डिजाइन की प्रमाणित प्रति देवें। (ग) उक्त दोनों योजनाओं में स्वीकृत ड्राइंग डिजाइन के अनुसार कितनी पेटियां लगाई जाना थी, आज दिनांक तक कितनी लगी? यदि संपूर्ण पेटियां नहीं लगाई गई तो ठेकेदार के विरुद्ध क्या कार्रवाई की जाएगी। (घ) उक्त योजनाओं में कितने कि.मी. की पाइप लाइन डाली, कितने किलोमीटर के पाइप लाइन का हाइड्रो टेस्ट करना आवश्यक था, कितने किलोमीटर के पाइप लाइन का हाइड्रो टेस्ट किया गया? यदि हाइड्रो टेस्ट नहीं किया गया है तो क्यों एवं नहीं किए जाने पर इन पर क्या कार्यवाही की जाएगी? क्या हाइड्रो टेस्ट कराना आवश्यक है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) नागलवाड़ी एवं बिस्‍टान योजना का पूर्णता दिनांक क्रमश: 06.07.2021 एवं 30.04.2022 था। नागलवाड़ी योजना निर्माणाधीन है तथा बिस्‍टान योजना का भौतिक रूप से कार्य पूर्ण हो चुका है। नागलवाड़ी योजना की दिनांक 31.03.2023 तक का समयवृद्धि प्रकरण प्रक्रियाधीन होने से तथा बिस्‍टान योजना के अनुबंध अनुसार ओ.एण्‍ड.एम. की कंडिका के तहत कार्य कराया जा रहा है। (ख) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र  '''' एवं  '''' अनुसार है। (ग) नागलवाड़ी योजना तथा बिस्‍टान योजना में क्रमश: 2299 एवं 2144 पेटियॉं लगाई जाना है, जिनमें से क्रमश: 1575 एवं 2144 पेटियॉं लगाई जा चुकी है। नागलवाड़ी योजना में पेटियॉं लगाये जाने का कार्य प्रगति पर है तथा बिस्‍टान योजना में 239 पेटियों को ग्रामीणों द्वारा क्षतिग्रस्‍त किये जाने से दोबारा लगाये जाने का कार्य प्रगति पर है। (घ) नागलवाड़ी एवं बिस्‍टान योजना में वर्तमान तक क्रमश: 2037 कि.मी. तथा 444 कि.मी. पाईप लाईन डाली गई है। पूरी पाईप लाईन का हाइड्रो टेस्‍ट करना आवश्‍यक है। नागलवाड़ी योजना में विद्युत संयोजन के अभाव में हाइड्रो टेस्‍ट नहीं किया गया है एवं 31.03.2023 तक हाइड्रो टेस्‍ट करने का लक्ष्‍य है। बिस्‍टान योजना में 270 कि.मी. पाईप लाईन का हाइड्रो टेस्‍ट हो चुका है। शेष पाईपों के हाइड्रो टेस्‍ट का कार्य प्रगति पर है। शेषांश का प्रश्‍न उपस्थिति नहीं होता।

निर्माण कार्य हेतु राशि की स्वीकृति

[वित्त]

14. ( *क्र. 733 ) श्री मुरली मोरवाल : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                           (क) उज्जैन जिले की बड़नगर विधानसभा क्षेत्र के लिए वर्ष 20202021 के बजट में किस-किस निर्माण कार्य के लिए कितनी-कितनी राशि का बजट प्रावधान किया गया था? सम्पूर्ण जानकारी मदवार उपलब्ध करावें। (ख) उपरोक्त बजट में से किस-किस निर्माण कार्य के लिए 21 मार्च, 2022 तक कितनी-कितनी राशि खर्च की गई? सम्पूर्ण जानकारी मदवार उपलब्ध करावें। (ग) कितनी राशि का बजट लेप्स हो गया है, इसका क्या कारण है?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) राज्‍य शासन की योजनाओं में विधानसभावार बजट प्रावधान नहीं रखा जाता है, अपितु विभाग की मांग पर उपलब्‍ध वित्‍तीय संसाधनों के आधार पर संपूर्ण प्रदेश के लिए आवश्‍यक बजट प्रावधान रखा जाता है। (ख) उत्‍तरांश '' के प्रकाश में प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ग) उत्‍तरांश '' अनुसार।

जल जीवन मिशन अंतर्गत पेय जल व्यवस्था

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

15. ( *क्र. 234 ) श्री राजेश कुमार प्रजापति : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) छतरपुर जिले की चंदला विधान सभा क्षेत्रान्तर्गत वर्ष 2019 से प्रश्‍न दिनांक तक जल जीवन मिशन अन्‍तर्गत पेयजल की क्या व्यवस्था की गयी है? (ख) क्या इस क्षेत्र में पेयजल हेतु जल जीवन मिशन योजना के तहत पानी की टंकियों का निर्माण कराया जा रहा है? (ग) प्रश्‍नांश '' अनुसार हाँ तो उक्त कार्य कब तक पूर्ण किया जायेगा? ग्रामवार कार्य की सूची तथा कार्य पूर्ण अथवा अपूर्ण की जानकारी उपलब्ध करायें। (घ) क्या विधान सभा क्षेत्र के कुछ गांवों में पूर्व में पानी की टंकियां भी बनाईं गयी थी? (ड.) प्रश्‍नांश '' अनुसार यदि हाँ, तो क्या उन से पानी की सप्लाई की जा रही है? यदि नहीं, तो क्यों?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) प्रश्‍नाधीन अवधि में जल जीवन मिशन के अन्‍तर्गत 93 योजनायें स्‍वीकृत की गई हैं। विवरण पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-1 अनुसार है।                                   (ख) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-1 अनुसार है(ग) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-1 अनुसार है(घ) जी हाँ। (ड.) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र-2 अनुसार है

जिला चिकित्‍सालय में पदों की पूर्ति

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

16. ( *क्र. 737 ) श्री बाबू जन्‍डेल : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या जिला चिकित्सालय श्योपुर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में वर्तमान में विषय विशेषज्ञ चिकित्सकों एवं पैरामेडिकल स्टाफ के कितने पद स्वीकृत हैं? स्वीकृत पदों में कितने भरे हुये हैं? क्‍या शेष रिक्त पदों की राज्य शासन द्वारा पदपूर्ति की जावेगी? यदि हाँ, तो कब तक? पदवार पृथक-पृथक जानकारी अवगत करावें। (ख) जिला चिकित्सालय श्योपुर में वर्ष 2019-20 से 2021-22 तक कितने डॉक्टरों का स्थानान्तरण अन्य जिलों में किया है तथा रिक्त हुये डॉक्टरों के पदों पर कितनी नवीन पदस्थापना की गयी है? यदि नहीं, तो कब तक पदस्थापना कर दी जावेगी?

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट अनुसार है। विषय विशेषज्ञ के पदों को भरने हेतु सीधी भर्ती एवं चयन द्वारा भरने की कार्य योजना प्रचलित है। चिकित्सकों की उपलब्धता के आधार पर पदों पर नियुक्ति की कार्यवाही की जाती है। पैरामेडिकल स्टाफ के पदों पर पूर्ति की कार्यवाही प्रोफेशनल एग्जामिनेशन बोर्ड के माध्यम से की जाती है। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन म.प्र. द्वारा समय-समय पर संविदा पदों पर नियुक्ति की कार्यवाही की जाती है। समय-सीमा बताई जाना संभव नहीं है। (ख) जिला चिकित्सालय श्योपुर से वर्ष 2019-20 में 03 चिकित्सक, तथा 2021-22 में 01 चिकित्सक का स्थानांतरण अन्य जिले में किया गया है। जिला चिकित्सालय श्योपुर में वर्ष 2019-20 एवं वर्ष 2021-22 में चिकित्सकों के 06 रिक्त पदों पर नवीन पदस्थापना/स्थानांतरण द्वारा पदस्थापना की गई है। उत्तरांश (क) के अनुक्रम में शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

पुरातत्व महत्व के स्‍थलों का जीर्णोद्धार एवं विकास

[संस्कृति]

17. ( *क्र. 276 ) कुँवर रविन्‍द्र सिंह तोमर भिड़ौसा : क्या पर्यटन मंत्री महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि (क) मध्यप्रदेश के दिमनी एवं अम्बाह विधानसभा क्षेत्रान्‍तर्गत पुरातत्व महत्व के प्राचीन धार्मिक महत्व के कुल कितने मंदिर एवं देव-स्थान, राजस्व विभाग, धार्मिक एवं धर्मस्व विभाग एवं जिला कलेक्टर मुरैना की जानकारी में चिन्हित किए गए हैं? (ख) जिला मुरैना की विधानसभा दिमनी एवं अम्बाह में पुरातत्व महत्व के सैकड़ों वर्ष पुराने मंदिर जिनमें तोमर वंशज की कुलदेवी चिल्लासन माता मंदिर ऐसाह, किसरोली धाम मंदिर, महासुख का पुरा धाम मंदिर, ककनमठ मंदिर, कोलूआ धाम मंदिर, जूझकी आश्रम थरा मंदिर, महुआदेव मंदिर, नागाजी धाम मंदिर पोरसा, माता बसैया मंदिर‍ स्थित है? उक्त मंदिर एवं धार्मिक स्थल के रख-रखाव संरक्षण, संवर्धन, जीर्णोद्धार एवं पर्यटन क्षेत्र के रूप में विकसित करने की विभाग की क्या योजना है? यदि नहीं, तो क्यों?                                                  (ग) मान. मंत्री महोदय द्वारा प्रश्‍नकर्ता विधायक की अनुशंसा पर पूर्व में वर्ष 2020-21 में आश्‍वासन दिया गया था कि वित्तीय वर्ष 2021-22 में इन मंदिरों के रख-रखाव संरक्षण व संर्वधन हेतु बजट प्रावधान किया जावेगा? क्या उक्त मंदिरों के विकास हेतु बजट में प्रावधान किया गया है? अगर हाँ, तो कितना, नहीं तो क्यों?

पर्यटन मंत्री ( सुश्री उषा ठाकुर ) : (क) मध्‍यप्रदेश के दिमनी एवं अम्‍बाह विधानसभा क्षेत्रान्‍तर्गत पुरातत्‍व महत्‍व का एक मंदिर है तथा धार्मिक महत्‍व के धर्मस्‍व विभाग के कुल 162 मंदिर हैं।                                (ख) जिला मुरैना की विधानसभा दिमनी एवं अम्‍बाह में पुरातत्‍व महत्‍व का ककनमठ मंदिर है, जो भारतीय पुरातत्‍व सर्वेक्षण के अंतर्गत संरक्षित स्‍मारक है, जिसके जीर्णोद्धार एवं पर्यटन क्षेत्र के रूप में विकसित करने की योजना भारतीय पुरातत्‍व विभाग द्वारा बनाई जाती है। शेष मंदिर तोमर वंशज की कुलदेवी चिल्‍लासन माता मंदिर ऐसाह, किसरोली धाम मंदिर, महासुख का पुरा धाम मंदिर, कोलुआ धाम मंदिर, जूझकी आश्रम थरा मंदिर, महुआ देव मंदिर, नागाजी धाम मंदिर पोरसा, माताबसैया मंदिर शासन संधारित मंदिर नहीं है। (ग) जी नहीं। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

जल जीवन मिशन अंतर्गत नल कनेक्‍शन

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

18. ( *क्र. 105 ) श्री रामचन्‍द्र दांगी : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                                     (क) जिला राजगढ़ की विधानसभा क्षेत्र ब्यावरा में जल जीवन मिशन के अंतर्गत कितनी पंचायतों के कितने गांवों के कुल कितने घरों में नल कनेक्शन दिया जाना है? (ख) प्रश्‍न दिनांक तक कितनी पंचायतों के कितने गांवों के कुल कितने घरों में नल कनेक्शन दिया जा चुका है? (ग) उपरोक्त में से कितने गाँव ऐसे हैं, जहां सरकारी पोर्टल में नल कनेक्शन दिया जाना बताया गया है, लेकिन प्रश्‍न दिनांक तक काम अधूरा होने के कारण जल प्रदाय आरम्भ नहीं हुआ है? (घ) उक्त कार्य पूर्ण होने की समय-सीमा क्या थी व कार्य पूर्ण न करने वालों पर क्या कार्यवाही की जाएगी?

मुख्यमंत्री  ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) विधानसभा क्षेत्र ब्‍यावरा की 142 ग्राम पंचायतों के 323 गांवों में कुल 52,679 घरेलू नल कनेक्‍शन दिया जाना प्रावधानित है। (ख) प्रश्‍न दिनांक तक समूह योजना से 92 ग्राम पंचायतों के 216 ग्रामों में से 31916 एवं एकल ग्राम योजना द्वारा 15 पंचायतों के 19 ग्रामों में 4371 नल कनेक्‍शन दिये जा चुके हैं। (ग) लगभग 20 ग्रामों में तकनीकी कारणों से जलप्रदाय बाधित रहा, इन तकनीकी कारणों का अतिशीघ्र सुधार कार्य पूर्ण कर जलप्रदाय अबाधित रूप से सुचारू किया जाना सुनिश्चित किया जा रहा है। (घ) एकल ग्राम योजनाओं में कार्य पूर्ण करने की समय-सीमा कार्यादेश दिनांक से 6 माह से लेकर 9 माह तक की थी एवं                                             बाकपुरा-कुशलपुरा समूह जलप्रदाय योजना हेतु 24 माह पहाड़गढ़ समूह जलप्रदाय योजना हेतु 18 माह एवं मोहनपुरा समूह जलप्रदाय योजना हेतु 24 माह (वर्षाकाल सहित) थी। समय-सीमा में कार्य पूर्ण न करने वाले ठेकेदारों पर अनुबंध में वर्णित नियमानुसार गुणदोष के आधार पर कार्यवाही                               की जायेगी।  

जल जीवन मिशन अंतर्गत घर-घर नल कनेक्शन की जानकारी

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

19. ( *क्र. 267 ) श्री अजय कुमार टंडन : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                          (क) दमोह जिले की विधानसभा क्षेत्र दमोह में जल जीवन मिशन के अंतर्गत कितनी पंचायतों के कितने गांवों के कुल कितने घरों में नल कनेक्शन दिया जाना है? (ख) प्रश्‍न दिनांक तक कितनी पंचायतों के कितने गांवों के कुल कितने घरों में नल कनेक्शन दिया जा चुका है? (ग) उपरोक्त में से कितने गाँव ऐसे हैं, जहां सरकारी पोर्टल में नल कनेक्शन दिया जाना बताया गया है, लेकिन प्रश्‍न दिनांक तक काम अधूरा होने के कारण जल प्रदाय आरम्भ नहीं हुआ है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) 84 पंचायतों के 204 ग्रामों में कुल 47833 घरों में नल कनेक्शन दिया जाना है। (ख) 32 पंचायतों के 48 ग्रामों में कुल 7480 घरों में नल कनेक्शन दिये जा चुके हैं। (ग) ऐसे कोई ग्राम नहीं हैं।

शालाओं एवं आंगनवाड़ी में पेयजल व्‍यवस्‍था

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

20. ( *क्र. 2 ) श्री मनोज चावला : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                                                           (क) प्रश्‍नकर्ता के प्र.क्र. 916, दिनांक 9.03.2022 के बिंदु (ग) में संबंधित अधिकारी द्वारा भ्रमण में जो कमियां पाईं गईं थीं? क्या उन्हें प्रश्‍न दिनांक तक सही कर लिया गया है? यदि हाँ, तो इस संबंध में संबंधित स्कूल, आंगनवाड़ी प्रभारी द्वारा दिए गए पूर्णता प्रमाण पत्र की प्रमाणित छायाप्रति देवें। (ख) प्रश्‍न में कुल 463 स्कूल, आंगनवाड़ी परिसर में पेयजल सुविधा की जानकारी प्रेषित की गई है, बताएं कि इसमें किस-किस स्कूल और आंगनवाड़ी में पेयजल उपलब्धता हेतु कितनी राशि निर्धारित की गई थी? प्रति स्कूल, आंगनवाड़ी के हिसाब से जानकारी देवें। (ग) उल्लेखित प्रश्‍न के संदर्भ में प्रेषित उत्तर में कई स्कूल और आंगनवाड़ी परिसरों में कार्य की स्थिति प्रगतिरत बताई गई थी, बताएं कि क्या सभी स्कूल और आंगनवाड़ी परिसरों में प्रश्‍न दिनांक तक कार्य पूर्ण हो गया है? कार्य पूर्णता के संबंध में संबंधित स्कूल, आंगनवाड़ी प्रभारी द्वारा कार्य पूर्णता/किए गए कार्य के संदर्भ में सहमति/संतुष्टि प्रमाण पत्र की प्रमाणित प्रतिलिपि उपलब्ध कराएं। (घ) उक्त प्रश्‍न अनुसार स्कूल, आंगनवाड़ी परिसरों में से प्रश्‍न दिनांक तक कितने स्कूल, आंगनवाड़ी प्रभारियों द्वारा पेयजल प्राप्त न होने के संबंध में शिकायतें की गईं हैं? उन पर अभी तक क्या कार्यवाही की गई है? (ड.) सभी 463 स्कूल, आंगनवाड़ी परिसर में कितने फिट खनन लक्ष्य था और कितना किया गया, ठेकेदार को किस मान से भुगतान किया गया?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) 175 स्‍कूलों/आंगनवाड़ि‍यों में संबंधित अधिकारियों द्वारा भ्रमण में कमियां पायी गयी थी, इनमें से 93 स्‍कूल/आंगनवाड़ि‍यों में कमियां दूर कर दी गई हैं, जिसके अंतर्गत 73 स्‍कूल/आंगनवाड़ी प्रभारी द्वारा दिये गये कार्य पूर्णता प्रमाण पत्र की छायाप्रतियां पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र 1 अनुसार है, शेष पूर्णता प्रमाण पत्र प्राप्‍त करने की कार्यवाही की जा रही है। (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र 2 अनुसार है।                                                     (ग) उल्‍लेखित प्रश्‍न के संदर्भ में प्रेषित उत्‍तर में कुल 239 स्‍कूल और आंगनवाड़ी परिसरों में कार्य की स्थिति प्रगतिरत बतायी गई थी, जिनमें से कुल 72 कार्य पूर्ण हो चुके हैं, शेष 167 कार्य प्रगतिरत हैं, जानकारी एवं संबंधित स्‍कूल/आंगनवाड़ी प्रभारी द्वारा दिये गये 72 पूर्णता प्रमाण पत्रों की प्रमाणित छायाप्रतियां पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र 3 अनुसार है। (घ) कोई शिकायत प्राप्‍त नहीं हुई है, शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ड.) सभी 463 स्‍कूल/आंगनवाड़ि‍यों में नलकूप खनन का प्रावधान नहीं था, 184 स्‍कूल/आंगनवाड़ि‍यों में 180 मीटर गहरे नलकूप का प्रावधान था, खनित किये गये नलकूपों की जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र 4 अनुसार है, उक्‍त सभी नलकूपों का भुगतान वास्‍तविक गहराई के माप के आधार पर किया गया है।  

विधायक निधि से स्वीकृत कार्य

[योजना, आर्थिक एवं सांख्यिकी]

21. ( *क्र. 300 ) श्री शशांक श्रीकृष्ण भार्गव : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रश्‍नकर्ता द्वारा विदिशा विधानसभा क्षेत्र अन्तर्गत वर्ष 2019-20, 2020-21, 2021-22 एवं 2022-23 में किस-किस ग्राम व शहर में किन-किन विकास कार्यों हेतु राशि स्वीकृत किए जाने की अनुशंसा की गई? अनुशंसा के आधार पर कितने कार्यों की प्रशासकीय स्वीकृति जारी कर, कार्य पूर्ण करा लिए गये हैं, कितने कार्य किस कारण से प्रश्‍न दिनांक तक अपूर्ण हैं और कितने कार्य प्रारंभ नहीं किए गये हैं, की सूची उपलब्ध करावें। (ख) प्रश्‍नांश '''' में अंकित अपूर्ण कार्य किस दिनांक तक पूर्ण करा लिए जायेंगे एवं अप्रारंभ कार्य कब तक प्रारंभ किये जायेंगे? अभी तक कार्य पूर्ण न करने व कार्य प्रारंभ न करने के लिए संबंधित क्रियान्वयन एजेन्सी पर क्या कार्यवाही की जा रही है?                                                                (ग) क्या प्रश्‍नकर्ता के विधानसभा क्षेत्र अन्तर्गत विगत वित्तीय वर्ष की राशि रू. 4316997/- का पुनः आवंटन किया जाना लम्बित है, कब तक राशि आवंटित की जावेगी?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है।                                                    (ख) अपूर्ण कार्यों को पूर्ण कराये जाने की निश्चित तिथि बताया जाना संभव नहीं है। अप्रारंभ कार्यों को प्रारंभ किये जाने के संबंध में क्रियान्‍वयन एजेन्‍सी को निर्देशित किया गया है। कार्यों के अप्रारंभ रहने के संबंध में क्रियान्‍वयन एजेन्‍सी को नोटिस जारी किये गये हैं। (ग) जी हाँ। राशि की मांग प्रथम अनुपूरक में की गई है। राशि प्राप्‍त होने के उपरांत आवंटित करने की कार्यवाही संभव                                                           हो सकेगी।

तरपेड समूह जल प्रदाय योजना

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

22. ( *क्र. 373 ) श्री आलोक चतुर्वेदी : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                                                        (क) क्‍या विधानसभा क्षेत्र छतरपुर अंतर्गत तरपेड समूह नल-जल योजना स्वीकृत कर इस वित्तीय वर्ष में बजट आवंटित किया गया था? (ख) प्रश्‍नांश "क" के अनुक्रम में उक्त योजना के क्रियान्वयन में प्रश्‍न दिनांक तक क्या-क्या कार्यवाही की गई? योजना के पूर्ण होने की तिथि क्या निर्धारित की गई? क्या योजना प्रारंभ नहीं हो सकी? यदि हाँ, तो क्यों? निराकरण कब तक कर योजना का शुभारंभ किया जावेगा?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जी हाँ, योजना के क्रियान्‍वयन हेतु इस वित्‍तीय वर्ष में बजट उपलब्‍ध है। (ख) योजना के क्रियान्‍वयन हेतु निविदा कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। योजना पूर्ण करने हेतु समयावधि 28 माह है। निविदा कार्यवाही प्रक्रियाधीन होने के फलस्‍वरूप अभी योजना के कार्य प्रारंभ नहीं हो सके हैं। निविदा के माध्‍यम से एजेंसी का निर्धारण होने के उपरांत कार्य प्रारंभ किया जा सकेगा। निश्चित समय-सीमा बताना संभव नहीं है।

नल-जल योजनाओं का क्रियान्‍वयन

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

23. ( *क्र. 167 ) श्री बैजनाथ कुशवाह : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                                     (क) मुरैना जिले के विधानसभा क्षेत्र क्रमांक 03 सबलगढ़ में वर्ष 2018 से प्रश्‍न दिनांक तक कितनी जल-नल योजनाएं स्‍वीकृत की गई हैं? वर्षवार ग्राम व ग्राम पंचायत का नाम एवं स्‍वीकृत राशि सहित विवरण देवें। (ख) प्रश्‍नांश (क) के प्रकाश में कितनी नल-जल योजनाएं पूर्ण होकर संचालित हैं व पूर्ण होकर भी संचालित नहीं हैं एवं पूर्ण नल-जल योजनाओं के लिए किन-किन ठेकेदारों को कितना-कितना भुगतान किया गया है? (ग) प्रश्‍नांश (ख) के प्रकाश में अपूर्ण होने का कारण इस हेतु किन-किन दोषी अधिकारी/कर्मचारियों के विरूद्ध प्रश्‍न दिनांक तक क्‍या कार्यवाही की गई? नहीं तो कब तक की जावेगी?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है(ख) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है(ग) योजनाएं प्रगतिरत हैं, समयावधि में पूर्ण न होने पर संबंधित ठेकेदार के विरूद्ध अनुबंध की कंडिकाओं के अनुसार कार्यवाही की जायेगी। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

 

मुख्‍यमंत्री की घोषणाओं का क्रियान्‍वयन

[सामान्य प्रशासन]

24. ( *क्र. 545 ) श्री देवेन्‍द्र सिंह पटेल : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                                          (क) 25 जून, 2022 की स्थिति में रायसेन जिले में मान. मुख्‍यमंत्री जी द्वारा की गई किन-किन घोषणाओं का क्रियान्‍वयन नहीं हुआ तथा क्‍यों? घोषणावार कारण बतायें। (ख) मान. मुख्‍यमंत्री जी द्वारा की गई घोषणाओं का निश्चित समयावधि में क्रियान्‍वयन हो इस हेतु मुख्‍य सचिव तथा प्रमुख सचिव, सामान्‍य प्रशासन विभाग द्वारा कार्यवाही क्‍यों नहीं की गई? (ग) रायसेन जिले में मान. मुख्‍यमंत्री जी द्वारा की गई घोषणाओं के क्रियान्‍वयन हेतु संबंधित विभाग के प्रमुख सचिव द्वारा क्‍या-क्‍या कार्यवाही की गई? पूर्ण विवरण देवें। (घ) रायसेन जिले में मान. मुख्‍यमंत्री जी द्वारा की गई घोषणाओं का क्रियान्‍वयन कब तक होगा तथा किन-किन घोषणाओं का क्रियान्‍वयन नहीं होगा तथा क्‍यों?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है। (ख) घोषणाओं के क्रियान्‍वयन की प्रक्रिया एक सतत् प्रक्रिया है। संबंधित विभाग द्वारा इन पर विभाग में निहित प्रावधानों/प्रक्रिया के तहत त्‍वरित कार्यवाही की जाती है। मुख्‍यमंत्री कार्यालय द्वारा समय-समय पर घोषणाओं के क्रियान्‍वय के संबंध में बैठक आयोजित की जाती है। (ग) जानकारी प्रश्‍नांश (क) में उल्‍लेखित पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है। (घ) घोषणाओं के क्रियान्‍वय की प्रक्रिया एक सतत् प्रक्रिया है। विभाग द्वारा इन पर विभाग में निहित प्रावधानों/प्रक्रिया के तहत त्‍वरित कार्यवाही की जाती है। इनकी पूर्ति हेतु निश्चित समय-सीमा बताई जाना संभव नहीं है।

पर्यटन विकास हेतु स्‍वीकृत राशि का प्रदाय

[पर्यटन]

25. ( *क्र. 693 ) श्री संजय यादव : क्या पर्यटन मंत्री महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि                                                       (क) विभाग द्वारा बरगी विधानसभा क्षेत्र के आदिवासी बाहुल्य क्षेत्र ग्राम जमुनिया में पर्यटन विकसित करने हेतु 199.41 लाख की स्वीकृति की गई थी एवं बजट के अभाव में उक्त स्वीकृत राशि में से 99 लाख की कटौती की गई है? (ख) विभागीय मंत्री/मुख्‍यमंत्री ने सदन में आश्‍वासन दिया था कि बजट आने पर राशि दी जावेगी? यदि हाँ, तो उक्‍त आश्‍वासन पर विभाग द्वारा नवीन बजट 2022 में कोई प्रावधान/निर्णय क्‍यों नहीं लिया गया? इसका दोषी कौन है? (ग) विभागीय प्रमुख सचिव को प्रेषित पत्र क्र. 61/भोपाल/22, दिनांक 21.05.2022 पर विभाग द्वारा प्रश्‍न दिनांक तक कोई कार्यवाही क्‍यों नहीं की गई? यदि कोई कार्यवाही की गई है तो की गई कार्यवाही की समस्‍त नस्‍ती/पत्राचार की प्रति उपलब्‍ध करावें। उक्‍त कटौती की राशि जारी करने हेतु समय-सीमा बताएं। (घ) बरगी विधानसभा क्षेत्र में स्थित ''टेमर फाल'' के विकास हेतु विभाग द्वारा विकास योजना बनाई जाकर राशि 1 करोड़ की स्वीकृति के प्रस्ताव शासन के समक्ष प्रस्तुत किये गये थे? यदि हाँ, तो उक्त पर्यटन स्थल के विकास की राशि का आवंटन विभाग कब तक करेगा? विभाग द्वारा इस संदर्भ में अभी तक की गई कार्यवाही का संपूर्ण विवरण दिया जावे।

पर्यटन मंत्री ( सुश्री उषा ठाकुर ) : (क) जी हाँ। (ख) स्‍वीकृत कार्य की राशि रूपये 199.41 लाख में से राशि रूपये 100.00 लाख तक सीमित कर कार्य को यथास्थिति में पूर्ण किया जा चुका है।                                                  (ग) उत्‍तांश '' अनुसार। शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (घ) टेमर फाल के विकास कार्यों के प्रस्‍ताव शासन स्‍तर पर प्रस्‍तुति में हैं। कार्यों की स्‍वीकृति बजट की उपलब्‍धता एवं प्रस्‍तावित कार्यों के महत्‍व एवं औचित्‍य के आधार पर की जाती है। समय-सीमा बताना संभव नहीं है।

 

 

 

 








भाग-2

नियम 46 (2) के अंतर्गत अतारांकित प्रश्‍नोत्तर के रुप में परिवर्तित तारांकित प्रश्‍नोत्तर

जल-जीवन मिशन योजना

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

1. ( क्र. 15 ) श्री सुशील कुमार तिवारी : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि               (क) क्‍या विधानसभा क्षेत्र पनागर के 123 ग्रामों में नल-जल योजनायें स्‍वीकृत नहीं की गई हैं?             (ख) क्‍या प्रत्‍येक ग्राम में हर घर नल से जल पहुँचाने हेतु योजनायें स्‍वीकृत की गई हैं? (ग) यदि प्रश्‍नांश (क) एवं (ख) का उत्‍तर हाँ है तो क्‍या छूट गए 123 ग्रामों को योजना में शामिल किया जाएगा? (घ) यदि हाँ, तो कब तक?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जल-जीवन मिशन के अंतर्गत विधानसभा क्षेत्र पनागर के 116 ग्रामों के लिये वर्तमान में नल-जल योजनायें स्‍वीकृत नहीं हैं। (ख) जल-जीवन मिशन के अंतर्गत विधानसभा क्षेत्र पनागर के 111 ग्रामों के लिये नल-जल योजनायें स्‍वीकृत की गई हैं।            (ग) विधानसभा क्षेत्र पनागर की जिन 116 ग्रामों की नल-जल योजनायें स्‍वीकृत नहीं की गई हैं, वे 116 ग्राम प्रस्‍तावित पड़वार-पड़रिया एवं जबलपुर समूह जल प्रदाय योजना में सम्मिलित हैं।             (घ) शीघ्र स्‍वीकृति हेतु कार्यवाही की जा रही है, निश्चित समयावधि बताया जाना संभव नहीं है।

आंगनवाड़ी भवनों की स्‍वीकृति

[महिला एवं बाल विकास]

2. ( क्र. 16 ) श्री सुशील कुमार तिवारी : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि             (क) क्‍या पनागर विकासखंड के अंतर्गत 30 एवं नगर पालिका पनागर के अंतर्गत 8 आंगनवाड़ि‍यों के भवन न होने से किराये के असुविधायुक्‍त भवनों में आंगनवाड़ि‍यां संचालित हो रही हैं? (ख) क्‍या इन भवनों के निर्माण हेतु भूमि का चयन किया गया है? (ग) यदि हाँ, तो चयनित भूमि में आंगनवाड़ि‍यों के निर्माण हेतु कार्यवाही की जावेगी? (घ) प्रश्‍नांश (ख) के अंतर्गत यदि भूमि का चयन नहीं किया गया है तो क्‍यों?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) पनागर विकासखण्ड अन्तर्गत नगर पालिका क्षेत्र के 11 आंगनवाड़ी केन्द्र तथा ग्रामीण क्षेत्र के 14 आंगनवाड़ी केन्द्र विभागीय भवन नहीं होने से किराये के भवनों में संचालित हैं। (ख) जी हाँ। किराये के भवनो में संचालित 25 आंगनवाड़ी केन्द्रों में से 7 आंगनवाड़ी केन्द्रों के भवन निर्माण हेतु स्थल का चयन कर लिया गया है। (ग) आंगनवाड़ी भवन निर्माण वित्तीय संसाधनों की उपलब्धता पर निर्भर है। (घ) शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

राज्‍य कर्मचारियों को महंगाई भत्‍ते का प्रदाय

[वित्त]

3. ( क्र. 29 ) श्री पी.सी. शर्मा : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) राज्‍य शासन के कर्मचारियों को 3 प्रतिशत शेष महंगाई भत्‍ता कब तक दिया जावेगा? (ख) राज्‍य शासन के कर्मचारियों को दिया जा रहे महंगाई भत्‍ते का एरियर्स केंद्रीय तिथि से कब तक प्रदाय किया जायेगा? यदि नहीं, तो क्‍यों? (ग) राज्‍य शासन के पेंशनर्स को केन्‍द्र के समान महंगाई राहत कब तक प्रदाय की जावेगी? (घ) राज्‍य शासन के कर्मचारियों को केन्‍द्र के समान गृह भाड़ा भत्‍ता कब तक प्रदाय किया जायेगा और यदि नहीं, तो क्‍यों? (ड.) राज्‍य शासन के कर्मचारियों के वेतन विसंगति, पदोन्‍नति एवं अनुकंपा नियुक्ति के प्रकरणों का निराकरण कब तक किया जायेगा और यदि नहीं, तो कारण सहित बतावें? (च) राज्‍य शासन के निगम मंडल में कार्यरत कर्मचारियों को 7वें वेतनमान का लाभ कब दिया जावेगा? यदि नहीं, तो क्‍यों? (छ) मध्‍यप्रदेश के वर्ष 2004 के बाद नियुक्‍त समस्‍त अधिकारी/कर्मचारियों के लिए ओ.पी.एस. (पुरानी पेंशन) कब तक लागू की जावेगी? यदि नहीं, तो क्‍यों?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) से (घ) राज्‍य शासन अपने वित्‍तीय संसाधनों के आधार पर निर्णय लेता है। (ड.) राज्‍य शासन के कर्मचारियों के वेतन विसंगति के प्रकरणों के निराकरण हेतु कर्मचारी आयोग का गठन किया गया है। सामान्‍य प्रशासन विभाग से प्राप्‍त जानकारी अनुसार पदोन्‍नति के संबंध में माननीय उच्‍चतम न्‍यायालय के निर्णय के परिप्रेक्ष्‍य में मंत्रि समूह का गठन किया गया है। अनुकम्‍पा नियुक्ति के संदर्भ में सामान्‍य प्रशासन विभाग का ज्ञाप दिनांक 29 सितम्‍बर 2014 द्वारा विस्‍तृत दिशा-निर्देश जारी किये गये हैं, जिसके अनुसार उपलब्‍ध रिक्‍त पदों पर समय-सीमा में अनुकंपा नियुक्ति दिये जाने के निर्देश हैं। (च) निगम, मंडल में कार्यरत कर्मचारियों को सातवां वेतनमान का लाभ देने के उद्देश्‍य से वित्‍त विभाग द्वारा परिपत्र क्रमांक एफ 8/2/2017/नियम/चार दिनांक 06.04.2018 जारी किया जा चुका है। (छ) वर्तमान में ओ.पी.एस. (पुरानी पेंशन) योजना लागू करने का कोई प्रस्‍ताव विचाराधीन नहीं है। शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

आयुष्‍मान भारत योजना में पंजीबद्ध निजी चिकित्‍सालय

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

4. ( क्र. 45 ) श्री सज्जन सिंह वर्मा : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) आयुष्‍मान भारत योजना के अंतर्गत भोपाल, ग्‍वालियर, इंदौर एवं जबलपुर शहर के कौन-कौन से निजी चिकित्‍सालय पंजीबद्ध हैं? (ख) वर्ष 2020 से प्रश्‍न दिनांक तक उक्‍त योजनांतर्गत प्रश्‍नांकित शहरों के निजी चिकित्‍सालयों को कितनी-कितनी राशि का प्रदाय भारत शासन मद एवं मध्‍यप्रदेश शासन मद अंतर्गत दिया गया है? (ग) क्‍या प्रश्‍नांकित योजना में फर्जी आयुष्‍मान कार्ड, बगैर इलाज के भुगतान एवं अनियमितता के मामले प्रकाश में आये हैं? यदि हाँ, तो इन मामलों में शासन द्वारा किन-किन चिकित्‍सालयों में क्‍या-क्‍या कार्यवाही की गई है?               (घ) क्‍या माह जून 2022 में मान. मुख्‍यमंत्री जी ने ऐसे मामलों में आपराधिक मामले दर्ज कर जेल भेजने के निर्देश दिये हैं? यदि हाँ, तो प्रश्‍न दिनांक तक किन-किन पर कार्यवाही की गई?

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ग) जी हाँ। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (घ) जी हाँ। वैष्‍णव मल्‍टीस्‍पेशलिटी अस्‍पताल भोपाल एवं गुरु आशीष अस्‍पताल भोपाल पर कार्यवाही की गई है।

मॉड्यूलर ऑपरेशन थियेटर निर्माण में अनियमितताओं की जांच

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

5. ( क्र. 48 ) श्री पाँचीलाल मेड़ा : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अंतर्गत वर्ष 2019 में प्रदेश के कुल 29 जिला चिकित्सालयों में मॉड्यूलर ऑपरेशन थियेटर स्थापित किए जाने हेतु निविदा आमंत्रित कर कार्यादेश लोक निर्माण विभाग द्वारा स्वीकृत निविदा प्रपत्र की शर्त्तों के आधार पर जारी किए गये थे?                (ख) यदि हाँ, तो क्‍या वरिष्‍ठ सलाहकार सिविल एन.एच.एम. द्वारा मॉड्यूलर ऑपरेशन थियेटर द्वारा स्‍वीकृत (अप्रूव्‍हड) किये गये थे? यदि हाँ, तो क्‍या यह नियमानुसार है? यदि नहीं, तो क्‍या इसकी जानकारी आयेगी? (ग) क्‍या लोक स्‍वा. परिवार कल्‍याण विभाग के आदेश क्र. 1283/2021/17 मेडि-1, दिनांक 09.12.2021 का पालन किया जा रहा है? यदि नहीं, तो क्‍यों? (घ) क्‍या जिन निर्माण एजेंसियों द्वारा मॉड्यूलर ऑपरेशन थियेटर का निर्माण किया जा रहा है, वे स्‍वीकृत निविदा प्रपत्र की शर्तों के अनुरूप नहीं हैं? यदि नहीं, तो क्‍या इन ऑपरेशन थियेटरों की विशेषज्ञों द्वारा तकनीकी जांच कराई गई? यदि जांच कराई गई तो किन-किन से कब कराई गई? यदि नहीं, कराई गई तो क्‍यों तथा कब तक जांच कराई जायेगी?

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) जी नहीं, केवल 21 जिला चिकित्सालयों हेतु मॉड्यूलर ऑपरेशन थियेटर स्थापित के लिये निविदायें आमंत्रित कर कार्यादेश जारी किये गये थे। (ख) जी नहीं। राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत गठित समिति द्वारा मॉड्यूलर ऑपरेशन थियेटर निविदाओं की स्वीकृति की अनुशंसा पर मिशन संचालक, राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन द्वारा नियमानुसार स्वीकृति प्रदान की गई थी। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ग) जी हाँ। संदर्भित आदेश दिनांक 09/12/2021 का नहीं, अपितु, दिनांक 29.12.2021 को जारी हुआ है जिसका पालन किया जा रहा है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (घ) निर्माण कार्य स्वीकृत निविदा प्रपत्र की शर्तों के अनुरूप है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

आंगनवाड़ी केन्‍द्रों हेतु आवंटित बजट

[महिला एवं बाल विकास]

6. ( क्र. 49 ) श्री पाँचीलाल मेड़ा : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) वर्ष 2022 की इंटीग्रेटेड चाइल्‍ड डेवलपमेंट रिपोर्ट के अनुसार प्रदेश की आंगनवाड़ी केन्‍द्रों के संबंध में क्‍या अपडेट सामने आया था? उक्‍त रिपोर्ट की विस्‍तृत जानकारी दें। (ख) वर्ष 2019-20, 2020-21 एवं 2021-22 में प्रदेश की आंगनवाड़ी केन्‍द्रों के लिये कितनी-कितनी राशि के बजट का प्रावधान किया गया था एवं केन्‍द्र सरकार से इस अवधि में कितनी-कितनी राशि प्राप्‍त हुई है? (ग) उपरोक्‍त प्रश्‍नांश अनुसार राज्‍य के बजट एवं केन्‍द्र से प्राप्‍त राशि के बावजूद प्रदेश में संचालित आंगनवाड़ी केन्‍द्रों में शौचालय, पीने का पानी, बिजली कनेक्‍शन, फर्नीचर, खेल-खिलौने एवं बर्तन आदि की व्‍यवस्‍था नहीं है? इसके क्‍या कारण हैं? आंगनवाड़ी केन्‍द्रों की दुर्दशा के लिये कौन उत्‍तरदायी है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) प्रश्‍नांश में उल्लेखित रिपोर्ट विभाग को प्राप्त नहीं, शेष का प्रश्‍न नहीं। (ख) आंगनवाड़ी सेवा योजनान्तर्गत वर्ष 2019-20, 2020-21 एवं 2021-22 में प्रदेश की आंगनवाड़ी केन्द्रों के लिये राशि के बजट प्रावधान की जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट '' अनुसार एवं केन्द्र सरकार से इस अवधि में प्राप्त राशि की जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट '' अनुसार। (ग) उपलब्ध वित्तीय संसाधनों के अनुसार आंगनवाड़ी केन्द्रों में आवश्‍यक सुविधाएं उपलब्ध कराई गई है। शेष का प्रश्‍न नहीं।

परिशिष्ट - "चार"

जबलपुर जिले में संचालित आंगनवाड़ी केन्द्र

[महिला एवं बाल विकास]

7. ( क्र. 63 ) श्री लखन घनघोरिया : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) जिला जबलपुर में शहरी एवं ग्रामीण क्षेत्रों में कितने-कितने आंगनवाड़ी केन्द्र संचालित है। कितने-कितने आंगनवाड़ी केन्द्र स्वयं के भवनों, किराये के भवनों में संचालित हैं? भवनों के किराये पर कितनी राशि व्यय हुई? वर्ष 2019-20 से 2022-23 तक की माहवार जानकारी दें? (ख) पूर्व विधानसभा क्षेत्र जबलपुर में संचालित कितने आंगनवाड़ी केन्द्रों में बच्चों को खेलने के लिये खुला खेल मैदान, मनोरंजन के साधन, शुद्ध पेय जल की व्यवस्था व अन्य बुनियादी सुविधाएँ व वजन नापने की मशीन नहीं हैं एवं क्यों? (ग) पूर्व विधानसभा क्षेत्र जबलपुर में कितने आंगनवाड़ी केन्द्रों का निर्माण कितनी राशि में कराया हैं। कितने केन्द्रों के भवनों का निर्माण कराना स्वीकृत व प्रस्तावित है। इसके लिये कितनी राशि का प्रावधान किया गया है? कितने स्वीकृत भवनों का निर्माण कब से नहीं कराया गया एवं क्यों? इनके लिये कब कितनी राशि स्वीकृत की गई है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जिला जबलपुर अंतर्गत 833 शहरी एवं 1650 ग्रामीण क्षेत्रों में आंगनवाड़ी केन्द्र संचालित है। 910 आंगनवाड़ी केन्द्र स्वयं के भवन में 798 आंगनवाड़ी केन्द्र किराये के भवनों में संचालित है। जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट  अनुसार है। (ख) जबलपुर जिले की विधानसभा क्षेत्र पूर्व अन्तर्गत कुल 181 आंगनवाड़ी केन्द्रों में से 166 आंगनवाड़ी में बच्चों के खेलने हेतु खुला मैदान नहीं है। इन केन्द्रों में बच्चों के मनोरंजन के साधन, शुद्ध पेयजल की व्‍यवस्‍था व अन्य बुनियादी सुविधायें व वज़न नापने की मशीनें उपलब्ध है। (ग) जबलपुर जिले की विधानसभा क्षेत्र पूर्व अन्तर्गत वर्तमान में एक भी आंगनवाड़ी केन्द्र का निर्माण नहीं कराया गया है। किन्तु 02 आंगनवाड़ी भवन का निर्माण कार्य कराया जाना स्वीकृत एवं प्रस्तावित है। जिसकी राशि प्रति आंगनवाड़ी केन्द्र राशि 7.80 लाख के मान से स्वीकृत है। यह भवन वर्ष 2017-18 में स्वीकृत हुये है।

परिशिष्ट - "पांच"

लाड़ली लक्ष्मी योजना से लाभान्वित बालिकाएं

[महिला एवं बाल विकास]

8. ( क्र. 66 ) श्री लखन घनघोरिया : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि            (क) महिला एवं बाल विकास विभाग जिला जबलपुर को राज्य एवं केन्द्रीय शासन प्रवर्तित बालिकाओं एवं महिलाओं के सशक्तीकरण, कल्याण स्वरोजगार, शिक्षा व स्वास्थ्य सम्बंधी संचालित किन-किन योजनाओं में कितनी-किनती राशि आंवटित की गई एवं कितनी-कितनी राशि व्यय हुई? कितनी राशि का उपयोग नहीं किया गया एवं क्यों? वर्ष 2019-20 से 2022-23 तक की जानकारी दें। (ख) प्रश्‍नांकित किन-किन योजनाओं में कितनी-कितनी बालिकाएं एवं महिलाएं लाभान्वित हुई? लाड़ली लक्ष्मी योजना में पंजीकृत कितने प्रकरणों में बालिकाओं के खाते में छात्रवृत्ति की            कितनी-कितनी राशि जमा की गई एवं कितने खातों में कितनी राशि जमा नहीं की गई एवं क्यों? परियोजनावार जानकारी दें। (ग) लाड़ली लक्ष्मी योजना में कितनी बालिकाओं की आयु 21 वर्ष पूर्ण होने पर एक मुश्‍त एक लाख राशि का भुगतान किया गया? नये स्वरूप के अतर्गत अध्ययनरत् कितनी बालिकाओं के खाते में कक्षा 12वीं के बाद आगे की पढ़ाई हेतु किस मान से कितनी राशि जमा की गई एवं कितनी राशि जमा नहीं की है एवं क्यों? वर्ष 2021-22 से 2022-23 की जानकारी दें।

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी संलग्न परिशिष्ट-'''' पर है। (ख) प्रश्‍नांकित योजनाओं में लाभान्वित बालिकाओं एवं महिलाओं की जानकारी संलग्न परिशिष्ट '''' पर है। लाड़ली लक्ष्मी योजना में पंजीकृत प्रकरणों में पात्रतानुसार सभी बालिकाओं के खाते में छात्रवृत्ति की जमा की गई राशि की जानकारी परियोजनावार  संलग्न परिशिष्ट '''' पर है। कोई भी राशि जमा करने हेतु शेष नहीं है। (ग) लाड़ली लक्ष्मी योजना में आज दिनांक तक किसी भी बालिका की आयु 21 वर्ष पूर्ण नहीं होने से एक मुश्त एक लाख राशि का भुगतान नहीं किया गया है। महाविद्यालयों में प्रवेश की प्रक्रिया पूर्ण होने पर नये स्वरूप के अर्न्तगत लाभ दिया जायेगा। नया स्वरूप वर्ष  2022-23 से लागू होने से शेष जानकारी निरंक है।

परिशिष्ट - "छ:"

आंगनवाड़ी में सहायकों एवं कार्यकर्ताओं को ग्रेज्‍युटी का लाभ

[महिला एवं बाल विकास]

9. ( क्र. 73 ) श्रीमती कल्पना वर्मा [ श्री रामचन्‍द्र दांगी, श्री मुकेश रावत (पटेल) ] : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या सर्वोच्‍च न्‍यायालय द्वारा आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और आंगनवाड़ी सहायकों को भी ग्रेज्‍युटी का हकदार माना गया है? (ख) यदि हाँ, तो क्‍या प्रदेश के आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और आंगनवाड़ी सहायकों को भी ग्रेज्‍युटी भुगतान अधिनियम 1972 के अंतर्गत ग्रेज्‍युटी का भुगतान किया जा रहा है? (ग) यदि नहीं, तो क्‍या सरकार प्रदेश के आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और आंगनवाड़ी सहायकों को भी ग्रेज्‍युटी का लाभ देने पर विचार करेगी?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) माननीय सर्वोच्च न्यायालय द्वारा आंगनवाड़ी कार्यकर्ता और आंगनवाड़ी सहायिका को भी ग्रेज्‍युटी के सम्बन्ध में पारित आदेश सिविल अपील क्रमांक (एस) 30193/2017 गुजरात राज्य से सम्बन्धित है। (ख) आंगनवाड़ी सेवा योजना केन्द्र प्रवर्तित योजना है जिसका क्रियान्वयन भारत सरकार के द्वारा जारी दिशा निर्देशों के अनुरुप किया जाता है। योजना के क्रियान्वयन के सम्बन्ध में निर्णय भारत सरकार द्वारा लिया जाता है। राज्य स्तर से कार्यवाही अपेक्षित नहीं है। (ग) उत्तर '''' के परिप्रेक्ष्य में राज्य स्तर से कार्यवाही अपेक्षित नहीं।

बड़वानी जिले में कार्यरत एन.जी.ओ.

[योजना,आर्थिक एवं सांख्यिकी]

10. ( क्र. 82 ) श्री ग्‍यारसी लाल रावत : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि             (क) बड़वानी जिले में कितने एन.जी.ओ. कार्यरत/संचालित हैं? एन.जी.ओ. मुख्‍यालय कहाँ-कहाँ हैं? सूची उपलब्‍ध करावें। (ख) शासन स्‍तर से कितने एन.जी.ओ. को कौन-कौन से कार्य दिये गये हैं एवं किस एन.जी.ओ. को कितनी-कितनी राशि प्रदान की गई? कार्य एवं राशि की जानकारी उपलब्‍ध करायें। (ग) शासन स्‍तर से कितने एन.जी.ओ. को बड़वानी जिले में ब्‍लैक लिस्‍ट किया गया है? क्‍या कोई एन.जी.ओ. पर वसूली बाकी हैं या वसूली की गई हो, तो जानकारी प्रदाय करें।

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) से (ग) जानकारी एकत्रित की जा रही है।

माँ बड़ी बिजासन मंदिर ट्रस्‍ट की आमसभा

[धार्मिक न्‍यास और धर्मस्‍व]

11. ( क्र. 84 ) श्री ग्‍यारसी लाल रावत : क्या पर्यटन मंत्री महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि                    (क) क्‍या बड़वानी जिले के सेंधवा विधानसभा की ग्राम पंचायत बख्‍तरिया स्थित माँ बड़ी बिजासन माता मंदिर समिति का गठन सन् 1997 में किया गया? सन् 2011 से लेकर प्रश्‍न दिनांक तक प्रतिवर्ष की गई आमसभा या वार्षिक साधारण सभा की बैठक की कार्यवाही की जानकारी उपलब्‍ध करायें। (ख) माँ बड़ी बिजासन सेवा समिति द्वारा ट्रस्‍ट का गठन किया गया ट्रस्‍ट की डीड की जानकारी तथा समिति/ट्रस्‍ट की वर्ष 2011-12 से लेकर वर्ष 2021-22 तक की ऑडिट रिपोर्ट की प्रति उपलब्‍ध करायें। (ग) क्‍या जिला कलेक्‍टर बड़वानी द्वारा माँ बड़ी बिजासन मंदिर पारमार्थिक ट्रस्‍ट को आधिपत्‍य में लेकर ट्रस्‍ट का पुन: गठन किया गया। पुन: गठन ट्रस्‍ट के पंजीयन एवं नवगठित सदस्‍यों की सूची एवं अस्‍थाई समिति के सदस्‍यों की सूची उपलब्‍ध कराएं तथा अस्‍थाई समिति का गठन किस आधार पर किया गया है? नियम की प्रति प्रदाय करें।

पर्यटन मंत्री ( सुश्री उषा ठाकुर ) : (क) जी हाँ। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट '''' अनुसार है। (ख) जी हाँ। सन् 2018 से 2021 तक की ऑडिट रिपोर्ट की जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट-ब अनुसार है। शेष सन् 2011 से 2017 तक की ऑडिट रिपोर्ट के संबंध में तात्‍कालिक ट्रस्‍टीगण द्वारा उपलब्‍ध नहीं होना बताया गया है। उक्‍त वर्षों की बैलेंस शीट उपलब्‍ध है। (ग) जी हाँ। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट '''' अनुसार है। अस्‍थायी समिति का गठन नहीं होने से शेष प्रश्‍न उद्भूत नहीं होता है।

बड़वानी जिले में वृत्तिकर एवं टीन नम्‍बर की जानकारी

[वाणिज्यिक कर]

12. ( क्र. 85 ) श्री ग्‍यारसी लाल रावत : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                    (क) बड़वानी जिले में वर्ष 2015 से लेकर प्रश्‍न दिनांक तक विभाग द्वारा कितनी निजी फर्मों, व्‍यवसायिक संस्‍थानों, शैक्षणिक संस्‍थानों, वित्‍तीय संस्‍थानों को वृत्तिकर के अंतर्गत टीन नंबर जारी किए गए, जारी किए टीन नंबरों की सूची, नाम एवं टीन नंबर सहित बतावें? (ख) बड़वानी जिले में वर्ष 2015 से लेकर प्रश्‍न दिनांक तक विभाग द्वारा कितनी निजी फर्मों, व्‍यवसायिक संस्‍थानों, शैक्षणिक संस्‍थानों, वित्‍तीय संस्‍थानों को वृत्तिकर के अंतर्गत टीन नंबर जिस वर्ष से अलॉट किए गए, उनसे वर्ष 2015-16 से लेकर 2021-22 तक कितनी राशि वृत्तिकर के अंतर्गत वसूल की गई(ग) बड़वानी जिले के अंतर्गत वर्ष 2015 से लेकर प्रश्‍न दिनांक तक विभाग द्वारा कितनी निजी फर्मों, व्‍यवसायिक संस्‍थानों, शैक्षणिक संस्‍थानों, वित्‍तीय संस्‍थानों ने वृत्तिकर की राशि जमा नहीं की गई तथा विभाग द्वारा वसूली के लिये क्‍या-क्‍या कार्यवाही की गई?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) बड़वानी जिले में वर्ष 2015 से लेकर प्रश्‍न दिनांक 05.07.2022 तक विभाग द्वारा निजी फर्मों, व्यवसायिक संस्थानों, शैक्षणिक संस्थानों, वित्तीय संस्थानों को वृत्तिकर के अंतर्गत जारी किए टिन नंबरों की संख्या निम्नानुसार है एवं सूची  पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट अनुसार है।

वर्ष

निजी फर्म

व्‍यवसायिक संस्‍थान

शैक्षणिक संस्‍थान

वित्‍तीय संस्‍थान

योग

2015-16

37

04

00

66

107

2016-17

66

01

00

32

99

2017-18

138

00

00

03

141

2018-19

122

07

05

27

161

2019-20

35

00

00

32

67

2020-21

130

03

00

01

134

2021-22

238

02

00

07

247

2022-23

07

01

00

00

08

योग

773

18

5

168

964

(ख) बड़वानी जिले में वर्ष 2015 से लेकर प्रश्‍न दिनांक तक विभाग द्वारा निजी फर्मों, व्‍यवसायिक संस्‍थानों, शैक्षणिक संस्‍थानों, वित्‍तीय संस्‍थानों को वृत्तिकर के अंतर्गत टीन नंबर जिस वर्ष से अलॉट किए गए, उनसे वर्ष 2015-16 से लेकर 2021-22 तक वृत्तिकर के अंतर्गत वसूल राशि की जानकारी निम्‍नानुसार हैं :-

वर्ष

निजी फर्मों की संख्‍या

निजी फर्मों द्वारा जमा राशि

व्‍यवसायिक संस्‍थानों की संख्‍या

व्‍यवसायिक संस्‍थानों द्वारा जमा राशि

शैक्षणिक संस्‍थानों की संख्‍या

शैक्षणिक संस्‍थानों द्वारा जमा राशि

वित्‍तीय संस्‍थानों की संख्‍या

वित्‍तीय संस्‍थानों द्वारा जमा राशि

योग जमा राशि

2015-16

29

0.72

4

0.10

0

0.00

66

0.52

1.34

2016-17

79

1.97

5

0.12

0

0.00

98

2.45

4.54

2017-18

145

3.62

5

0.12

0

0.00

101

2.52

6.26

2018-19

268

6.70

12

0.30

5

0.22

128

3.25

10.47

2019-20

340

8.50

12

0.30

5

0.15

160

4.00

12.95

2020-21

469

11.72

15

0.37

5

0.21

161

4.02

16.32

2021-22

488

12.20

17

0.42

5

0.21

168

4.20

16.82

(ग) बड़वानी जिले के अंतर्गत वर्ष 2015 से लेकर प्रश्‍न दिनांक तक वृत्तिकर की राशि जमा नहीं करने वाली निजी फर्मों, व्‍यवसायिक संस्‍थानों, शैक्षणिक संस्‍थानों, वित्‍तीय संस्‍थानों की जानकारी निम्‍नानुसार है :-

वर्ष

निजी फर्म

व्‍यवसायिक संस्‍थान

शैक्षणिक संस्‍थान

वित्‍तीय संस्‍थान

2015-16

8

0

0

0

2016-17

24

0

0

0

2017-18

96

0

0

0

2018-19

95

0

0

0

2019-20

58

0

0

0

2020-21

59

0

0

0

2021-22

270

0

0

0

2022-23

735

18

5

168

जिन निजी फर्मों, व्‍यवसायिक संस्‍थानों, शैक्षणिक संस्‍थानों, वित्‍तीय संस्‍थानों द्वारा वृत्तिकर की राशि जमा नहीं की गई है, उन्‍हें विभाग द्वारा बकाया वसूली हेतु सूचना-पत्र जारी किये गये हैं।

ग्रामीण क्षेत्रों में नल-जल योजना

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

13. ( क्र. 114 ) श्री रामचन्‍द्र दांगी : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि               (क) राजगढ़ जिले की ब्यावरा विधानसभा में लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग द्वारा घर-घर नल-जल योजना प्रारंभ करने के उद्देश्य से कुल कितने गांव में उक्त योजना का क्रियान्वयन किया?                     (ख) क्या यह सही है की गांव में पानी की टंकी बनाकर एक बोर के माध्यम से गांव में नल-जल सप्लाई की जा रही है यदि हाँ, तो गांवों में पानी का संकट क्‍यों उभर रहा है क्या इसकी जांच शासन द्वारा करवाई जाएगी? (ग) विभाग द्वारा इन गांवों में कुल कितने नल कनेक्शन किए गए व कितने घरों में पेयजल सुविधा उपलब्ध हो रही है। (घ) क्या विभाग यह मानता है कि एक बोर से पूरे गांव को पर्याप्त पानी मिल सकता है? यदि नहीं, तो क्या शासन के पास इस पर पुनः विचार कर नई कार्ययोजना या अन्य कोई वैकल्पिक व्यवस्था बनाकर पेयजल सप्लाई करवाई जाएगी।

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) विधानसभा ब्‍यावरा के 101 ग्रामों में एकल ग्राम   नल-जल प्रदाय योजनाओं तथा 226 ग्रामों में समूह जल प्रदाय योजना से पेयजल हेतु योजना का क्रियान्‍वयन किया जा रहा है। (ख) जल स्‍त्रोत की आवक क्षमता एवं गांव की जनसंख्‍या के आधार पर योजना बनाई जाती है। वर्तमान में ग्रामों में पानी का संकट नहीं है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ग) एकल ग्राम नल-जल प्रदाय योजनाओं से 20 ग्रामों में 4371 एवं समूह जल प्रदाय योजना से 20841 क्रियाशील घरेलू नल कनेक्‍शन किये गये हैं जिनके माध्‍यम से घरों में पेयजल सुविधा उपलब्‍ध हो रही है। (घ) योजना में रूपां‍कित पेयजल मांग एवं स्‍त्रोत की जल आवक क्षमता के आधार पर नलकूप/नलकूपों का प्रावधान किया जाता है, सफल नलकूप निर्माण होने के पश्‍चात ही योजना का क्रियान्‍वयन कराया जा रहा है, विद्यमान स्‍त्रोत के उपयोगी न रहने की स्थिति में विभाग द्वारा पेयजल व्‍यवस्‍था हेतु उपयुक्‍त स्‍त्रोत के निर्माण के लिये कार्यवाही की जाती है।

वेतन विसंगति के संबंध में

[वित्त]

14. ( क्र. 118 ) श्री रामचन्‍द्र दांगी : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या मध्यप्रदेश शासन वित्त विभाग के आदेश क्रमांक समन्वय/डी/3297/184 दिनांक 14/3/1997 द्वारा सहायक ग्रेड-2 का वेतनमान रूपये 1200- 2040 किया गया था। (ख) क्या पूर्व में यह वेतनमान लेखापाल का था। (ग) क्या सहायक ग्रेड-2 एवं लेखापाल का एक ही वेतनमान एवं पद एक हो गया है यदि हाँ, तो आदेश की प्रतिलिपि उपलब्ध करावें। (घ) प्रश्‍नांश (क) अनुसार उक्त आदेश के जारी होने के बावजूद लेखापाल और सहायक ग्रेड-2 को अलग-अलग क्यों माना जा रहा है क्या दोनों को समान माना जाएगा?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) जी हाँ। म. प्र. शासन, वित्‍त विभाग के परिपत्र क्रमांक 370/109/97/सी/4 भोपाल, दिनांक 04 मार्च, 1997 से स्‍वीकृति जारी की गयी। (ख) जी हाँ। (ग) जी नहीं। म. प्र. शासन, वित्‍त विभाग के परिपत्र दिनांक 19.07.2017 से लेखापाल का वेतनमान 2800 ग्रेड-पे एवं सहायक ग्रेड-2 का वेतनमान 2400 ग्रेड-पे अंतर्गत है। (घ) सहायक ग्रेड-2 और लेखापाल के कर्तव्‍य अलग-अलग रहते हैं एवं विभागीय भर्ती नियमों में दोनों पद पृथक-पृथक स्‍वीकृत हैं। जी नहीं।

आशा कार्यकताओं/पर्यवेक्षकों को वेतन तथा प्रोत्‍साहन राशि का प्रदाय

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

15. ( क्र. 120 ) श्री संजय शुक्ला : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) इन्‍दौर जिले में कितनी आशा कार्यकर्ता/पर्यवेक्षक कार्यरत है? आशा कार्यकर्ताओं को कितना मासिक वेतन निश्चित प्रोत्‍साहन राशि दी जा रही है? प्रोत्‍साहन राशि के भुगतान का क्‍या प्रावधान है क्‍या आशा व पर्यवेक्षकों को काम के बदले आंशिक भुगतान ही किया जा रहा है? शेष राशि क्‍यों नहीं दी जा रही क्‍या उनके द्वारा पूर्ण नहीं दिये जाने की शिकायत की गई? (ख) क्‍या मिशन संचालन एन.एच.एम मध्‍यप्रदेश द्वारा आशा कार्यकर्ता/पर्यवेक्षकों को निश्चित वेतन देने हेतु कोई प्रस्‍ताव राज्‍य सरकार को देने का निर्णय दिया गया? यदि हाँ, तो आशाओं को कितना वेतन व पर्यवेक्षकों को कितना वेतन दिया जायेगा? निश्चित प्रोत्‍साहन राशि के रूप में दिया जायेगी? (ग) क्‍या आशाओं व पर्यवेक्षकों को उनकी मांग अनुसार निश्चित वेतन दिया जायेगा? यदि हाँ, तो कब तक कितना दिया जायेगा? यदि नहीं, तो क्‍यों नहीं दिया जायेगा? (घ) क्‍या आशा/आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं व पर्यवेक्षकों को कोरोना काल के पूर्ण समय अपनी सेवा देने पर प्रोत्‍साहन राशि दी जायेगी? यदि हाँ, तो कब तक व कितनी राशि दी जायेगी? यदि नहीं, तो क्‍यों नहीं दी जायेगी? क्‍या अन्‍य राज्‍यों की तरह ही आशा कार्यकर्ता/पर्यवेक्षकों को निश्‍चित वेतन दिया जायेगा? हाँ तो तो कब तक यदि नहीं, तो क्‍यों?

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) इन्दौर जिले में 1519 शहरी एवं ग्रामीण आशा कार्यकर्ता व 67 आशा पर्यवेक्षक कार्यरत हैं। जी नहीं। आशा प्रोत्साहन राशि आशा द्वारा प्रस्तुत किये गये कार्यों के विवरण के आधार पर शहरी आशाओं को मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी तथा ग्रामीण आशाओं को खंड चिकित्सा अधिकारी के अनुमोदन उपरांत उनके खाते में प्रदान की जाती है। जी नहीं, शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ख) जी, नहीं। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ग) भारत शासन के दिशा निर्देशों के अनुसार आशा एक स्वयंसेवी कार्यकर्ता है जो ग्राम सभा द्वारा चयनित होती है तथा उसे कार्य आधारित प्रोत्साहन राशि दिये जाने का प्रावधान किया गया है। (घ) जी नहीं। कोरोना संबंधी गतिविधियों हेतु भारत शासन के दिशा निर्देशों के अनुसार माह अप्रैल 2020 से मार्च 2022 तक आशा कार्यकर्ताओं को रु 1000/- प्रति माह तथा आशा पर्यवेक्षकों को रु 500/- प्रति माह प्रोत्साहन राशि प्रदान की गई। प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। जी नहीं। भारत शासन के दिशा निर्देशों के अनुसार आशाओं को कार्य आधारित प्रोत्साहन राशि प्रदान की जाती है।

रायसेन जिले में हर घर नल-जल योजना

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

16. ( क्र. 141 ) श्री रामपाल सिंह : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) 25 जून 2022 की स्थिति में रायसेन जिले में जल जीवन मिशन के अंतर्गत स्‍वीकृत किन-किन नल-जल योजनाओं का कार्य कब-कब पूर्ण हुआ तथा उक्‍त नल-जल योजनाओं के माध्‍यम से कितने घरों में नल से जल उपलब्‍ध कराया जा रहा है योजनावार, ग्रामवार जानकारी देवें। (ख) 25 जून 2022 की स्थिति में रायसेन जिले में जल-जीवन मिशन के अंतर्गत स्‍वीकृत किन-किन नल-जल योजनाओं का कार्य अपूर्ण तथा अप्रारंभ है तथा क्‍यों? योजनावार कारण बतायें। उक्‍त कार्य कब तक पूर्ण होगा? (ग) प्रश्‍नांश (क) एवं (ख) में स्‍वीकृत किन-किन नल-जल योजनाओं में स्‍त्रोत असफल हो गये हैं तथा क्‍यों? वैकल्पिक स्‍त्रोत हेतु क्‍या-क्‍या कार्यवाही की जा रही है? (घ) 1 जनवरी 2022 से             25 जून 2022 तक की अवधि में माननीय मंत्री जी तथा विभाग के अधिकारियों को प्रश्‍नकर्ता विधायक के पत्र कब-कब प्राप्‍त हुये तथा उन पर आज दिनांक तक क्‍या-क्‍या कार्यवाही की गई तथा की गई कार्यवाही से अवगत क्‍यों नहीं कराया?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र 2 एवं 3 अनुसार है। (ग) खनित स्‍त्रोत असफल नहीं है, अपितु योजना में रूपांकित पेयजल मांग पूर्ति हेतु पर्याप्‍त नहीं है, अत: आवश्‍यकता अनुसार स्‍त्रोत निर्माण के लिये कार्यवाही की जा रही है (घ) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र 4 एवं 5 अनुसार है।

चिंकी-बोरास बैराज परियोजना

[नर्मदा घाटी विकास]

17. ( क्र. 142 ) श्री रामपाल सिंह : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                    (क) चिंकी-बोरास बैराज संयुक्‍त प‍रियोजना में रायसेन जिले के किन-किन ग्रामों को सम्मिलित किया गया है तथा उक्‍त ग्रामों में कितने हेक्‍टेयर भूमि सिंचित होगी? (ख) चिंकी-बोरास बैराज संयुक्‍त परियोजना का कार्य कब से प्रारंभ होगा तथा निर्माण एजेंसी कौन है? 25 जून 2022 तक की स्थिति में निर्माण एजेंसी को किन-किन कार्यों हेतु कितनी राशि का भुगतान किया गया?                (ग) चिंकी-बोरास बैराज संयुक्‍त परियोजना का कार्य कब तक पूर्ण होगा? (घ) चिंकी-बोरास संयुक्‍त परियोजना में कितनी निजी भूमि प्रभावित होगी तथा संबंधित किसानों को कब तक मुआवजा राशि का भुगतान होगा?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी संलग्‍न  परिशिष्‍ट अनुसार है। इन ग्रामों की कुल 70635 हेक्‍टेयर भूमि में सिंचाई प्रस्‍तावित है। (ख) परियोजना के निर्माण कार्य हेतु मेसर्स आर.व्‍ही.आर.पी.पी.एल.-एन.ई.सी. (जे.व्‍ही.) हैदराबाद तेलंगाना द्वारा दिनांक 20.12.2021 को अनुबंध संपादित कर कार्य प्रारंभ किया गया है। अनुबंध के प्रावधान अनुसार रू. 50.00 करोड़ मोबिलाईजेशन एडवांस के रूप में भुगतान किया गया है। (ग) अनुबंध दिनांक से 72 माह में कार्य पूर्ण किया जाना है। (घ) प्रारंभिक गणना के अनुसार कुल 728 हेक्‍टेयर निजी भूमि प्रभावित होगी। पर्यावरणीय स्‍वीकृति के उपरां‍त भू-अर्जन की कार्यवाही की जायेगी। समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

परिशिष्ट - "सात"

बंद किये गये उप कोषालयों को बहाल किया जाना

[वित्त]

18. ( क्र. 168 ) श्री बैजनाथ कुशवाह : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या मध्‍यप्रदेश में उप कोषालय जो तहसील स्‍तर पर विगत कई वर्षों से कायम थें उन्‍हें समाप्‍त कर दिया गया है। यदि हाँ, तो क्‍यों? (ख) प्रश्‍नांश (क) के प्रकाश में उप कोषालय समाप्‍त किये जाने से अधिकारी/कर्मचारियों के स्‍वत्‍वों के भुगतान जिला कोषालय में जिले का भार होने से विलंब हो रहा है। (ग) प्रश्‍नांश (ख) में उल्‍लेखित उपकोषालयों को पुन: कब तक बहाल कर तहसील मुख्‍यालय पर कायम किया जायेगा। जिससे अधिकारी/कर्मचारियों के भुगतान समय पर संभव हो सकें समय-सीमा बतावें।

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) जी हाँ। सूचना प्रौद्योगिकी में हुई प्रगति एवं कोषालय के सॉफ्टवेयर (IFMIS) के उन्‍नयन के कारण आहरण एवं संवितरण अधिकारी को भौतिक देयक कोषालय में लगाने की आवश्‍यकता नहीं रह गई है। वर्तमान में सामान्‍य परिस्थिति में केवल ऑनलाईन देयक ही स्‍वीकर किए जाते हैं, इसलिए कोषालय/उप कोषालय का स्‍थान गौण है। अत: वर्तमान समय में उप कोषालय की आवश्‍यकता नहीं है। (ख) ऑनलाईन देयक प्राप्‍त करने के कारण स्‍वत्‍वों का भुगतान किये जाने में विलंब नहीं हो रहा है। (ग) उत्‍तरांश (क) एवं (ख) के प्रकाश में शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

जाति प्रमाण पत्र जारी करने के निर्देश

[सामान्य प्रशासन]

19. ( क्र. 196 ) सुश्री हिना लिखीराम कावरे : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) म.प्र.राज्‍य के जाति प्रमाण पत्र के संबंध में म.प्र.शासन सामान्‍य प्रशासन विभाग द्वारा अन्‍य राज्‍यों के जाति प्रमाण पत्र स्‍वीकार न करने के संबंध में कोई परिपत्र/निर्देश जारी किऐ गए हैं? यदि हाँ, तो परिपत्र की छायाप्रति उपलब्‍ध कराएं। (ख) क्‍या यह सही है कि म.प्र. निर्वाचन आयोग द्वारा नगरीय निकाय चुनाव 2022 में आरक्षित सीटों पर प्रत्‍याशियों को म.प्र.राज्‍य का ही जाति प्रमाण पत्र देने की अनिवार्यता की गयी थी? जिसका कारण प्रश्‍नांश (क) में वर्णित विभाग का परिपत्र/निर्देश है? (ग) क्‍या यह सही है कि प्रदेश के विशेषत: उन जिलों में जो कि अन्‍य राज्‍यों की सीमा से लगे जिले हैं में नगरीय निकाय चुनाव में म.प्र.राज्‍य के ही जाति प्रमाण पत्र होने की अनिवार्यता के बाद ऐसी महिलाएं जो विवाह उपरांत म.प्र. में आयी है को जाति प्रमाण पत्र अन्‍य राज्‍यों का होने के कारण आरक्षित सीटों पर चुनाव लड़ने से वंचित रहना पड़ा जबकि उनकी जाति म.प्र. तथा जिन राज्‍यों के उनके पास जाति प्रमाण पत्र है समान आरक्षित वर्ग में आती है।              (घ) क्‍या शासन स्‍थानीय निकाय चुनाव 2022 में अन्‍य राज्‍यों के जाति प्रमाण पत्र को लेकर आयी समस्‍या को ध्‍यान में रखते हुये आगामी चुनावों में ऐसी महिलाओं के चुनाव लड़ने में म.प्र.राज्‍य का ही जाति प्रमाण पत्र होने की अनिवार्यता को समाप्‍त करने संबंधी निर्देश जारी करेगा? यदि उन प्रदेशों में वह जाति उसी आरक्षण वर्ग में आती हो जिस वर्ग में मध्‍यप्रदेश में जाति है।

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट ''एक'' की कंडिका 8.11 अनुसार (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट ''दो'' अनुसार। (ग) एवं (घ) उत्‍तरांश (क) एवं (ख) के प्रकाश में शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

मुख्‍यमंत्री कोरोना योद्धा योजना के लंबित प्रकरणों का निराकरण

[सामान्य प्रशासन]

20. ( क्र. 202 ) श्री तरूण भनोत : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या मध्‍यप्रदेश शासन सामान्‍य प्रशासन विभाग द्वारा आदेश क्रमांक सी-3-12/2013/1/3, भोपाल, दिनांक 28 मई 2021 के द्वारा मुख्‍यमंत्री कोविड-19 अनुकंपा नियुक्ति योजना की कंडिका 4.8 में यह प्रावधान है कि जिन परिवारों को मुख्‍यमंत्री कोरोना योद्धा योजना अंतर्गत 50 लाख रूपये प्राप्‍त करने की पात्रता है (अथवा प्राप्‍त कर लिये हैं) उन्‍हें अनुकंपा नियुक्ति नहीं मिलेगी? (ख) जबलपुर जिले में 50 लाख अथवा अनुकंपा नियुक्ति के कितने प्रकरण आये हैं? यदि हाँ, तो कितने प्रकरणों का निराकरण कर लिया गया है? (ग) क्‍या किसी व्‍यक्ति को नियम अनुसार अनुकंपा नियुक्ति एवं 50 लाख दोनों प्रदाय किये गये हैं? यदि हाँ, तो पूर्ण ब्‍यौरा दिया जावे।

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जी नहीं। (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट अनुसार(ग) जी नहीं। शेषांश प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

भोपाल स्थित काटजू अस्‍पताल में सुविधायें उपलब्‍ध कराया जाना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

21. ( क्र. 226 ) श्री पी.सी. शर्मा : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) भोपाल में स्थित कैलाशनाथ काटजू हॉस्पिटल को पूर्ववत स्थिति में जो कि महिलाओं एवं बच्‍चों के लिए आरक्षित था उसे कब तक पूवर्वत स्थिति में लाया जायेगा यदि नहीं, तो क्‍यों। (ख) कैलाशनाथ काटजू हॉस्पिटल महिलाओं की प्रसूति एवं बच्‍चों के उपचार के लिए कितने चिकि‍त्सक, विशेषज्ञ, नर्सेस एवं पैरामेडिकल व अन्‍य स्‍टॉफ पदस्‍थ किये जाने का प्रावधान है यदि नहीं, तो क्‍यों कारण सहित बतावें। (ग) कैलाशनाथ काटजू हॉस्पिटल में प्रश्‍न दिनांक तक कितना स्‍टॉफ पदस्‍थ है एवं किस-किस तरह की चिकित्‍सा सुविधा उपलब्‍ध है? (घ) क्‍या काटजू हॉस्पिटल में आर्थोपेंडिक्‍स डाक्‍टरों और चिकित्‍सा की व्‍यवस्‍था है यदि नहीं, तो कब तक की जायेगी?

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) प्रसूती एवं बच्चों का सुपर स्पेशलिटी हॉस्पिटल बनाये जाने की योजना है। जिस पर कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। (ख) वर्तमान में स्वीकृत पदों का विवरण  जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। कार्ययोजना के अनुसार कार्यवाही हेतु सिविल सर्जन सह मुख्य अस्पताल अधीक्षक जयप्रकाश अस्पताल भोपाल को प्रसूती एवं बच्चों व अन्य आवश्यक सुविधाओं के अतिरिक्त अन्य स्वीकृत पदों को जयप्रकाश चिकित्सालय में कार्य करने एवं अन्य आवश्यक चिकित्सकों को जयप्रकाश चिकित्सालय से कैलाशनाथ काटजू में अपनी सेवायें देने की कार्ययोजना प्रक्रियाधीन है।                 (ग) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। ओ.पी.डी. में मरीजों का ईलाज एवं जांचों की सुविधा उपलब्ध है। (घ) जी नहीं। उपरोक्त के परिप्रेक्ष्य में प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

आंगनवाड़ी भवनों का निर्माण एवं नियुक्ति की जानकारी

[महिला एवं बाल विकास]

22. ( क्र. 235 ) श्री राजेश कुमार प्रजापति : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) छतरपुर जिले की चंदला विधानसभा क्षेत्र में वर्ष 2019 से प्रश्‍न दिनांक तक आंगनवाड़ी केन्द्र भवनों का निर्माण कराया गया है। (ख) प्रश्‍नांश () के अनुसार यदि हाँ, तो कहाँ-कहाँ,               कितनी-कितनी लागत के भवन बनवाये गये है। जिनका कार्य पूर्ण/अपूर्ण है ग्रामवार जानकारी उपलब्ध करायें। यदि नहीं, तो कब बनवाये जायेंगे। (ग) विधान सभा क्षेत्र के आंगनवाड़ी केन्द्रों में वर्ष 2019 से प्रश्‍न दिनांक तक सहायिका एवं कार्यकर्ताओं की भर्ती की गयी है। हाँ या नहीं।               (घ) प्रश्‍नांश () अनुसार यदि हाँ, तो किस-किस केन्द्र में किस-किस पद पर भर्ती की गयी है। केन्द्रवार पदनाम सहित जानकारी उपलब्ध करायें?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जी हाँ। (ख) छतरपुर जिले की चंदला विधानसभा क्षेत्रान्तर्गत परियोजना लवकुशनगर एवं गौरीहार में निर्मित आंगनावाड़ी केन्द्रों के भवन के स्थान, लागत एवं पूर्ण/अपूर्ण भवनों की ग्रामवार एवं वर्षवार जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट-'' अनुसार है। आंगनवाड़ी भवनों का निर्माण वित्तीय संसाधनों की उपलब्धता पर निर्भर है। अतः समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है। (ग) जी हाँ। (घ) चंदला विधानसभा क्षेत्रान्तर्गत परियोजना लवकुशनगर एवं गौरीहार आंगनवाड़ी कार्यकर्ता, आंगनवाड़ी सहायिका एवं मिनी कार्यकर्ता की नियुक्ति की केन्द्रवार, पदनाम सहित जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट-'' अनुसार है।

परिशिष्ट - "आठ"

आयुष्मान भारत योजनांतर्गत निजी चिकित्सालयों की अनियमितता

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

23. ( क्र. 245 ) श्री यशपाल सिंह सिसौदिया : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रदेश में "आयुष्मान भारत" योजना प्रारम्भ होने से अब तक किस-किस निजी चिकित्सालय के खिलाफ मरीजों से रूपये लेना फिर उसी नाम से फर्जी बिल बनाकर सरकार से रूपये लेना, मरीज को भर्ती किये बिना भर्ती चार्ज जोड़ना, जिन मरीजों को ICU की आवश्यकता नहीं उन्हें जबरन बिस्तर पर लेटाये रखना, महंगी दवा गोली लिखकर बिल बढ़ाना, मरीजों के अस्पताल पहुंचे बिना उनके कार्ड हथियाकर रूपये निकाल लेना जैसी कितनी शिकायत विभाग को कहाँ-कहाँ प्राप्त हुई? विभाग द्वारा उन पर क्या कार्यवाही की गयी? (ख) प्रदेश में कितने कौन-कौन से चिकित्सालयों को आयुष्मान भारत योजना अंतर्गत इलाज/केशलेस करने की अनुमति दी है उनकी सूची उपलब्ध कराये? (ग) प्रश्नांश '''' संदर्भित प्रदेश में जिन निजी चिकित्सालयों के खिलाफ शिकायत प्राप्त हुई है उनमें कितने दोषी चिकित्सालयों के रजिस्ट्रेशन निरस्त कर उनके मालिकों के खिलाफ FIR दर्ज की गयी है उनकी सूची उपलब्ध कराये?

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ग) प्रश्‍नांश '''' के संदर्भ में 02 चिकित्‍सालयों के विरुद्ध एफ.आई.आर. दर्ज की गई एवं               01 निजी चिकित्‍सालय का पंजीयन निरस्‍त किया गया है। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है।

प्रदेश में बेनाम शिकायतों की जांच

[सामान्य प्रशासन]

24. ( क्र. 250 ) श्री यशपाल सिंह सिसौदिया : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) मंदसौर, रतलाम जिले के विभिन्न विभागों में 1 जनवरी 2018 के पश्चात कितनी बेनाम शिकायतें किस-किस के खिलाफ विभाग को प्राप्त हुई, विभाग द्वारा उन पर क्या कार्यवाही की गयी है? (ख) क्या यह सही है की शासन द्वारा स्पष्ट निर्देशों के बावजूद भी विभाग बेनाम शिकायतों की जांच कर रहे है और जांच के नाम अधिकारियों/कर्मचारियों को परेशान कर रहे है? यदि हाँ, तो किस नियमों के तहत जांच की जाती है? सामान्य प्रशासन द्वारा बेनाम शिकायतों के सम्बन्ध में जारी नियमों की प्रतिलिपि देवें? (ग) 1 जनवरी 2020 के पश्चात मंदसौर रतलाम जिलों में विभिन्न विभागों में कुल कितनी शिकायतें किस-किस विभाग को प्राप्त हुई, इनमें कितनी शिकायत              किस-किस के खिलाफ किस-किस व्यक्ति ने कहाँ-कहाँ की तथा कितनी शिकायतें बेनाम बैगर मोबाइल नं. की प्राप्त हुई, उन पर विभाग द्वारा क्या कार्यवाही की गयी?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) से  (ग) जानकारी एकत्रित की जा रही है।

जल-जीवन मिशन की प्रगति

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

25. ( क्र. 253 ) श्री दिव्‍यराज सिंह : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                 (क) सिरमौर विधानसभा क्षेत्रान्तर्गत जनपद पंचायत जवा, जनपद पंचायत सिरमौर एवं जनपद पंचायत गंगेव की कुल कितनी ग्राम पंचायतों में जल-जीवन मिशन के तहत पेयजल प्रदाय किया जाना प्रारंभ हो चुका है? कुल कितनी ग्राम पंचायतों में कार्य लंबित है तथा कुल कितनी ग्राम पंचायतों में कार्य प्रस्तावित है? पंचायतवार विवरण उपलब्ध करावें। (ख) प्रश्‍नांश (क) के अनुक्रम में विभाग के द्वारा उक्त जनपद पंचायतों में जल जीवन मिशन के तहत पेयजल उपलब्ध कराने हेतु क्या समय-सीमा निर्धारित की गई है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी संलग्‍न  परिशिष्‍ट अनुसार है।                (ख) जानकारी संलग्‍न  परिशिष्‍ट अनुसार है, जल-जीवन मिशन के अंतर्गत वर्ष 2024 तक पेयजल उपलब्‍ध कराया जाना प्रावधानित है।

परिशिष्ट - "नौ"

प्रदेश की दो डिसलरीज द्वारा की गयी जालसाजी पर कार्यवाही

[वाणिज्यिक कर]

26. ( क्र. 286 ) श्री विनय सक्सेना : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या यह सही है कि असम राज्य से जुलाई 2021 में मिले अलर्ट नोटिस में कतिपय डिसलरीज द्वारा ईएनए का फर्जी आवंटन पत्र बनाकर, जालसाजी किये जाने का मामला संज्ञान में आया था?                    (ख) यदि हाँ, तो क्या यह सही है कि म.प्र. प्रदेश की दो डिसलरीज के नाम भी उक्त प्रकरण में सामने आये है? (ग) प्रश्‍नांश (ख) के अनुक्रम में म.प्र. में उक्त मामले में किन-किन की संलिप्तता सामने आई है तथा उन के विरुद्ध क्या क्या कार्यवाही की गयी हैं? (घ) उक्त प्रकरण के संबंध में विभाग को प्राप्त शिकायतें तथा उन पर की गयी कार्यवाही का ब्यौरा मय अभिलेख उपलब्‍ध करावें।

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) असम राज्‍य के आबकारी आयुक्‍त के पत्र क्र. 21/2018-19/452 दिनांक 02.07.2021 जो कि एक शिकायत के सह प्राप्‍त हुआ था, जिसमें किसी संदिग्‍ध द्वारा जारी अनापत्ति प्रमाण पत्र तैयार कर अन्‍य राज्‍यों से उनके राज्‍य में ई.एन.ए. आयात किया जाना सूचित किया गया है। (ख) प्रश्‍नांश (क) के संदर्भ में सूचित पत्र अनुसार म.प्र. की दो डिस्‍टलरीज के नाम भी उल्‍लेखित है जो निम्‍नानुसार है:- 1. मेसर्स डीसीआर डिस्‍टलरी प्रा.लि. सागर, 2. मेसर्स ग्‍वालियर डिस्‍टलरीज प्रा. लि. भिण्‍ड (ग) प्रश्‍नांश () के अनुक्रम में अद्यतन स्थिति में प्रश्‍नांतर्गत जानकारी निरंक है। (घ) प्रश्‍नांश () के संदर्भ में आबकारी आयुक्‍त कार्यालय को प्राप्‍त शिकायत में उपायुक्‍त आबकारी संभागीय उड़नदस्‍ता सागर एवं ग्‍वालियर से जांच प्रतिवेदन चाहे गये थे। प्राप्‍त शिकायत की छायाप्रति  पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट-एक अनुसार है तथा जांच प्रतिवेदनों की छायाप्रति  पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट-दो अनुसार है

विधायक द्वारा लिखे गये पत्रों पर समुचित कार्यवाही

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

27. ( क्र. 301 ) श्री शशांक श्रीकृष्ण भार्गव : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रश्‍नकर्ता द्वारा जनवरी 2021 से प्रश्‍नांश दिनांक तक किस-किस पत्र क्रमांक व दिनांक से किस-किस विषय पर कार्यपालन यंत्री, लोक स्वास्थ्य एवं यांत्रिकी विभाग विदिशा को पत्र प्रेषित किए गये है। सूचीबद्ध विषयवार जानकारी उपलब्ध करावें। (ख) प्रश्‍नांश () में प्रेषित पत्रों की अभिस्वीकृति सामान्य प्रशासन विभाग के निर्देशानुसार निर्धारित प्रपत्र/परिशिष्ट-एक पर प्रेषित की गई है या नहीं? यदि हाँ, तो अभिस्वीकृति पत्रों की प्रति उपलब्ध करावें। यदि नहीं, तो जिम्मेदार अधिकारी व कर्मचारी के विरूद्ध क्या कार्यवाही की जा रही है, समय-सीमा बताएँ? (ग) प्रश्‍नांश () में प्रेषित पत्रों में किस-किस ग्राम व पंचायत में नवीन हैण्डपंप खनन, नवीन नल-जल योजना स्वीकृत करने, स्वीकृत नल-जल योजना का कार्य धीमी गति से होना, बंद पड़ी नल-जल प्रारंभ करने, नल-जल योजना की पाइप-लाइन बस्ती में डालने, हैण्डपंप का फाउण्डेशन निर्माण, खराब हैण्डपंप का सुधार, नवीन नल-जल योजना का बोर फेल होना आदि से संबंधित प्राप्त हुए सूचीबद्ध जानकारी पृथक-पृथक देवें, प्राप्त पत्र के क्रम में विभाग द्वारा पत्राचार के अतिरिक्त वास्तवित कार्य स्वीकृत हुआ है तो बतावे? यदि नहीं, तो इसके लिए जिम्मेदार कौन है, बतावे? कब तक कार्य की स्वीकृति जारी की जावेगी? यदि नहीं, तो क्यों?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के अनुसार है। (ख) प्रश्‍नांश '''' में प्रेषित पत्रों की अभिस्‍वीकृति कार्यपालन यंत्री द्वारा निर्धारित प्रपत्र में नहीं दी है। निर्धारित प्रपत्र में अभिस्‍वीकृति नहीं दिये जाने के संबंध में कार्यपालन यंत्री, लोक स्‍वा.यां.खंड विदिशा से स्‍पष्‍टीकरण प्राप्‍त किया जा रहा है, स्‍पष्‍टीकरण प्राप्‍त होने पर गुण-दोष के आधार पर कार्यवाही की जाती है, निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है। (ग) प्रेषित पत्रों में वर्णित विभिन्‍न कार्यों की सूचीबद्ध जानकारी पृथक-पृथक एवं प्राप्‍त पत्र के क्रम में विभाग द्वारा पत्राचार के अतिरिक्‍त वास्‍तविक कार्य पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट अनुसार है। शेष प्रश्‍नांश हेतु प्रश्‍न ही उपस्थित नहीं होता है।

माननीय विधायकों/सांसदों की अवमानना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

28. ( क्र. 315 ) श्री मुकेश रावत (पटेल) : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या प्रश्‍नकर्ता द्वारा श्री प्रकाश ढोके मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जिला अलीराजपुर को वर्ष 2019 से प्रश्‍न-दिनांक तक लोक-महत्व के कई विषयों से संबंधित पत्र प्रेषित कर जानकारी चाही गई? यदि हाँ, तो श्री ढोके द्वारा प्रश्‍न-दिनांक तक उक्त पत्रों पर क्या कार्यवाही की गई? किन-किन पत्रों का प्रत्युत्तर प्रश्‍न-दिनांक तक भी श्री ढोके द्वारा प्रश्‍नकर्ता को नहीं दिए गए। प्रति-सहित बताएं। (ख) माननीय विधायकों एवं सांसदों के पत्रों पर कार्यवाही करने, जवाब एवं जानकारी देने के संबंध में लोक-अधिकारियों के लिए क्या-क्या नियम, आदेश, निर्देश प्रचलित है? उक्त नियमों, आदेशों, निर्देशों के उल्लंघन करने, माननीय विधायक-सांसदों के विशेषाधिकारों की अवमानना करने पर लोक-अधिकारियों के विरुद्ध क्या-क्या कार्यवाही किए जाने का प्रावधान/प्रचलन है? प्रति-सहित बताएं। (ग) श्री प्रकाश ढोके द्वारा प्रश्‍नकर्ता के जिन पत्रों पर कोई कार्यवाही/जवाब/प्रति उत्तर नहीं दिया गया क्या उसमें प्रश्‍नांश (ख) के नियमों, आदेशों, निर्देशों का उल्लंघन एवं माननीय विधायक के रूप में प्राप्त विशेषाधिकारों की अवमानना श्री प्रकाश ढोके द्वारा की गई है? यदि हाँ, तो श्री प्रकाश ढोके के विरूद्ध किन-किन नियमों के तहत क्या प्रकरण दर्ज कर कब तक क्या कार्यवाही की जाएगी? समय-सीमा सहित बताएं।

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) जी हाँ। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी द्वारा दिनांक 08.04.2022 को 14 पत्रों की जानकारी एवं दिनांक 04.07.2022 को दो पत्रों की जानकारी प्रेषित की गई जो जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। ऐसे पत्र जिनका जबाव प्रेषित नहीं किया गया है उसका विवरण  जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ख) जनप्रतिनिधियों द्वारा भेजे गये पत्रों का निर्धारित समयावधि में कार्यवाही कर जबाव दिये जाने हेतु, मध्यप्रदेश शासन, सामान्य प्रशासन विभाग, मंत्रालय, वल्लभ भवन, भोपाल के ज्ञाप क्रमांक एफ 19-76/2007/1/4 भोपाल दिनांक 11 दिसंबर 2019 द्वारा जारी निर्देश है। यदि कोई अधिकारी/कर्मचारी इन निर्देशों की अवहेलना करता है तो उनका यह कृत्य उन पर लागू आचरण या सेवा नियमों के अधीन अवचार समझा जायेगा और संबंधित के विरूद्ध अनुशासनात्मक कार्यवाही की जा सकेगी। निर्देश की  जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ग) जी नहीं, शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

जल प्रदाय योजना में अनियमित्ताएं

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

29. ( क्र. 326 ) कुँवर विक्रम सिंह (नातीराजा) : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) राजनगर क्षेत्र अन्तर्गत जल-जीवन मिशन के अंतर्गत कौन-कौन सी पंचायतों के कितने गांवों के कुल कितने घरों में नल कनेक्शन दिया जाना है? ग्रामवार, पंचायतवार जानकारी देवें। (ख) प्रश्‍न दिनांक तक कौन-कौन सी पंचायतों के कौन-कौन से गांवों के कुल कितने घरों में नल कनेक्शन दिया जा चुका है? ग्रामवार जानकारी देवें। (ग) उपरोक्त में से कितने गाँव ऐसे हैं जहां सरकारी पोर्टल में नल कनेक्शन दिया जाना बताया गया है, लेकिन प्रश्‍न दिनांक तक काम अधूरा होने के कारण जल प्रदाय आरम्भ नहीं हुआ है? ग्रामवार जानकारी देवें। (घ) क्या जल-जीवन मिशन अन्तर्गत जल प्रदाय योजनाओं में किये जा रहे निर्माण कार्य के अलावा विभिन्न कार्यों में गुणवत्ता विहीन कार्य किया गया? क्या शासन विधानसभा में चल रहे/पूर्ण हुई योजनाओं की जांच करायेगा? यदि हाँ, तो कब तक नहीं तो क्यों?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) 93 ग्राम पंचायतों के 148 ग्रामों के 46783 घरों में नल कनेक्‍शन दिया जाना है। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है।                (ख) 2274 घरों में नल कनेक्‍शन दिये जा चुके हैं। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के                        प्रपत्र-2 अनुसार है। (ग) ऐसे कोई ग्राम नहीं हैं। (घ) जी नहीं, शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

जनसम्पर्क विभाग द्वारा पंजीकृत समाचार पत्रों को दिये गये विज्ञापन

[जनसंपर्क]

30. ( क्र. 329 ) कुँवर विक्रम सिंह (नातीराजा) : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) पंजीकृत दैनिक हिन्दी समाचार पत्र-पत्रिकाओं को विभाग द्वारा विज्ञापन दिये जाने का प्रावधान हैं। यदि हाँ, तो साईजवार दरें क्या हैं? (ख) क्या यह सही है कि जनसम्पर्क विभाग एक से अधिक बार एक पत्र को कितनी-कितनी राशि के विज्ञापन वर्ष जनवरी 2021 से प्रश्‍नांश दिनांक तक स्वीकृत किये गये हैं? (ग) पंजीकृत दैनिक हिन्दी समाचार पत्र-पत्रिकाओं को जनवरी 2021 से             30 जून तक विज्ञापन कितनी-कितनी राशि के दिये गये है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जी हाँ। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-एक अनुसार है। (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-दो अनुसार है।               (ग) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र- तीन अनुसार है।

आंगनवाड़ी केन्द्रों में प्रदाय सामग्री

[महिला एवं बाल विकास]

31. ( क्र. 330 ) कुँवर विक्रम सिंह (नातीराजा) : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) जिला छतरपुर विधानसभा क्षेत्र राजनगर में किस-किस स्थान पर आंगनवाड़ी केंद्र हैं?                     (ख) वित्तीय वर्ष 2020-21 तथा 2021-22 में अलग-अलग, किस-किस आंगनवाड़ी केंद्र को फर्स्ट एड बॉक्स, मेडिकल किट खिलौने और पठन सामग्री मोबाइल और ग्रोथ मॉनिटरिंग डिवाइस एवम् बच्चे और माँ को तौलने की मशीन, सोलर लाईट और कुर्सी टेबल दिए गये? विवरण देवें? (ग) किस-किस आंगनवाड़ी केंद्र को उपरोक्त सामग्री नहीं दी गई, सामग्री न देने का क्या कारण है और किस तारीख तक दी जायेगी विवरण देवें? (घ) परियोजना कार्यालय में होने वाली बैठकों में आने वाली कार्यकर्ता/सहायकाओं को टी.ए. भत्ता दिये जाने का प्रावधान है यदि हाँ, तो दर बताई जावे। यदि नहीं, तो क्यों? क्या यह सही है कि सेक्टर पर्यवेक्षकों को प्रतिवर्ष टी.ए. दिया जाता है। यदि हाँ, तो प्रत्येक सेक्टर पर्यवेक्षक को प्रश्‍नांश दिनांक तक वर्ष 2021 से कितनी-कितनी राशि का भुगतान किया गया?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जिला छतरपुर अंतर्गत विधानसभा क्षेत्र राजनगर में संचालित आंगनवाड़ी केन्द्रों की स्थानवार जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट '' अनुसार है।   (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट  '' अनुसार है। (ग) जानकारी पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट '' एवं '' अनुसार है। (घ) जी हाँ। आंगनवाड़ी कार्यकर्ता को सहायक ग्रेड-3 कर्मचारी के समान एवं सहायिका/मिनी आंगनवाड़ी कार्यकर्ता को चतुर्थ श्रेणी कर्मचारी के समान यात्रा भत्ता एवं दैनिक भत्ते की पात्रता है। अतः शेष का प्रश्‍न ही नहीं उपस्थित होता। सेक्टर पर्यवेक्षक को वास्तविक यात्रा के आधार पर टी.ए. दिया जाता है। प्रश्‍नांश अवधि में नियम एवं प्रक्रियानुसार दो पर्यवेक्षकों को क्रमश: राशि रू.29,732 तथा 29,144/- कुल राशि रू. 58,876/-का भुगतान किया गया है।

पुलिस कांस्‍टेबल परीक्षा

[सामान्य प्रशासन]

32. ( क्र. 394 ) श्री प्रताप ग्रेवाल : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                  (क) प्रश्‍नकर्ता के प्रश्‍न क्र. 658 दिनांक 8 मार्च 2022 के संदर्भ में बतावे कि किस-किस दिनांक की किस-किस पाली में कितने परीक्षार्थियों हेतु परीक्षा आयोजित की गई थी तथा उस पाली में कितने परीक्षार्थी परीक्षा देने हेतु उपस्थित हुये। (ख) प्रश्‍नांश (क) में उल्लेखित परीक्षा किस एजेन्सी द्वारा करवाई गई, उसके अनुबंध की प्रति देवें तथा बतावें कि प्रति अभ्यर्थी देय राशि क्या थी तथा उसे कितना-कितना भुगतान किस-किस दिनांक को किया गया? कुल कितना भुगतान किया जाना था तथा कितना कर दिया गया व शेष कितना है? (ग) प्रश्‍नकर्ता के प्रश्‍न क्र. 658 दिनांक 8 मार्च 2022 के संदर्भ में पुलिस विभाग द्वारा उनके व्यय की प्रतिपूर्ति हेतु भेजे गए पत्र की प्रति देवें तथा बतावें कि उन्हें कितनी राशि किस दिनांक को दी गई? (घ) प्रश्नाधीन परीक्षा में वर्ग (केटेगरी) अनुसार पद तथा सफल अभ्यर्थी की संख्या बतावें तथा बतावें कि किस-किस पाली की, किस-किस परीक्षा केन्द्र से कितने-कितने अभ्यर्थी सफल हुये?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) पी.सी.आर.टी. 2020 परीक्षा में दिनांकवार, पालीवार परीक्षार्थियों की संख्‍या की जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट-1 अनुसार है। (ख) Eduquity Career Technologies Pvt. Ltd. से परीक्षा कराई गई, अनुबंध की प्रति  पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट-2 अनुसार है, प्रति अभ्‍यर्थी देय राशि ₹188+18% (GST) = ₹221.84 थी। राशि ₹ 28,09,02,941/- का पूर्ण भुगतान दिनांक 27.04.2022 को किया गया एवं कोई राशि भुगतान हेतु शेष नहीं है। (ग) पुलिस विभाग द्वारा उनके व्‍यय की पूर्ति हेतु भेजे गये पत्र की प्रति की जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट-3 अनुसार है। पुलिस विभाग को राशि ₹ 7,65,51,550/- चार भागों में दिनांक 23.06.2022 से 26.06.2022 तक दी गई है। (घ) प्रश्नाधीन परीक्षा में वर्ग (केटेगरी) अनुसार पदों की संख्‍या की जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट-4 अनुसार है। अंतिम परिणाम घोषित नहीं होने से सफल अभ्‍यर्थियों की संख्‍या बताई जाना संभव नहीं है।

शिक्षक भर्ती पात्रता परीक्षा वर्ग-3 में हुई अनियमितता की जांच

[सामान्य प्रशासन]

33. ( क्र. 397 ) श्री प्रताप ग्रेवाल : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                   (क) प्रोफेशनल एग्‍जामिनेशन बोर्ड द्वारा आयोजित शिक्षक भर्ती पात्रता परीक्षा वर्ग-3 प्रश्‍नपत्र के वायरल स्क्रीनशॉट लक्ष्मण सिंह के मोबाइल तक कैसे पहुँचे? (ख) मेप-आई टी द्वारा प्रोफेशनल एग्‍जामिनेशन बोर्ड द्वारा आयोजित शिक्षक भर्ती पात्रता परीक्षा वर्ग-3 प्रश्‍नपत्र के वायरल स्क्रीनशॉट की जाँच उपरांत बनाई गई प्रारंभिक जाँच रिपोर्ट जो अग्रिम कार्यवाही के लिए व्यापम को प्राप्त हुई है की प्रतिलिपि उपलब्ध कराएं। (ग) क्या पेपर लीक मामले में कोई शिकायत प्राप्त हुई है? पेपर लीक करने वालों के विरुद्ध शिकायत पर आज दिनांक तक FIR क्यों नहीं करवाई गई?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) प्रश्‍नांश के संबंध में प्रोफेशनल एग्‍जामिनेशन बोर्ड द्वारा मैप-आईटी से रिपोर्ट चाही गई है। (ख) जी हाँ, प्रारंभिक जांच रिपोर्ट की प्रतिलिपि  पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट अनुसार है। (ग) जी हाँ। मैप-आईटी से प्राप्‍त रिपोर्ट के परीक्षण की कार्यवाही प्रक्रियाधीन होने से पेपर लीक करने वालों के विरूद्ध एफ.आई.आर. दर्ज नहीं कराई गई है।

जावर सिंहाड़ा उद्वहन सिंचाई परियोजना

[नर्मदा घाटी विकास]

34. ( क्र. 431 ) श्री देवेन्द्र वर्मा : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) खण्डवा विधानसभा में जावर सिहाड़ा उद्ववहन सिंचाई परियोजना का कार्य कार्यादेशानुसार कब आरंभ हुआ था तथा इस परियोजना के पूर्ण होने की समय-सीमा क्या थी? (ख) प्रश्‍नांश (क) के क्रम में कितने प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है? 100% कार्य पूर्ण होकर किसानों को इस परियोजना का लाभ कब से मिलना आरंभ होगा? समय-सीमा बताएँ? (ग) क्या यह सही है कि कार्य एजेंसी द्वारा इसमें अत्याधिक विलंब किया गया है एवं किसानों के खेते में नालिया खोदकर छोड़ दिया गया है जिसके कारण उन्हें खरीफ एवं रबी की फसल लेने में परेशान होना पड़ा है? (घ) विभाग द्वारा परियोजना को समय-सीमा पर पूर्ण करने हेतु जनप्रतिनिधियों के साथ बैठकों का आयोजन कब-कब किया गया? यदि नहीं, तो क्यों? (ङ) क्या यह सही है कि कार्य एजेंसी की गंभीर लापरवाही एवं अकर्मण्यता के कारण खण्‍डवा विधानसभा क्षेत्र के किसान इस परियोजना के लाभ से आज तक वंचित है? यदि हाँ, तो इसके लिये जिम्मेदारी तय करते हुए दोषियों के विरुद्ध कार्यवाही की जावेंगी?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) योजना का निर्माण कार्य दिनांक 20.04.2018 से प्रारंभ हुआ है। कार्य पूर्ण करने की समय-सीमा 36 माह अर्थात 19.04.2021 तक थी। (ख) योजना का 53 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है। कृषकों को परियोजना से वर्ष 2023 के रबी सीजन से सिंचाई का लाभ दिया जाना लक्षित है। (ग) कार्य में विलंब हुआ है, जिसका मुख्‍य कारण परियोजना की पर्यावरण एवं वन विभाग से स्‍वीकृति में विलंब, कोविड-19 के कारण वर्ष 2020-21 एवं 2021-22 में सुचारू रूप से कार्य संपादन न होना तथा रबी एवं खरीफ सीजन में कृषकों द्वारा फसल लगाने के कारण कार्य संपादन न होना रहा है। खेतों में नालियां बनाकर छोड़ा नहीं गया है अपितु डक्‍ट अधिनियम के तहत प्रकरण बनाकर कृषकों की भूमि खुदाई कर पाईप-लाईन बिछाने का कार्य प्रगति पर है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (घ) माननीय जिला प्रभारी मंत्री द्वारा समय-समय में ली गई बैठकों में विभाग के नोडल अधिकारी द्वारा योजना की प्रगति की जानकारी दी जाती रही है। साथ ही कार्य पूर्ण करने हेतु विभागीय स्‍तर पर भी बैठक आयोजित कर एजेन्‍सी को निर्देशित किया गया है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ड.) पर्यावरणीय स्‍वीकृति में प्रक्रियात्‍मक विलंब, कोविड-19 के कारण व्‍यवधान तथा रबी एवं खरीफ सीजन में कृषकों द्वारा फसल लगाये जाने से व्‍यवधान के कारण योजना की पूर्णता में विलंब हुआ। शेषांश का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

खनन किये गये नलकूपों की जानकारी

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

35. ( क्र. 432 ) श्री देवेन्द्र वर्मा : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) खण्डवा जिले के ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल समस्या के निराकरण के लिये वर्ष 2020-21 एवं 2021-22 में कुल कितने-कितने नलकूप खनन किये गये? विधानसभावार बताएँ? (ख) जिले में नल-जल योजना के तहत विगत 3 वर्षों में कितने कार्य स्वीकृत हुए है? खण्डवा विधानसभा में स्वीकृत, पूर्ण एवं निर्माणाधीन कार्यों की ग्रामवार लागत की जानकारी दी जाए? (ग) क्या जल जीवन मिशन योजना रहित गांव में नये नलकूप खनन की स्वीकृति पर रोक लगाई गई है? यदि नहीं, तो? (घ) खण्डवा जिले में विगत 3 वर्षों में कुल कितने नये नलकुप खनन किये गये? क्या जल समस्या वाले गांवों में जनप्रतिनिधियों की मांग पर विभाग द्वारा नलकूप खनन कराये जाने का कार्य किये जाने के निर्देश प्रदान किये जाएँगे? (ङ) क्या पेयजल समस्या वाली माध्यमिक/हाई स्कूल परिसरों में एक नलकूप खनन अनिवार्य करने पर विचार किया जायेगा?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र- 1 अनुसार है। (ख) जिले में विगत 03 वर्षों में 489 एकल नल-जल योजनाओं के कार्य स्‍वीकृत हुये हैं एवं 01 समूह जलप्रदाय योजना स्‍वीकृत की गई, जिसमें खण्‍डवा तथा खरगोन जिले के गांव सम्मिलित हैं। खण्‍डवा विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत स्‍वीकृत नल-जल योजनाओं की  जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र- 2 अनुसार है(ग) नये नलकूप खनन की स्‍वीकृति पर रोक नहीं है। (घ) विगत 03 वर्षों में 785 नलकूप खनन किये गये हैं। पेयजल समस्‍या को दृष्टिगत रखते हुये जन प्रतिनिधियों की मांग को प्राथमिकता देकर नलकूप खनन का कार्य किया जाता है। (ड.) माध्‍यमिक एवं हाई स्‍कूल परिसरों में आवश्‍यकतानुसार नलकूप खनन कर अथवा स्‍थापित एवं क्रियान्वित नल-जल योजनाओं के माध्‍यम से पेयजल उपलब्‍ध करवाया जाता है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है।

टेक होम राशन देने में हुई अनियमितता

[महिला एवं बाल विकास]

36. ( क्र. 444 ) श्री हर्ष विजय गेहलोत (गुड्डू) : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रश्‍नकर्ता के प्रश्‍न क्रमांक 2552 दिनांक 16.03.2022 के खण्ड '''' के सन्दर्भ में बतावें कि क्या मई 2021 से प्रदेश में शाला त्यागी बालिकाओं को टेक होम राशन देने की योजना निरन्तर क्यों नहीं है? इस संम्बन्ध में जारी आदेश की प्रति देवे तथा बतावें कि इस योजना को क्यों बन्द कर दिया गया है? यदि हाँ, तो क्यों? (ख) वर्ष 2017-18 से 2021-22 तक शाला त्यागी किशोरी बालिकाओं की संख्या जिन्हें टेक होम राशन दिया गया, वर्षवार, माह अनुसार बतावें तथा बतावें कि जनवरी 2021 में हितग्राही की संख्या 107012 से घटकर मई 2021 में 15252 क्यों हो गई? क्या इस अवधि में 91760 किशोरी बालिका ने विद्यालय में प्रवेश प्राप्त किया? (ग) भारत शासन द्वारा जारी ''Instruction for Base line survey of AG'' (Anex II) के तहत Survey sheet Part I And Part II की अप्रेल 2018 की रतलाम जिले की प्रतिया देवें। (घ) प्रश्‍नकर्ता के प्रश्‍न क्रमांक 2552 के उत्तर के परिशिष्ट 05 में प्रदान की गई सूची में अधिकांश शाला त्यागी बालिकाओं की उम्र 14 वर्ष से ज्यादा है, बतावें कि उन्हें किस नियम से हितग्राही बनाया गया? (ड.) क्या शासन शाला त्यागी किशोरी बालिका को टेक होम राशन देने में प्रतिवर्ष हुये लगभग 100 से 150 करोड़ की अनियमितता की उच्च स्तरीय जांच करायेगा?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) किशोरी बालिका योजना केन्द्र प्रवर्तित है, भारत सरकार महिला बाल विकास विभाग से केन्द्रांश की राशि विमुक्त नहीं होने के कारण योजना निरन्तर नहीं रखी गई। भारत सरकार द्वारा उक्त योजना दिनांक 31.03.2022 से बंद कर दी गई है। आदेश की प्रति  संलग्न परिशिष्ट-'''' पर है। (ख) प्रदेश में किशोरी बालिका योजना वर्ष 2018-19 से संचालित है। वर्ष 2018-19, 2020-21 एवं 2021-22 तक की जानकारी संलग्न परिशिष्ट-'''' पर है। वर्ष 2019-20 की माहवार जानकारी संकलित की जा रही है। माह जनवरी 2021 से हितग्राहियों की संख्या घटकर 15252 नहीं हुई। विभाग द्वारा माह मई 2021 में केवल उन्हीं 15252 बालिकाओं हेतु ही टेकहोम राशन जारी किया गया, जिनका विभागीय एम.आई.एस. में नामजद पूर्ण विवरण दर्ज किया गया था। इस परिप्रेक्ष्य में शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ग) भारत शासन द्वारा ''Instruction for Baseline survey of AG (Anex II)'' के तहत survey sheet Part-I का संधारण आंगनवाड़ी स्तर पर होता है, जानकारी संकलित की जा रही है। survey sheet Part-II की जानकारी संलग्न परिशिष्ट-'''' पर है। (घ) प्रश्‍न क्र. 2552 के उत्तर के  संलग्न परिशिष्ट 05 में प्रदान की गई सूची में शालात्यागी बालिकाओं की उम्र के संबंध में पाई गई त्रुटि की जांचकर कार्यवाही की जावेगी। (ड.) उत्‍तरांश () अनुसार कार्यवाही की जावेगी।

परिशिष्ट - "दस"

पुनासा नहर की सिंचाई से वंचित ग्राम का विकास एवं मरम्‍मत

[नर्मदा घाटी विकास]

37. ( क्र. 458 ) श्री नारायण सिंह पटेल : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                  (क) मांधाता विधानसभा अंतर्गत इंदिरा सागर बांध परियोजना की पुनासा नहर (ओपन व उद्वहन) से सिंचाई हेतु वितरण कार्य किस वर्ष प्रारम्भ हुआ तथा इन नहरों के जल-प्रवाह से इस विधानसभा क्षेत्र के ग्रामों को उक्त नहरों से क्या शत-प्रतिशत सिंचाई लाभ मिल पा रहा है, तथा कितने ग्राम इस परियोजना से वंचित है, उनके वंचित होने का क्या कारण है? (ख) प्रश्‍नांश '''' में दर्शित अनुसार यदि प्रश्‍नकर्ता विधानसभा क्षेत्र मांधाता में इंदिरा सागर बांध परियोजना की पुनासा नहर (ओपन व उद्वहन) से छूटे ग्रामों को भविष्य में कब तक इस महत्वाकांक्षी योजना से जोड़ दिया जावेगा? (ग) उक्त नहरों का प्रारम्भ से आज दिनांक तक कितनी बार मरम्मत कार्य (मेंटेनेंस) किया गया साथ ही मरम्मत कार्य हेतु कब-कब, कितना बजट स्वीकृत किया गया? (घ) विधानसभा क्षेत्र मांधाता के अंतर्गत इंदिरा सागर बांध परियोजना की पुनासा नहर (ओपन व उद्वहन) से सिंचाई नहरों का मरम्मत कार्य (मेंटेनेंस) न किए जाने की दशा में क्या विभागीय प्रस्ताव सम्बंधित विभाग द्वारा आपको प्रेषित किये गये अथवा नहीं?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) पुनासा नहर (ओपन) से सिंचाई कार्य वर्ष 2007-08 एवं पुनासा (उद्वहन) से वर्ष 2014 में प्रारंभ हुआ है। मांधाता विधानसभा के सम्‍पूर्ण कमाण्‍ड क्षेत्र में सिंचाई की जा रही है। 09 ग्रामों की कृषि भूमि का भू-तल नहर के पूर्ण प्रवाह स्‍तर से ऊँचा होने के कारण पानी पहुँचाया जाना संभव नहीं है। (ख) वर्तमान में विधानसभा क्षेत्र मांधाता में पुनासा नहर से छूटे ग्रामों को जोड़े जाने का कोई प्रस्‍ताव नहीं है। शेषांश का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ग) समय-समय पर आवश्‍यकता अनुसार मरम्‍मत कार्य पुनासा नहर (ओपन) में काडा (CADA) कार्य हेतु आवंटित‍ राशि में से तथा पुनासा (उद्वहन) में संचालन एवं संधारण कार्य हेतु आवंटित राशि में से कराया गया है। जानकारी संलग्‍न  परिशिष्‍ट अनुसार है। (घ) पुनासा नहर (ओपन) के मरम्‍मत कार्यों का प्राक्‍कलन प्रक्रियाधीन है। पुनासा उद्वहन योजना के संचालन एवं संधारण कार्य की निविदा आमंत्रित कर वर्ष 2015 से लगातार संपादित कराया जा रहा है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।
परिशिष्ट - "ग्यारह"

औद्योगिक नीति के विरूद्ध कार्य करने वालों के विरूद्ध कार्यवाही

[सूक्ष्‍म, लघु एवं मध्‍यम उद्यम]

38. ( क्र. 477 ) श्री आरिफ अक़ील : क्या सूक्ष्‍म,लघु एवं मध्‍यम उद्यम मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या गोविन्‍दपुरा औद्योगिक क्षेत्र भोपाल में कुल कितनी आद्योगिक इकाईयां हैं तथा उनमें से कितनी कार्यरत हैं तथा कितनी इकाईयां किन-किन कारणों से बंद हैं?                          (ख) गोविन्‍दपुरा औद्योगिक क्षेत्र भोपाल में ऐसी कितनी व कौन-कौन सी औद्योगिक इकाईयां हैं जो अपने पंजीकृत प्रयोजन की अपेक्षा अन्‍य उत्‍पादन के नाम पर भवन परिसर का उपयोग कर रही हैं? उनका नाम व किसके स्‍वामित्‍व/आवंटिती की है? (ग) प्रश्‍नांश (ख) के परिप्रेक्ष्‍य में यह अवगत करावें कि प्रयोजन परिवर्तन करने वालों के विरूद्ध शासन द्वारा अभी तक कार्यवाही नहीं किए जाने के क्‍या कारण हैं?

सूक्ष्‍म,लघु एवं मध्‍यम उद्यम मंत्री ( श्री ओमप्रकाश सखलेचा ) : (क) गोविंदपुरा औद्योगिक क्षेत्र में कुल 1197 इकाई स्‍थापित है, उनमें से 1168 इकाईयां कार्यरत है, विभिन्‍न कारणों की वजह से 29 इकाईयां बंद है। (ख) एवं (ग) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट अनुसार है।

स्‍वास्‍थ्‍य कर्मियों की पदस्‍थापना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

39. ( क्र. 482 ) श्री बापूसिंह तंवर : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या प्रश्‍नकर्ता विधायक विधानसभा प्रश्‍न क्रमांक 39 उत्‍तर दिनांक 09.03.22 की कंडिका (ग) में शासन ने यह बताया की रिक्‍त पदों की पूर्ति हेतु नियमित/संविदा/बंधपत्र चिकित्‍सक/कर्मचारियों की उपलब्‍धता अनुसार निरंतर जारी है? कृपया जानकारी दें कि प्रश्‍न क्रमांक 39 उत्‍तर दिनांक 09.03.22 से प्रश्‍न दिनांक तक राजगढ़ जिले में किस वर्ग के किन-किन अधिकारी/कर्मचारियों को नियमित/संविदा/बंधपत्र चिकित्‍सक/कर्मचारियों के आधार पर नियुक्ति दी है? सूची उपलब्‍ध करावें। (ख) प्रश्‍नांश (क) का उत्‍तर यदि हाँ, है तो प्रश्‍न दिनांक तक राजगढ़ जिले के समस्‍त चिकित्‍सालयों में कंडिका (क) अनुसार पद पूर्ति करने के पश्‍चात कितने पद किस संवर्ग के रिक्‍त हैं? (ग) प्रश्‍नांश (ख) अनुसार उपलब्‍ध जानकारी में यदि पद रिक्‍त हैं तो शासन कब तक पद पूर्ति कर देगा?

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) जी हाँ। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' एवं '''' अनुसार है। (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ग) उत्तरांश (क) अनुसार चिकित्सकों/कर्मचारियों की नियुक्ति निरंतर की जा रही है। निश्चित समय-सीमा बताई जाना संभव नहीं है।

प्रश्‍न क्र. 26 दिनांक 09 मार्च 2022 के संबंध में

[धार्मिक न्‍यास और धर्मस्‍व]

40. ( क्र. 483 ) श्री बापूसिंह तंवर : क्या पर्यटन मंत्री महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि (क) क्‍या प्रश्‍नकर्ता विधायक विधानसभा प्रश्‍न क्रमांक 26 उत्‍तर दिनांक 09/03/22 की कंडिका (ख) में शासन ने बताया कि प्रशासकीय स्‍वीकृति अनुसार राशि रू.92,00,000/- (बानवे लाख) का आवंटन निर्माण एजेंसी को दिया जा चुका है तथा कंडिका (ग) में यह बताया कि 97.52 प्रतिशत का व्‍यय हुआ है ठेकेदार को जी.एस.टी. सहित रू 70,11,000 का भुगतान किया जा चुका है। प्रश्‍न दिनांक तक कितने प्रतिशत कार्य पूर्ण हो गया है तथा आवंटित राशि का भुगतान कब तक कर दिया जायेगा? (ख) प्रश्‍नांश (क) के उत्‍तर अनुसार क्‍या होड़ा माता मंदि‍र का जीर्णोद्धार डी.पी.आर. अनुसार पूर्ण हो गया है? यदि हाँ, तो जानकारी दें? यदि नहीं, तो शेष कार्य कब तक पूर्ण हो जायेगा?

पर्यटन मंत्री ( सुश्री उषा ठाकुर ) : (क) जी हाँ। निर्माण एजेंसी के द्वारा आवंटित राशि का पूर्ण उपयोग कर लिया गया है। शेष प्रश्‍न उद्भूत नहीं होता। (ख) जी नहीं। प्रशासकीय स्‍वीकृति एवं आवंटन अनुसार कार्य कराया गया है। समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

अस्‍पतालों द्वारा आयुष्‍मान योजना अंतर्गत फैंटम बिलिंग

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

41. ( क्र. 493 ) श्रीमती कृष्णा गौर : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) भोपाल जिले के ऐसे कौन-कौन से अस्‍पताल/चिकित्‍सालय जो आयुष्‍मान निरामय म.प्र. के तहत सूची बद्ध है जो फर्जी बिलिंग अथवा फैटम बिलिंग के आरोप में जनवरी 2020 से प्रश्‍न दिनांक तक दोषी पाये गये है? अस्‍पताल का नाम उनके मालिक संस्‍था का नाम, पता एवं अपराध का विवरण बताया जाये? (ख) क्‍या प्रश्‍नांश (क) में उल्‍लेखित उनके किन-किन अस्‍पतालों एवं उनके मालिक एवं संचालकगणों के विरूद्ध पुलिस में कोई शिकायत की गई है? यदि हाँ, तो प्रकरणवार विवरण देते हुये अद्यतन स्थिति बताई जाये। (ग) क्‍या प्रश्‍नांश (क) एवं () में उल्‍लेखित अपराधों के आधार पर अस्‍पतालों के मालिक अथवा संचालकगण जो पंजीकृत चिकित्‍सक है उनके पंजीयन के निरस्‍तीकरण हेतु कोई कार्यवाही विचाराधीन है यदि हाँ, तो दोषी डॉक्‍टरों का नाम एवं उनके विरूद्ध की गई कार्यवाही बताई जाये।

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ख) जी हाँ। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ग) जी नहीं, शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

शिक्षक भर्ती पात्रता परीक्षा वर्ग-3 में प्रश्‍न पत्र लीक होने की जांच

[सामान्य प्रशासन]

42. ( क्र. 512 ) डॉ. गोविन्द सिंह : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या मैप आई.टी. द्वारा प्रोफेशनल एग्‍जामिनेशन बोर्ड द्वारा, आयोजित शिक्षक भर्ती पात्रता परीक्षा वर्ग-3 (एम.पी.टी.ई.टी.) प्रश्‍न पत्र के वायरल स्‍क्रीनशॉट की जांच कराई गयी है? यदि हाँ, तो प्रारंभिक जांच की रिपोर्ट की प्रति संलग्‍न करें। (ख) उपरोक्‍त प्रश्‍नांश के परिप्रेक्ष्‍य में क्‍या वायरल स्‍क्रीनशॉट, परीक्षार्थी रोल नंबर 23165920 कम्‍प्‍यूटर आई.डी. का विवरण, ज्ञानवीर इंस्‍टीट्यूट ऑफ मैनजमेंट एण्‍ड साइंस एवं परीक्षा कराने वाली संस्‍था एडी क्‍यूटी एवं कॉलेज संचालक की संलिप्‍तता पाई गई है? यदि हाँ, तो इस संबंध में प्रमाणित दस्‍तावेज संलग्‍न करें। (ग) शिक्षक भर्ती पात्रता परीक्षा वर्ग-3 (एम.पी.टी.ई.टी.) प्रश्‍न पत्र वायरल स्‍क्रीनशॉट किन-किन के मोबाइल तक कैसे पहुंचा? क्‍या इसकी जाचं कराई गई है? यदि हाँ, तो जांच की प्रति संलग्‍न करें। (घ) क्‍या प्रोफेशनल एग्‍जामिनेशन बोर्ड द्वारा एम.पी.टी.ई.टी. पेपर लीक के संबंध में क्राईम ब्रांच, भोपाल में एफ.आई.आर. दर्ज कराने के संबंध में आवेदन दिया था? यदि हाँ, तो एफ.आई.आर. आवेदन की प्रति संलग्‍न करें। (ड.) क्‍या उपरोक्‍त प्रकरण में जानबूझकर प्रश्‍नपत्र लीक किया गया था? यदि हाँ, तो किन-किन दोषियों के विरूद्ध क्‍या-क्‍या कार्यवाही की गई?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जी हाँ। प्रारंभिक जांच रिपोर्ट की प्रति  पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट अनुसार है। (ख) मैप-आईटी से प्राप्‍त रिपोर्ट के परीक्षण की कार्यवाही प्रक्रियाधीन होने से प्रश्‍नांश के संबंध में स्थिति स्‍पष्‍ट नहीं की जा सकती है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।              (ग) उत्‍तरांश '''' अनुसार। (घ) जी नहीं। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ड.) मैप-आईटी से प्राप्‍त रिपोर्ट के परीक्षण की कार्यवाही प्रक्रियाधीन होने से प्रश्‍नांश के संबंध में स्थिति स्‍पष्‍ट नहीं की जा सकती है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

नलकूप खनन का लक्ष्‍य

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

43. ( क्र. 518 ) श्री उमंग सिंघार : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या यह सही है कि आदिवासी बाहुल्‍य धार जिले में 13 विकासखण्‍डों के लिये दो कार्यालय                        (1) कार्यपालन यंत्री पी.एच.ई. संभाग धार को 90 एवं (2) कार्यपालन यंत्री पी.एच.ई. संभाग सरदारपुर को 120 नलकूप खनन का शासन द्वारा लक्ष्‍य दिया गया है जो कि पूरे जिले में बहुत कम है(ख) इस क्षेत्र में बड़ी संख्‍या में नलकूप खनन की मांग है? यदि हाँ, तो इतनी कम मात्रा में नलकूप खनन का लक्ष्‍य क्‍यों है? कारण स्‍पष्‍ट करें। (ग) क्‍या यह सही है कि आदिवासी बाहुल्‍य गंधवानी विधानसभा क्षेत्र की बसाहट में पानी की समस्‍या को ध्‍यान में रखते हुये जिले में दिये गये नलकूप खनन के लक्ष्‍य में तत्‍काल वृद्धि हेतु प्रश्‍नकर्ता द्वारा माननीय मुख्‍यमंत्री जी को पत्र क्रमांक 1685/दिनांक 20.04.2022 को जारी किया गया था? यदि हाँ, तो नलकूप खनन के लक्ष्‍य में वृद्धि हेतु क्‍या कार्यवाही की गई है? यदि कार्यवाही नहीं की गई है तो क्‍यों? कारण बतावें?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) लोक स्‍वास्‍थ्‍य यांत्रिकी खण्‍ड धार एवं खण्‍ड सरदारपुर को वर्ष 2022-23 में नये नलकूप खनन कर हैण्‍डपम्‍प लगाने के लिये क्रमश: 90 एवं 120 हैण्‍डपम्‍पों का लक्ष्‍य अंतरिम रूप से जारी किये गये तथापि अतिरिक्‍त नलकूपों की आवश्‍यकता की मांग के परिप्रेक्ष्‍य में उक्‍त दोनों खण्‍डों के लिये 50-50 नलकूप/हैण्‍डपम्‍पों का अतिरिक्‍त भौतिक लक्ष्‍य दिनांक 12.07.2022 को आंवटित किया गया। (ख) धार जिले में वर्तमान में 15071 हैंडपंप स्‍थापित हैं। जल जीवन मिशन की गाइड-लाइन के अनुसार प्रत्‍येक ग्रामीण परिवार को घरेलू कनेक्‍शन के द्वारा पेयजल उपलब्‍ध कराया जाना लक्षित है। इसके अतिरिक्‍त जल-जीवन मिशन कार्यक्रम के अंतर्गत खण्‍ड धार एवं सरदारपुर के 785 एवं 689 ग्रामों में क्रमश: 394 एवं 332 नलजल योजनाएं स्‍वीकृत होकर क्रियान्वित की जा रही है तथा जल निगम द्वारा 347 ग्रामों में समूह जल प्रदाय योजना क्रियान्वित की जा रही है। जिनके माध्‍यम से ग्रामीण क्षेत्र के प्रत्‍येक घर में नल के द्वारा पर्याप्‍त मात्रा में जल प्रदाय किया जाना है। धार जिले के लिये उत्‍तरांश '''' अनुसार 100 अतिरिक्‍त नलकूप/हैण्‍डपम्‍पों का भौतिक लक्ष्‍य दिनांक 12.07.2022 को जारी किया गया। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ग) जी हाँ। पेयजल कठिनाई को दृष्टिगत रखते हुये खंड धार एवं सरदारपुर को  50-50 नलकूप/हैण्‍डम्‍पों के अतिरिक्‍त लक्ष्‍य प्रदान किये गये हैं। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है।

जल-जीवन मिशन योजना की जानकारी

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

44. ( क्र. 519 ) श्री उमंग सिंघार : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या धार जिले की गंधवानी विधानसभा क्षेत्र में विकासखण्‍ड गंधवानी, बाग एवं तिरला में जल-जीवन मिशन योजना अंतर्गत खराब गुणवत्‍ता को लेकर विभिन्‍न शिकायतें प्राप्‍त हुई थी? यदि हाँ, तो कौन-कौन सी शिकायतें प्राप्‍त हुई थी? शिकायत पत्रों की प्रमाणित छायाप्रति उपलब्‍ध करावें।              (ख) प्रश्‍नांकित (क) अनुसार उक्‍त शिकायतों के संबंध में विभाग द्वारा क्‍या जांच की गई है एवं निर्माण कार्यों में क्‍या अनियमितताएं पाई गई तथा जांच में किनको दोषी पाया गया एवं दोषी अधिकारी पर क्‍या कार्यवाही की गई है? यदि कार्यवाही नहीं की गई तो क्‍यों? (ग) क्‍या प्रश्‍नकर्ता द्वारा दिनांक 11/02/2022 को तारांकित प्रश्‍न क्रमांक 1407 में बिंदु क्रमांक (ग) के लिखित में उत्‍तर दिनांक 09/03/2022 को बताया गया है कि योजना अंतर्गत कार्य प्रगतिरत है, क्षतिग्रस्‍त हैण्‍डवॉश यूनिट के सुधार कार्य संबंधित ठेकेदार के माध्‍यम से कराया जा रहा है, इस हेतु कोई अधिकारी जिम्‍मेदार नहीं है? इस कार्य की खराब गुणवत्‍ता पर ठेकेदार के विरूद्ध क्‍या कार्यवाही की गई है। क्‍योंकि कार्य गुणवत्‍ता तो अधिकारी द्वारा ही जांची जाती है। लेकिन विभाग द्वारा सही उत्‍तर नहीं देते हुये सदन को गुमराह किया गया है? क्‍या सरकार दोषी के ऊपर कार्यवाही करेगी या नहीं? यदि हाँ, तो कब एवं नहीं तो क्‍यों?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जी हाँ, जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-2 अनुसार है। (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। (ग) जी हाँ। संबंधित ठेकेदार द्वारा खराब गुणवत्‍ता का कार्य करने पर उसे अस्‍वीकार्य किया जाकर पुन: गुणवत्‍तायुक्‍त कार्य करवाया जाता है। जी हाँ। दोषी होने पर अनुबंध की शर्तों के अनुसार संबंधित के विरूद्ध कार्यवाही की जाती है। निश्चित समयावधि नहीं बताई जा सकती।

उदयपुरा ग्रामीण समूह पेयजल योजना

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

45. ( क्र. 546 ) श्री देवेन्‍द्र सिंह पटेल : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि           (क) जिला रायसेन की उदयपुरा विधानसभा के अंतर्गत उदयपुरा में ग्रामीण समूह पेयजल योजना से जल प्रदाय किन-किन ग्रामों में किया जा रहा है? (ख) क्‍या पेयजल प्रदाय योजना से वंचित ग्रामों को जल प्रदाय की कोई योजना है? (ग) प्रश्‍नांश (क) एवं (ख) के संबंध में वित्‍तीय वर्ष 2020-21 से प्रश्‍न दिनांक की अवधि में मान. मंत्री जी तथा विभाग के अधिकारियों को कब-कब, किन-किन सांसद तथा विधायकों के पत्र मिले एवं उन पर क्‍या-क्‍या कार्यवाही की गई? पूर्ण विवरण दें।             (घ) प्रश्‍नांश (ग) में प्राप्‍त पत्रों में उल्‍लेखित किन-किन समस्‍याओं का निराकरण नहीं हुआ है एवं क्‍यों? कारण बतावें तथा इस हेतु विभाग के अधिकारियों ने क्‍या-क्‍या प्रयास तथा कार्यवाही की? पूर्ण विवरण दें।

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जिला रायसेन की उदयपुरा विधानसभा अन्‍तर्गत उदयपुरा ग्रामीण समूह पेयजल योजना से विकासखंड बाड़ी बरेली के 02 ग्राम एवं विकासखंड उदयपुरा के 107 ग्राम कुल 109 ग्रामों में जल प्रदाय किया जा रहा है, विवरण  पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। (ख) उदयपुरा विधानसभा क्षेत्र के कुल 301 ग्रामों में से 109 ग्राम उदयपुरा समूह पेयजल प्रदाय योजना में सम्मिलित हैं, तथा 192 ग्रामों के अंतर्गत 7 ग्रामों में एकल ग्राम नल-जल योजनायें पूर्ण हैं एवं वर्तमान में 89 ग्रामों में एकल ग्राम नल-जल योजनायें प्रगतिरत हैं तथा अन्‍य 54 ग्रामों की एकल ग्राम नल-जल योजनायें स्‍वीकृत की गई हैं, शेष ग्रामों में जल जीवन मिशन की गाइडलाइन के अंतर्गत एवं पर्याप्‍त जल स्‍त्रोत की उपलब्‍धता के आधार पर  नल-जल योजनायें बनाई जाना प्रावधानित है। (ग) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के  प्रपत्र-2 अनुसार है।

लोक परिसम्पत्ति के भवन एवं परिसरों का विक्रय

[लोक परिसम्पत्ति प्रबंधन]

46. ( क्र. 594 ) डॉ. सतीश सिकरवार : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि             (क) ग्वालियर-चम्बल संभाग में लोक परिसम्पत्ति के कितने भवन, परिसरों को जून 2022 तक विक्रय किया गया है। विक्रय किये गये भवनों, परिसरों के नाम सहित जानकारी दी जावें। (ख) क्या यह भी सही है कि कई परिसम्पत्तियों को कलेक्टर गाईड-लाईन की रेट से भी कम रेट में विक्रय किया गया है? क्यों? कितने एवं किन परिसम्पत्तियों को कलेक्टर गाईड-लाईन से कम दर पर विक्रय की गई है। उनके नाम, दर एवं किन संस्थाओं को विक्रय किया गया है? (ग) अभी ऐसी कौन सी परिसम्पत्तियां उक्त संभागों में है, जिन्हें विक्रय का प्रस्ताव लम्बित है, परिसम्पत्तियों के नाम सहित जानकारी दी जावें। (घ) क्या शासन जिन परिसम्पत्तियों को कलेक्टर गाईड-लाईन से कम दरों पर विक्रय किया गया है? उनकी जांच कर कार्यवाही करेगा? यदि हाँ तो क्या?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जानकारी संलग्‍न परिशिष्‍ट के प्रपत्र ''एक'' अनुसार है(ख) जी नहीं। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ग) जानकारी संलग्‍न परिशिष्‍ट के प्रपत्र  ''दो'' अनुसार है(घ) उत्‍तरांश '''' के परिप्रेक्ष्‍य में प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है।

परिशिष्ट - "बारह"

नर्मदापुरम जिले में सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग जानकारी

[सूक्ष्‍म, लघु एवं मध्‍यम उद्यम]

47. ( क्र. 596 ) श्री प्रेमशंकर कुंजीलाल वर्मा : क्या सूक्ष्‍म,लघु एवं मध्‍यम उद्यम मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) मध्यप्रदेश में वित्तीय वर्ष 2021- 22 में कितने शासकीय उद्योग लगाए गए तथा कितने प्राइवेट उद्योग लगाए गए हैं? (ख) वर्ष 2022- 23 में प्रदेश में कितने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग लगाने की योजना है? (ग) नर्मदापुरम जिले में कितने उद्योग हैं और वर्ष 2022- 23 में कितने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग लगाने की योजना है? (घ) विधानसभा क्षेत्र-136 सिवनी मालवा में वर्तमान में कितने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग कार्यरत हैं एवं वर्ष 2022 23 में कितने सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्योग लगाने की योजना है?

सूक्ष्‍म,लघु एवं मध्‍यम उद्यम मंत्री ( श्री ओमप्रकाश सखलेचा ) : (क) भारत सरकार के उद्यम रजिस्ट्रेशन पोर्टल अनुसार वित्तीय वर्ष 2021-22 में प्रदेश के 55729 उद्योग पंजीकृत हुए है। उल्लेखनीय है कि विभाग द्वारा स्वयं उद्योग स्थापित नहीं किये जाते है अपितु उद्योगों की स्थापना हेतु प्रोत्साहन एवं मार्गदर्शन दिया जाता है। उद्योगों को प्रोत्साहित करने के लिए सूक्ष्म, लघु और मध्यम उद्यम विभाग द्वारा एम.एस.एम.ई. विकास नीति 2021 जारी की गयी है, जिसमें पात्र श्रेणी के उद्योगों के लिए विभिन्न आकर्षक सुविधाओं का समावेश किया गया है। (ख) उत्तरांश (क) अनुसार है। (ग) नर्मदापुरम जिले में विभाग के आधिपत्य के औद्योगिक क्षेत्र किशनपुरा-नर्मदापुरम में 63, खेडा-इटारसी में 87, दमाडिया- सिवनी मालवा में 9 उद्योग एवं औद्योगिक संस्‍थान सोनासावरी में 22 उद्योग स्‍थापित हैं। विभाग द्वारा उद्योग नहीं लगाए जाते है और न ही उद्योग लगाने की योजना संबंधी जानकारी संकलित की जाती है। विभाग द्वारा उद्योगों को प्रोत्‍साहित करने हेतु योजनाएं संचालित की जाती है। (घ) विधानसभा क्षेत्र सिवनी मालवा में विभाग के आधिपत्य के औद्योगिक क्षेत्र में सूक्ष्‍म श्रेणी के 7 एवं लघु श्रेणी के 2 उद्योग वर्तमान में कार्यरत है। विभाग द्वारा उद्योग नहीं लगाए जाते है और न ही उद्योग लगाने की योजना संबंधी जानकारी संकलित की जाती है। विभाग द्वारा उद्योगों को प्रोत्‍साहित करने हेतु योजनाएं संचालित की जाती है।

महिलाओं के मासिक धर्म अवकाश के संबंध में

[वित्त]

48. ( क्र. 600 ) श्री जालम सिंह पटैल : क्या वित्त मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि            (क) क्या प्रश्‍नकर्ता सदस्य द्वारा पत्र क्र. JSP/NSP/8243 दिनांक 06/06/2022 को महिलाओं के पीरीयड् लीव (सवैतनिक मासिक धर्म छुट्टी) के संबंध में पत्र दिया गया है यदि हाँ, तो उस पर क्या कार्यवाही की गई जानकारी प्रदान करें? (ख) क्या शासकीय एवं अशासकीय सेवा में कार्यरत महिलाओं के मासिक धर्म के समय लीव के संबंध में सरकार द्वारा कोई योजना बनाई गई है यदि हाँ, तो क्‍या? (ग) यदि नहीं, तो क्यों, क्या सरकार द्वारा योजना बनाई जावेगी?

वित्त मंत्री ( श्री जगदीश देवड़ा ) : (क) संदर्भित पत्र क्रमांक JSP/NSP/8243 दिनांक 06.06.2022 वित्‍त विभाग में अप्राप्‍त है। शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ख) ऐसा कोई प्रस्‍ताव विचाराधीन नहीं है। (ग) प्रश्‍नांश '''' के परिप्रेक्ष्‍य में, प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है।

म.प्र लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित परीक्षा

[सामान्य प्रशासन]

49. ( क्र. 603 ) श्री मनोज चावला : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि               (क) म.प्र.लोक सेवा आयोग द्वारा आयोजित सिविल सेवा परीक्षा वर्ष 2020 से 2022 तक में कितने प्रश्‍न गलत, एक से अधिक सही जवाब वाले पूछे गये है वर्षवार बतावें? (ख) क्या वर्ष 2018 से 2019 आरक्षित वर्गों के अभ्यर्थियों का औसत कम आ रहा है इसका क्या कारण है? (ग) वर्ष 2019 की राज्य सेवा मुख्य परीक्षा विवादित नियमों में संशोधन के बिना ही आयोग के द्वारा छात्रों के विरोध एवं कोरोना की भयावह परिस्थिति के दौरान मुख्य परीक्षा संपन्न करवाई? (घ) राज्य सेवा परीक्षा 2019 के साक्षात्कार हेतु सफल विद्यार्थियों के साक्षात्कार 6 माह से भी अधिक समय से लंबित क्यों है? (ड.) राज्य सेवा परीक्षा 2019 को लेकर माननीय उच्च न्यायालय के निर्णय को आए                 3 माह बीत चुके हैं किंतु आयोग के द्वारा अभी तक इस संबंध में कोई निर्णय नहीं लिया गया है क्या यहां न्यायपालिका की अवमानना नहीं है?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) आयोग द्वारा वर्ष 2021 से 2022 तक आयोजित राज्‍य सेवा प्रारंभिक परीक्षाओं की जानकारी निम्‍नानुसार है:-

परीक्षा वर्ष

विलोपित प्रश्‍नों की संख्‍या                 द्वितीय प्रश्‍न पत्र

एक से अधिक सही विकल्‍प                उत्‍तरों की संख्‍या

2020

17

04

2021

अभ्‍यर्थियों से आपत्तियां प्राप्‍त होने के उपरांत इस परीक्षा की अंतिम उत्‍तर कुंजी प्रकाशित किये जाने की कार्यवाही प्रचलन में है।

 (ख) राज्‍य सेवा परीक्षाओं में विज्ञापन में अंकित संख्‍या अनुसार आरक्षित श्रेणी के समस्‍त पद भरे गये, परंतु तकनीकी व विशेष प्रकार की परीक्षाओं में अनुसूचित जनजाति एवं दिव्‍यांग वर्ग में           जैसे-चिकित्‍सक, पशु चिकित्‍सक, प्राध्‍यापक आदि पात्र अभ्‍यर्थी न मिलने के कारण पद रिक्‍त रह जाते हैं। (ग) आयोग द्वारा जारी कैलेण्‍डर अनुसार राज्‍य सेवा मुख्‍य परीक्षा 2019 आयोजित की गई। अभ्‍यर्थियों द्वारा परीक्षा आयोजन को लेकर मांग की जा रही थी। माननीय न्‍यायालय द्वारा भी परीक्षा आयोजन पर कोई स्‍थगन भी नहीं था। (घ) माननीय उच्‍च न्‍यायालय द्वारा जारी आदेश रिट पिटीशन क्रमांक 6346/2022 दिनांक 27.04.2022 के परिपालन में कार्यवाही की जा रही है। रिट पिटीशन क्रमांक 542/2021 में माननीय न्‍यायालय के निर्णय के कारण प्रारंभिक परीक्षा के पूर्व घोषित परीक्षा परिणाम निरस्‍त किया गया है। इसके तारतम्‍य में राज्‍य सेवा परीक्षा 2019 के साक्षात्‍कार भी स्‍थगित रखे गये हैं। (ड.) माननीय उच्‍च न्‍यायालय द्वारा जारी आदेश रिट पिटीशन क्रमांक 6346/2022 दिनांक 27.04.2022 के परिपालन में कार्यवाही की जा रही है।

बहोरीबंद विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत प्रधानमंत्री जल-जीवन मिशन योजना

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

50. ( क्र. 609 ) श्री प्रणय प्रभात पाण्डेय : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि             (क) बहोरीबंद-विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत प्रधानमंत्री जल-जीवन मिशन योजना अंतर्गत कहां-कहां की योजनायें कितनी लागत से स्वीकृत तथा कौन-कौन सी प्रस्तावित हैं एवं कौन-कौन सी योजनायें किन कारणों से अभी तक अप्रारंभ हैं? सूची-देवें। (ख) प्रश्‍नांश (क) में उल्लेखित योजनाओं का किस निर्माण-एजेंसी से कब अनुबंधित किया गया तथा अनुबंधों की शर्तों के अनुरूप ये निर्माण-कार्य कब पूर्ण होने थे, निर्माण एजेंसी के नाम सहित बिन्दुवार सूची देवें। (ग) प्रश्‍नांश (क) एवं (ख) के संदर्भ में उल्लेखित-योजनाओं में से कितनी पूर्ण एवं कितनी किन कारणों से अपूर्ण हैं, समय पर           निर्माण-कार्य पूर्ण न करने वाली निर्माण-एजेंसियों पर क्या-कार्यवाही का प्रावधान है तथा इन नियमों के तहत किस-किस के विरूद्ध क्या कार्यवाही की गई, यदि नहीं, की गई,तो क्यों नहीं?              (घ) प्रश्‍नांश (क) के संदर्भ में स्वीकृत नल-जल योजनाओं का निरीक्षण प्रमुख अभियन्ता, मुख्य अभियन्ता, अधीक्षण यंत्री, कार्यपालन-यंत्री द्वारा कब-कब किया गया, निरीक्षण में क्या कमियां पाई गई। योजनावार निरीक्षण-प्रतिवेदन की छायाप्रति सहित जानकारी देवें। (ड.) प्रश्‍नांश (ग) के संदर्भ में निर्माण एजेंसियों को कितना-कितना भुगतान अभी तक किया गया है? किन-किन ग्रामों में इस योजनान्तर्गत प्रत्येक घर में टोंटी लगाकर पेयजल उपलब्ध कराने का कार्य-पूर्ण हो चुका है तथा निर्माण-एजेंसियों को किस-किस अधिकारी के द्वारा मौके पर सत्यापन करने के बाद भुगतान किया गया, सूची-सहित जानकारी देवें।

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) बहोरीबंद विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत जल-जीवन मिशन अंतर्गत स्‍वीकृत योजनाओं की जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है, पवई-2 समूह जलप्रदाय योजना प्रस्‍तावित है जिसमें विधानसभा बहोरीबंद के 109 गांव सम्मिलित हैं, जिनकी सूची  पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-2 अनुसार है। (ख) एकल ग्राम योजना की जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। (ग) समयावधि में कार्य पूर्ण न करने वाली निर्माण एजेंसी पर अंतिम देयक निराकरण के समय उत्‍तदायित्‍व तय पाये जाने पर अनुबंध की शर्तों के अनुसार अर्थदंड लगाने के प्रावधान हैं, शेष जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। (घ) निरीक्षण में कोई कमी नहीं पायी गई, शेष जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। (ड.) उपयंत्री एवं सहायक यंत्री के द्वारा मौके पर सत्‍यापन करने के उपरांत भुगतान की कार्यवाही की जाती है, शेष प्रश्‍नांश का विवरण  पुस्‍तकालय  में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है।

मुख्‍यमंत्री उद्यम क्रांति योजना

[सूक्ष्‍म, लघु एवं मध्‍यम उद्यम]

51. ( क्र. 610 ) श्री कमलेश्‍वर पटेल : क्या सूक्ष्‍म,लघु एवं मध्‍यम उद्यम मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) मुख्‍यमंत्री उद्यम क्रांति योजना के आरम्‍भ होने के बाद से प्रश्‍न दिनांक तक विधान सभा क्षेत्र सिंहावल सहित सीधी एवं सिंगरौली जिले में कितने बेरोजगार युवाओं के इस योजना के अंतर्गत कर्ज के लिये आवेदन प्राप्‍त हुये हैं? (ख) प्रश्‍न दिनांक तक उपरोक्‍त आवेदनों में से कितने हितग्राहियों को कितना कर्ज स्‍वीकृत किया गया? (ग) प्रश्‍न दिनांक तक कितने आवेदकों के प्रकरण विचाराधीन हैं तथा कितने अस्‍वीकृत किये गये?

सूक्ष्‍म,लघु एवं मध्‍यम उद्यम मंत्री ( श्री ओमप्रकाश सखलेचा ) : (क) से (ग) मुख्‍यमंत्री उद्यम क्रान्ति योजना के आरंभ दिनांक 10.01.2022 से प्रश्‍न दिनांक तक सीधी एवं सिंगरौली जिले में बेरोजगार युवाओं के योजनान्‍तर्गत ऋण हेतु प्राप्‍त आवेदनों की जानकारी संलग्‍न  परिशिष्‍ट अनुसार है। (नोट- योजनान्‍तर्गत विधानसभा क्षेत्रवार जानकारी संधारित नहीं की जाती है)।

परिशिष्ट - "तेरह"


राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत अनियमितता की शिकायतों की जाँच

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

52. ( क्र. 614 ) श्री दिलीप सिंह परिहार : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) नीमच जिले में विगत दो वर्षों में राष्ट्रीय ग्रामीण स्वास्थ्य मिशन अंतर्गत बरती गई अनियमितताओं के संबंध में जनप्रतिनिधियों एवं समाचार पत्रों के माध्यम से शासन को कितनी शिकायतें कब-कब प्राप्त हुई है? विस्तृत ब्यौरा दें। (ख) प्रश्‍नांश (क) में प्राप्त शिकायतों के संबंध में क्या सक्षम अधिकारी के माध्यम से जांच कराई है? यदि हाँ, तो प्रति उपलब्ध कराई जावे। (ग) प्रश्‍नांश (ख) में की गई जांच में शासन को प्रथम दृष्टया कितनी धनराशि का गबन/अपवंचन होना पाया गया है तथा इसके लिये कौन-कौन उत्तदायी है? (घ) प्रश्‍नांश (ग) में दोषी पाये गये अधिकारी/कर्मचारियों से शासन सारवान हानि की वसूली की कार्यवाही की गई है? यदि नहीं, तो कारण स्पष्ट करें और यदि हाँ, तो विस्तृत ब्यौरा देवें।

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) नीमच जिला चिकित्‍सालय के अधिकारी व कर्मचारियों द्वारा जिला कार्यक्रम प्रबंधक नीमच द्वारा की जा रही अनियमित्‍ताओं के संबंध में दिनांक 03.02.2020 को शिकायत मिशन संचालक को प्राप्‍त हुई- जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ख) जी, हाँ- जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ग) जांच उपरांत गुणदोष के आधार पर कार्यवाही की जावेगी। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (घ) उत्‍तरांश (ग) अनुसार।

शासकीय चिकित्सालयों में चिकित्सकों की नियुक्ति

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

53. ( क्र. 615 ) श्री दिलीप सिंह परिहार : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या प्रश्‍नकर्ता के विधान सभा क्षेत्र नीमच एवं जीरन नगर के शासकीय चिकित्सालयों में स्वीकृत पदों पर चिकित्सकों एवं अन्य स्टाफ की कमी बनी हुई है, जिस कारण से गरीब मरीजों एवं प्रसूताओं को अन्यत्र रेफर करना पड़ता है, जिससे मरीज को समय पर चिकित्सा सहायता नहीं मिल पा रही है। (ख) यदि हाँ, तो विगत दो वर्षों में कितने मरिजों एवं प्रसूताओं को अन्यत्र रेफर किया गया? चिकित्सा विशेषज्ञों की कब तक पदपूर्ति कर दी जावेगी?

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) यह सही है कि चिकित्सकों एवं स्टाफ की कमी बनी हुई है, परन्तु उपलब्ध चिकित्सकों एवं स्टाफ द्वारा मरीजों एवं प्रसूताओं को आवश्यक चिकित्सा सहायता प्रदान की जाती है, केवल जटिल मरीजों को रेफर किया जाता है। समय पर चिकित्सा सुविधा उपलब्धता अनुसार प्रदान की जाती है। (ख) जानकारी संलग्‍न  परिशिष्ट  अनुसार है। पदों को भरने हेतु सीधी भर्ती एवं चयन द्वारा भरने की कार्य योजना प्रचलित है। चिकित्सकों की उपलब्धता के आधार पर पदों पर नियुक्ति की कार्यवाही की जाती है। समय-सीमा बताई जाना संभव नहीं है।

परिशिष्ट - "चौदह"

विद्यालयों एवं आंगनवाड़ी केन्द्रों में पेयजल व्यवस्था एवं विद्युतीकरण

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

54. ( क्र. 619 ) श्री प्रणय प्रभात पाण्डेय : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि             (क) जल-जीवन मिशन अंतर्गत बहोरीबंद-विधानसभा-क्षेत्र में वर्ष 2018-19 से लेकर प्रश्‍न दिनांक तक किन-किन विद्यालयों तथा आंगनवाड़ी-केन्द्रों में पेयजल-व्यवस्था एवं विद्युतीकरण हेतु कितनी-कितनी राशि किन-किन कार्यों हेतु कब स्वीकृत की गई तथा इस स्वीकृत-राशि से             किन-किन ठेकेदारों को किन-किन कार्यों हेतु कितनी-कितनी राशि का भुगतान किस            सत्यापनकर्त्ता-अधिकारी की अनुशंसा पर कब-कब प्रदान किया-गया? विद्यालयों तथा आंगनवाड़ी-केन्द्र के नाम सहित सम्पूर्ण-सूची देवें एवं यह भी बतलावें कि क्या आंगनवाड़ी-केन्द्रों में               टंकी-फिटिंग के नीचे सिंक लगाकर प्लेटफार्म बनवाये गये हैं? यदि नहीं, तो क्यों नहीं बनवाये गये हैं? (ख) प्रश्‍नांश (क) में उल्लेखित-कार्यों में से कौन-कौन से कार्य प्रश्‍न-दिनांक तक पूर्ण हुये तथा कौन-कौन से कार्य किन-कारणों से अपूर्ण हैं? विद्यालयों तथा आंगनवाड़ी-केन्द्र के नाम-सहित जानकारी देवें एवं यह भी बतलावें कि उक्त अपूर्ण कार्य कब तक पूर्ण होंगे? उक्त अपूर्ण-कार्यों में किन-किन ठेकेदारों को कितनी-कितनी राशि का भुगतान किया जा चुका है? सूची देवें। (ग) प्रश्‍नांश (क) और (ख) के संदर्भ में लाइट-फिटिंग एवं पेयजल-सप्लाई हेतु उपयोग की गई सामग्री की गुणवत्ता-अनुबंधों की शर्तों के अनुसार किस ट्रेडमार्क वाली की जाना थी? उपयोग की गई सामग्री की गुणवत्ता की जांच किसके द्वारा की गई? क्या उच्च-गुणवत्ता की सामग्री का उपयोग नहीं किया गया है? क्या शासन इसकी जांच एवं सत्यापन संबंधित विद्यालयों के प्रभारी-अधिकारी व परियोजना-अधिकारी बाल-विकास से कराकर सत्यापित कराकर दोषियों पर कार्यवाही करेगा?

मुख्यमंत्री ( श्री शिवराज सिंह चौहान ) : (क) जल-जीवन मिशन के अंतर्गत विद्यालयों एवं आंगनवाड़ी केंद्रों में विद्युतिकरण का कार्य कराये जाने का प्रावधान नहीं है अपितु पेयजल व्‍यवस्‍था में लगाये गये पावरपंप एवं उपकरणों के संचालन के लिये आवश्‍यक विद्युत संयोजन के लिये प्रावधान है। शेष जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। जी हाँ।                 (ख) जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। (ग) उत्‍तरांश (क) एवं (ख) के संदर्भ में पेयजल सप्‍लाई हेतु लगने वाली सामग्री निविदा शर्तों के प्रावधानों के अनुरूप आई.एस.आई. मापदण्‍डों अनुसार लगाई जाती है, अनुबंध में ट्रेडमार्क का उल्‍लेख नहीं रहता है। सामग्री की गुणवत्‍ता की जांच तृतीय पक्ष निरीक्षण एजेंसी, ''एस.जी.एस.'' एवं ''सीपेट'' द्वारा कराई जाती है, जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-2 अनुसार है। निर्माण कार्य महिला बाल विकास विभाग के कर्मचारी तथा शिक्षा विभाग के शिक्षक/शाला प्रभारी/प्रधानाचार्य के समक्ष हुआ है, अत: पुनर्निरीक्षण/सत्‍यापन का प्रश्‍न ही उपस्थित नहीं होता।

स्वास्थ्य व्यवस्थाओं की जानकारी

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

55. ( क्र. 625 ) डॉ. राजेन्‍द्र पाण्‍डेय : क्या लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) जावरा विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत वर्ष 2013-14 से लेकर प्रश्‍न दिनांक तक स्वास्थ्य सुविधाओं हेतु सिविल हॉस्पिटल जावरा में सिटी स्केन मशीन की स्थापना, ब्लड बैंक की स्थापना, ट्रामा सेंटर एवं फिजियोथेरेपी सेंटर प्रारम्भ किये जाने की बढ़ती जनसंख्या के कारण लगातार मांग की जा रही है तो कब तक स्वीकृति दी जायेगी? (ख) साथ ही पिपलोदा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र को सिविल हॉस्पिटल के रूप में उन्नयन किये जाने हेतु शासन/विभाग द्वारा कब तक स्वीकृति दी जा सकेगी? (ग) उपरोक्त वर्षों में विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत कितने नवीन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र व उप स्वास्थ्य केन्द्रों की स्वीकृति दी जाकर कितने प्रारम्भ हुए, कितने प्रारम्भ होना शेष है और किन-किन स्थानों पर भवन की स्वीकृति दी जाकर निर्माण कार्य पूर्ण हुए, अपूर्ण रहे? स्वीकृत बजट राशि,व्यय सहित जानकारी देवें? (घ) विगत कई वर्षों से जावरा सिविल हॉस्पिटल एवं पिपलोदा सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर कितने पदों की स्वीकृति होकर कितने पदस्थ है एवं कितने पद रिक्त हैं? सिविल हॉस्पिटल जावरा में एम.डी. (मेडिसिन), एम.एस. (सर्जन) तथा पल्मोनोलॉजिस्ट का पदांकन कब तक किया जा सकेगा?

लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री ( डॉ. प्रभुराम चौधरी ) : (क) सिविल अस्पताल जावरा में ब्लड स्टोरेज यूनिट संचालित की जा रही है, सीटी स्केन एवं फीजियोथेरेपी यूनिट स्थापित किये जाने हेतु कार्यवाही प्रचलन में है। सिविल अस्पताल स्तरीय स्वास्थ्य संस्थाओं में ट्रामा सेन्टर प्रावधानित नहीं है। निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है। (ख) सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र पीपलोदा का 50 बिस्तरीय सिविल अस्पताल में उन्नयन की कार्यवाही प्रचलन में है। निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है। (ग) उपरोक्त वर्षों में जावरा विधानसभा क्षेत्र अन्तर्गत 09 उप स्वास्थ्य केन्द्रों की स्वीकृति दी गई है। उक्त समस्त स्वीकृत 09 उप स्वास्थ्य केन्द्रों का संचालन किया जा रहा है। शेष अंश की  जानकारी संलग्‍न  परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है।               (घ) जानकारी संलग्‍न  परिशिष्ट के प्रपत्र  '''' अनुसार है। सिविल अस्पताल जावरा में पल्मोनोलॉजिस्ट का पद स्वीकृत नहीं है। विशेषज्ञों के रिक्त पदों को भरने हेतु सीधी भर्ती एवं चयन द्वारा भरने की कार्यवाही प्रचलन में है। चिकित्सकों की उपलब्धता के आधार पर पदों पर नियुक्ति की कार्यवाही की जाती है। निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

परिशिष्ट - "पंद्रह"

जल प्रदाय योजनाओं की जानकारी

[लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी]

56. ( क्र. 626 ) डॉ. राजेन्‍द्र पाण्‍डेय : क्या मुख्यमंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्य