मध्यप्रदेश विधान सभा


प्रश्नोत्तर-सूची
नवम्‍बर-दिसम्‍बर, 2017 सत्र


शुक्रवार, दिनांक 08 दिसम्‍बर, 2017


भाग-1
तारांकित प्रश्नोत्तर


Top of Form


नियम विरूद्ध भुगतान पर कार्यवाही

[चिकित्सा शिक्षा]

1. ( *क्र. 3573 ) श्रीमती अनीता नायक : क्या राज्‍यमंत्री, चिकित्सा शिक्षा महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) दिनांक 21 जुलाई, 2017 के प्रश्‍न क्रमांक 1317 के उत्‍तर (ख) में ''जी हाँ'' टेण्‍डर प्रक्रिया उपरांत न्‍यूनतम दरों पर अनुमो‍दन चिकित्‍सालय स्‍तर पर गठित क्रय समिति द्वारा किया गया था, दर्शाया गया है? (ख) उपरोक्‍तानुसार उक्‍त क्रय समिति को कितनी वित्‍तीय सीमा तक अनुमोदन के अधिकार हैं? उक्‍त क्रय समिति को न्‍यूनतम दरों के अनुमोदन एवं वित्‍तीय शक्ति के संबंध में मध्‍यप्रदेश वित्‍त संहिता/अन्‍य शासन आदेश की प्रति उपलबध करावें? (ग) उत्‍तरांश (ग) में ''जी नहीं'' टेक्‍नीकल एवं प्राईज बि‍ड पृथक-पृथक खोली गई है तथा सक्षम अधिकारी आयुक्‍त, चिकित्‍सा शिक्षा द्वारा 28 जून, 2016 को स्‍वीकृति जारी की गई, दर्शाया गया है, उक्‍तानुसार प्राईज बिड एवं टेक्‍नीकल बिड कब-कब खोली गई? टेण्‍डर प्रक्रिया कब पूर्ण हुई? न्‍यूनतम दरों की अनुशंसा क्रय समिति द्वारा कब की गई एवं क्रय स‍मिति के अनुमोदन के पूर्व ही स्‍वीकृति कैसे जारी की गई? (घ) प्रश्‍नांश (घ) जिसमें एच.आई.एम.एस. की स्‍थापना पूर्ण नहीं होने के बावजूद भी संबंधित कंपनी को पूर्ण भुगतान करने के प्रयास पर ''जी नहीं'' दर्शाया गया है। तब क्‍या प्रश्‍न दिनांक तक कंपनी को पूर्ण भुगतान नहीं किया गया है? या पूर्ण भुगतान कर दिया गया है, क्‍यों? (ड.) क्‍या शासन/विभाग उपरोक्‍त अनियमित भुगतान करने वाले अस्‍पताल अधीक्षक डॉ. दीपक मरावी को तत्‍काल निलंबित करते हुए उक्‍त गंभीर प्रकरण की पारदर्शी जाँच करायेगा? यदि नहीं, तो क्‍यों?

राज्‍यमंत्री, चिकित्सा शिक्षा ( एडवोकेट शरद जैन ) : (क) से (ड.) जानकारी एकत्रित की जा रही है।

सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र बडोदा में रिक्‍त पदों की पूर्ति

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

2. ( *क्र. 3003 ) श्री दुर्गालाल विजय : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) श्‍योपुर विधानसभा क्षेत्रान्‍तर्गत सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र बडोदा में वर्तमान में चिकित्‍सकों/अन्‍य स्‍टॉफ के कौन-कौन से पद स्‍वीकृत/भरे/कब से रिक्‍त पड़े हैं व क्‍यों इन्‍हें कब तक भरा जावेगा? (ख) केन्‍द्र में पदस्‍थ दो चिकित्‍सकों में से एक बी.एम.ओ. के प्रभार के कारण व्‍यस्‍त रहते हैं, मात्र एक चिकित्‍सक से मरीजों की उपचार व्‍यवस्‍था संभल नहीं पा रही है, एक्स-रे मशीन 6-7 माह से खराब पड़ी है। सभी 78 प्रकार की जांचों की व्‍यवस्‍था नहीं हैं, महिला चिकित्‍सक व जगह का अभाव है, इन सब कारणों से केन्‍द्र में उपचार व्‍यवस्‍था बुरी तरह प्रभावित हो रही है, नतीजन मरीजों को कठिनाईयां आ रही हैं और वे उपचार हेतु अन्‍यत्र जाने को विवश हैं? (ग) यदि हाँ, तो केन्‍द्र में रिक्‍त पदों को कब तक भरा जावेगा एवं एक्स-रे मशीन कब तक सुधरवा दी जावेगी तथा सभी प्रकार की जाँचों की सुविधा कब तक उपलब्‍ध करा दी जावेगी? यदि नहीं, तो क्‍या शासन उक्‍त तथ्‍यों की जाँच करवायेगा। (घ) केन्‍द्र के नवीन भवन का निर्माण कब प्रारंभ हुआ? कब तक पूर्ण हो जावेगा, इसकी लागत व पूर्ण करने की समयावधि भी बतावें?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जानकारी संलग्न परिशिष्ट अनुसार है। सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र, बडोदा में चिकित्सा अधिकारी के 02 पद स्वीकृत एवं 02 चिकित्सक कार्यरत हैं, विशेषज्ञ के स्वीकृत 03 पद, प्रदेश में विशेषज्ञों की अत्यधिक कमी के कारण रिक्त हैं। रिक्त पदों की पूर्ति हेतु विभाग निरंतर प्रयास कर रहा है। विशेषज्ञ के स्वीकृत 3278 पदों के विरूद्ध मात्र 1029 विशेषज्ञ उपलब्ध हैं। विशेषज्ञ के 100 प्रतिशत पद पदोन्नति से भरे जाने का प्रावधान है, परंतु वर्तमान में माननीय उच्चतम न्यायालय में पदोन्नति संबंधी प्रकरण प्रचलित होने के कारण पदोन्नति की कार्यवाही नहीं की जा सकी है। पैरामेडिकल एवं नर्सिंग संवर्ग की पदपूर्ति की कार्यवाही निरंतर जारी है। निश्चित समयावधि बताई जाना संभव नहीं है।                           (ख) बडोदा में 02 चिकित्सक पदस्थ होकर कार्यरत हैं, दोनों ही चिकित्सकों द्वारा ओ.पी.डी. एवं इमरजेंसी सेवायें, आम जन को प्रदान कर रहे हैं। प्रदेश में स्त्रीरोग विशेषज्ञ की अत्यधिक कमी के कारण पद रिक्त है। एक्स-रे मशीन दिनांक 24.04.2017 से खराब है एवं मशीन अत्यधिक पुरानी होने के कारण सुधार योग्य नहीं है। मापदण्ड अनुसार समस्त 28 जाँच निःशुल्क की जा रही है। निर्धारित मापदण्ड अनुसार सभी सुविधाएं आम जन को उपलब्ध कराई जा रही हैं। (ग) उत्तरांश (क) अनुसार। नवीन एक्स-रे मशीन क्रय हेतु शीघ्र कार्यवाही की जावेगी। निर्धारित मापदण्ड अनुसार सभी सुविधाएं आमजन को उपलब्ध कराई जा रही हैं। (घ) सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र बडोदा में नवीन भवन निर्माण 10.05.2017 से प्रारंभ हुआ है एवं कार्य पूर्ण करने की समयावधि दिनांक 10.08.2018 तक है।

परिशिष्ट - ''एक''

नि:शुल्‍क साइकिल वितरण

[स्कूल शिक्षा]

3. ( *क्र. 2762 ) श्री पंडित सिंह धुर्वे : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) राज्‍य शासन द्वारा संचालित छात्र-छात्राओं को नि:शुल्‍क साइकिल वितरण योजना के तहत मण्‍डला जिले में वर्ष 2015 से वर्तमान तक कितने छात्र-छात्राओं को साइकिल वितरण किया गया? (ख) क्‍या साइकिल वितरण करने की कोई समय-सीमा होती है? यदि हाँ, तो शैक्षणिक सत्र प्रारंभ होने के पश्‍चात् कब तक दिये जाने का प्रावधान है? (ग) क्‍या मण्‍डला जिले के समस्‍त शासकीय स्‍कूलों में इस शैक्षणिक सत्र का अभी तक साइकिल वितरण नहीं किया गया है? उसका जवाबदार कौन है? क्‍या इसकी जाँच कराई जायेगी? यदि हाँ, तो कब तक जाँच करायेंगे एवं साइकिल वितरण कब तक कराया जायेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) मण्डला जिले में वर्ष 2015-16 में कक्षा 6वीं में अध्ययनरत एवं पात्र 6038 तथा कक्षा 9वीं में अध्ययनरत एवं पात्र 9778 छात्र/छात्राओं को साइकिल हेतु नियमानुसार राशि प्रदाय की गई। वर्ष 2016-17 में कक्षा 6वीं में अध्ययनरत एवं पात्र 4933 कक्षा 9वीं में अध्ययनरत एवं पात्र 9724 छात्र/छात्राओं को सायकिल प्रदाय की जा चुकी है।                         (ख) एवं (ग) वर्ष 2017-18 हेतु सायकिल क्रय की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। शेषांश का प्रश्‍न उपस्‍िथत नहीं होता।

शासकीय शालाओं की बाउण्ड्रीवॉल का निर्माण

[स्कूल शिक्षा]

4. ( *क्र. 1833 ) श्री सुशील कुमार तिवारी : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या विधानसभा क्षेत्र पनागर के अंतर्गत 72 शालायें बाउण्ड्रीवॉल विहीन हैं? (ख) क्या हाईवे एवं मुख्य सड़क के पास स्थित शालाओं में बाउण्ड्रीवॉल होना आवश्यक है? (ग) यदि हाँ, तो कब तक इन शालाओं का बाउण्ड्रीवॉल निर्माण की जावेगी? (घ) क्या वर्ष 2017-18 में बाउण्ड्रीवॉल स्वी‍कृत की गई हैं? यदि हाँ, तो बतावें?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) विधानसभा क्षेत्र पनागर की 279 शासकीय प्राथमिक/माध्यमिक शालाएं बाउण्‍ड्रीवॉल विहीन हैं। 20 शासकीय हाई/हायर सेकेण्डरी शालाएं बाउण्‍ड्रीवॉल विहीन हैं। (ख) जी हाँ। (ग) बाउण्‍ड्रीवॉल का निर्माण बजट की उपलब्धता पर निर्भर करेगा। निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है। (घ) जी नहीं। शेषांश का प्रश्न उद्भूत नहीं होता।

संस्‍कृत विद्यालयों को अनुदान

[स्कूल शिक्षा]

5. ( *क्र. 2139 ) चौधरी चन्‍द्रभान सिंह : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या संस्‍कृत शिक्षा को बढ़ावा देने हेतु प्रदेश में अनुदान प्राप्‍त संस्‍कृत विद्यालय संचालित हैं? यदि हाँ, तो जबलपुर एवं रीवा संभाग में कितने अनुदान प्राप्‍त संस्‍कृत विद्यालय संचालित हैं? सूची प्रदान करें (ख) क्‍या अनुदान प्राप्‍त संस्‍कृत विद्यालय के शिक्षकों को शासन से वेतन (अनुदान) प्रदान किया है? यदि हाँ, तो किन-किन विद्यालय के कितने-कितने शिक्षकों को शासन से वेतन/अनुदान प्रदान किया जा रहा है? (ग) क्‍या उक्‍त अनुदान प्राप्‍त संस्‍कृत संस्‍थाओं को माह सितम्‍बर, 2016 से वेतन/अनुदान नहीं प्रदान किया गया है, नहीं तो क्‍यों? इसके लिए क्‍या कारण और देरी के लिए कौन जिम्‍मेदार है? उस पर क्‍या कार्यवाही की जावेगी?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) एवं (ख) जी हाँ। जानकारी संलग्‍न परि‍शि‍ष्‍ट अनुसार है। (ग) आवंटन में कमी हो जाने के कारण अनुदान देने हेतु यथोचित कार्यवाही प्रचलित है। अत: शेषांश का प्रश्‍न उपस्‍ि‍थत नहीं होता।

परिशिष्ट - ''दो''

फार्मासिस्‍टों का नियमितीकरण

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

6. ( *क्र. 2542 ) एडवोकेट सत्‍यप्रकाश सखवार : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) म.प्र. के शास. चिकित्‍सालयों में N.R.H.M. के कुल कितने फार्मासिस्‍ट कार्यरत हैं तथा कितने फार्मासिस्‍ट के पद किस-किस चिकित्‍सालय में रिक्‍त हैं? केवल ग्‍वालियर एवं चंबल संभाग की जानकारी दी जाये। संविदा एवं नियमित की अलग-अलग जानकारी दी जावे। (ख) संविदा पर नियुक्‍त फार्मासिस्‍टों की संविदा अवधि कितने वर्ष की होती है?                                    (ग) क्‍या फार्मासिस्‍टों को तीन वर्ष से अधिक समय तक सेवा में रहने के बावजूद भी उनकी संविदा अवधि को समाप्‍त न कर उन्‍हें अभी तक नियमित नहीं किया गया है, जबकि विभाग के पास रिक्‍त पद भी हैं? ऐसे संविदा फार्मासिस्‍टों की नियुक्ति दिनांक से आज तक उनका वेतन क्‍यों नहीं बढ़ाया गया? (घ) क्‍या शासन उनका कार्य एवं ग्रामीण क्षेत्र में की गई कठिन सेवाओं को मद्देनज़र रखते हुए, उनकी संविदा अवधि को समाप्‍त कर उन्‍हें नियमित करने के आदेश पारित करेगा? यदि हाँ, तो कब तक नहीं तो क्‍यों नहीं?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) मध्यप्रदेश के ग्वालियर एवं चंबल संभाग के शासकीय चिकित्सालयों में N.R.H.M. के कुल 113 संविदा फार्मासिस्ट कार्यरत हैं। शेष प्रश्‍नांश, फार्मासिस्टों के रिक्त पदों की जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है।                                                               (ख) राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के अन्तर्गत कार्यरत फार्मासिस्टों की संविदा नियुक्ति अनुबंध आधार पर वित्तीय वर्षान्त तक के लिए होती है। (ग) जी हाँ। जी नहीं, वेतन बढ़ाया गया है। (घ) जी नहीं। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

कर्मचारी के विरूद्ध कार्यवाही

[स्कूल शिक्षा]

7. ( *क्र. 3612 ) श्री जय सिंह मरावी : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या रीवा डी.पी.सी. कार्यालय में पदस्‍थ श्री वंशमणि मिश्रा, निम्‍न श्रेणी लिपिक द्वारा आमजन से खराब व्‍यवहार, मुख्‍यालय से बाहर रहने, रिश्‍वत मांगने आदि गंभीर शिकायतें होने से उनका स्‍थानांतरण किये जाने के संबंध में अध्‍यक्ष भाजपा मंडल देवतालाब जिला रीवा ने पत्र दिनांक 20.06.2017 को माननीय मंत्री जी को लिखित शिकायत की थी? (ख) यदि हाँ, तो उक्‍त शिकायत पर आज दिनांक तक क्‍या-क्‍या कार्यवाही कब-कब की गई तथा संबंधित के विरूद्ध शिकायतों के बावजूद इनका स्‍थानांतरण अन्‍यत्र नहीं किए जाने का क्‍या कारण है? (ग) क्‍या श्री मिश्रा लंबी अवधि से डी.पी.सी. कार्यालय में पदस्‍थ हैं तथा इनके द्वारा अनेकों अनियमितताएं की गईं एवं की जा रही हैं? (घ) यदि हाँ, तो कब तक उक्‍त निम्‍न श्रेणी लिपिक का स्‍थानांतरण अन्‍यत्र किया जाएगा? यदि नहीं, तो कारण स्‍पष्‍ट करें?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी नहीं। (ख) प्रश्नांश (क) के उत्‍तर के आधार पर कार्यवाही का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ग) जी नहीं। दिनांक 11.08.2016 से पदस्‍थ है। जी नहीं। (घ) प्रश्‍नांश (ग) के उत्‍तर के आधार पर कार्यवाही का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है।

बिना चिकित्‍सीय प्रमाण पत्र के चिकित्‍सालय का संचालन

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

8. ( *क्र. 1518 ) श्रीमती चन्‍दा सुरेन्‍द्र सिंह गौर : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या ग्राम बमीठा तह. राजनगर जिला छतरपुर में वीरेन्‍द्र कुमार पाण्‍डे द्वारा बिना चिकित्‍सीय प्रमाण पत्र के एक निजी चिकित्‍सालय संचालित अवैधानिक रूप से चलाकर आम जनता का शोषण कर रहे हैं तथा मनमानी राशि लेकर लोगों को स्‍वास्‍थ्‍य का उपचार कर गलत दवाइयां देकर उनके जीवन से खिलवाड़ कर रहे हैं? (ख) क्‍या विगत एक वर्ष में मुख्‍य चिकित्‍सा एवं स्‍वास्‍थ्‍य अधिकारी छतरपुर द्वारा उक्‍त झोला छाप डाक्‍टर वीरेन्‍द्र पाण्‍डे के निजी क्‍लीनिक की जाँच कब-कब की गई तथा क्‍या कार्यवाही की गयी? कार्यवाही विवरण देंयदि नहीं, की गई तो क्‍यों? क्‍या कई झोला छाप डॉक्टरों के खिलाफ मुख्‍य चिकित्‍सा एवं स्‍वास्‍थ्‍य अधिकारी द्वारा सघन निरीक्षण किये गए हैं तथा उनके खिलाफ तथा क्‍लीनिक के संचालक वीरेन्‍द्र पाण्‍डे के खिलाफ आज दिनांक तक कार्यवाही क्‍यों नहीं की गई? (ग) क्‍या डॉ. वीरेन्‍द्र पाण्‍डे के विरूद्ध माननीय न्‍यायालय राजनगर द्वारा डॉक्टरों की मारपीट के संबंध में सजा दी गई थी और अर्थदण्‍ड से भी दण्डित किया गया था, फिर इस प्रकार के व्‍यक्ति द्वारा स्‍वास्‍थ्‍य सेवायें फर्जी रूप से चलाई जा रही है, इनके विरूद्ध कार्यवाही कब तक प्रस्‍तावित कर दी जावेगी? यदि नहीं, तो क्‍यों? कारण स्‍पष्‍ट करें।

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी नहीं। (ख) मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी छतरपुर एवं गठित टीम के द्वारा दिनांक 24.09.2017 को ग्राम बमीठा में झोलाछाप डॉक्टरों के विरूद्ध जाँच की गई इस दौरान वीरेन्द्र पाण्डे नाम का कोई व्यक्ति क्लीनिक संचालित करता नहीं पाया गया। प्रश्न उपस्थित नहीं होता। प्रश्न उपस्थित नहीं होता। जी हाँ। मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी जिला छतरपुर द्वारा सघन निरीक्षण के दौरान 11 झोलाछाप डॉक्टरों के खिलाफ कार्यवाही की गई, जिसमें 04 डॉक्टरों के विरूद्ध एफ.आई.आर. दर्ज की गई एवं 07 क्लीनिक एवं पैथालॉजी बंद कराये गये। उक्त कार्यवाही के दौरान स्थानीय जन समुदाय द्वारा भी वीरेन्द्र पाण्डे द्वारा चिकित्सालय संचालित किये जाने संबंधित कोई शिकायत टीम को प्राप्त नहीं हुई। शेष प्रश्न उपस्थित नहीं होता। (ग) जी हाँ। माननीय न्यायालय एस.एस. जमरा न्यायिक मजिस्ट्रेड प्रथम श्रेणी राजनगर जिला छतरपुर द्वारा श्री वीरेन्द्र पान्डे को 01 वर्ष का सश्रम करावास राशि रूपये 500/- का अर्थदण्ड से दण्डित किया गया है। उपरोक्त नाम के किसी व्यक्ति द्वारा स्वास्थ्य सेवायें फर्जी रूप से संचालित करना नहीं पाया गया।

सामुदायिक एवं प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों में चिकित्‍सकों की पूर्ति

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

9. ( *क्र. 2031 ) कुँवर हजारीलाल दांगी : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या विधान सभा क्षेत्र खिलचीपुर के अन्‍तर्गत सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र एवं प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों में स्‍वीकृत पदों के अनुसार चिकित्‍सकों एवं महिला चिकित्‍सकों की पद पूर्ति है? यदि नहीं, तो क्‍यों नहीं है? प्रश्‍नकर्ता द्वारा इस संबंध में कई बार पत्र व्‍यवहार कर पद पूर्ति हेतु मांग की गई है, लेकिन आज तक पद पूर्ति नहीं की गयी है? (ख) सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र खिलचीपुर एवं जीरापुर में महिला चिकित्‍सकों की तैनाती कब तक कर दी जावेगी? यदि नहीं, तो क्‍यों नहीं?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी नहीं, विशेषज्ञों की अत्यधिक कमी के कारण सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र जीरापुर एवं खिलचीपुर में मेडिसिन, सर्जरी एवं स्त्रीरोग विशेषज्ञ के पद रिक्त हैं, चिकित्सा अधिकारी पद स्वीकृति मान से पदस्थ होकर कार्यरत हैं। प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र भगौरा, गोघटपुर एवं भोजपुर में चिकित्सक पदस्थ नहीं है। खिलचीपुर एवं जीरापुर नान सीमांक संस्था है एवं विभाग में स्त्रीरोग विशेषज्ञों की अत्यधिक कमी के कारण, सीमांक संस्थाओं में ही स्त्रीरोग विशेषज्ञ की पदपूर्ति नहीं की जा सकी है। पदपूर्ति एक सतत् प्रक्रिया है, चिकित्सकों की पदपूर्ति हेतु मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग को 1277 पदों के लिए मांगपत्र प्रेषित किया जा रहा है। उपलब्धता अनुसार विशेषज्ञ/चिकित्सकों की पदस्थापना संबंधी कार्यवाही की जा सकेगी, निश्चित समयावधि बताई जाना संभव नहीं है। (ख) उत्तरांश (क) अनुसार। शेष प्रश्न उपस्थित नहीं होता।

स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों में पदस्थ कर्मचारियों एवं वाहनों की जानकारी

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

10. ( *क्र. 3506 ) श्री हरदीप सिंह डंग : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) सुवासरा विधानसभा क्षेत्र में कितने प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्द्र, उपस्‍वास्‍थ्‍य केन्द्र, सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्द्र हैं? (ख) उपरोक्त स्‍वास्‍थ्‍य केन्द्रों पर चिकित्सकों सहित कितने कर्मचारी कार्यरत या पदस्थ हैं। (ग) सीतामऊ स्‍वास्‍थ्‍य केन्द्र पर वर्तमान समय में खण्ड चिकित्सा अधिकारी के पद पर पदस्थ बी.एम.ओ. का नाम बतावें तथा कितने चिकित्सक स्थाई रूप से पदस्थ हैं? उनके नाम व पद सहित जानकारी देवें। (घ) सीतामऊ, सुवासरा, शामगढ़ स्‍वास्‍थ्‍य केन्द्रों पर मरीजों की सुविधा हेतु कितनी शासकीय एम्बुलेंस उपलब्ध हैं तथा इनकी वर्तमान स्थिति की भी जानकारी देवें एवं शासन द्वारा कितनी गाड़ि‍यां ठेके पर ली गई हैं या ले रखी हैं? गाड़ि‍यों एवं गाड़ि‍यों के मालिकों के नाम सहित जानकारी देवें।

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) सुवासरा विधानसभा क्षेत्र में 06 प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, 57 उप स्वास्थ्य केन्द्र एवं 03 सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र हैं।                                                             (ख) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ग) सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र सीतामऊ में प्रथम श्रेणी प्रमुख खण्ड चिकित्सा अधिकारी का पद रिक्त है, कार्य सुविधा की दृष्टि से डॉ. सचिन परमार, चिकित्‍सा अधिकारी को प्रभार सौंपा गया है। सीतामऊ में 02 नियमित चिकित्सक, डॉ. सचिन परमार एवं डॉ. एस.जी. सूर्यवंशी, चिकित्‍सा अधिकारी की पदस्थापना है, परंतु डॉ. सूर्यवंशी की कार्यप्रणाली के विरूद्ध स्थानीय स्तर पर लगातार आमजन एवं जनप्रतिनिधियों में आक्रोश होने के कारण कलेक्टर मंदसौर से अनुमोदन उपरांत सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र, नगरी में कार्य करने हेतु आदेशित किया गया है तथा प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र, धुंधड़का में अतिशेष में पदस्थ चिकित्सक को सीतामऊ में कार्य करने हेतु आदेशित किया गया है। (घ) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '''' अनुसार है।

नियम विरूद्ध किये गये अटैचमेंट पर कार्यवाही

[स्कूल शिक्षा]

11. ( *क्र. 3631 ) श्री दिलीप सिंह परिहार : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) नीमच जिले में विगत 03 वर्ष के दौरान जिला शिक्षा अधिकारी द्वारा किस-किस वर्ग में कितने-कितने अटैचमेंट किए गए हैं? (ख) उक्‍त अटैचमेंट हेतु अनुमति किस स्‍तर से प्राप्‍त की गई है? (ग) क्‍या उक्‍त कार्यवाही नियमानुकूल की गई है? यदि नहीं, तो इस हेतु कौन जिम्‍मेदार है एवं उनके विरूद्ध क्‍या कार्यवाही की जाएगी?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी नहीं, अपितु विगत 03 वर्षों में संलग्‍न परिशिष्‍ट अनुसार अध्‍यापन/कार्य व्‍यवस्‍था हेतु व्‍यवस्‍था की गई है। (ख) एवं (ग) उत्तरांश (क) के प्रकाश में प्रश्न उपस्थित नहीं होता।

परिशिष्ट - ''तीन''

पर्यटन विकास निगम के भवन का उपयोग

[पर्यटन]

12. ( *क्र. 3521 ) श्रीमती नीना विक्रम वर्मा : क्या राज्‍यमंत्री, संस्कृति महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या पर्यटन विकास निगम द्वारा वर्ष 2009 से 2013 के मध्य, धार तिरला रोड पर भवन निर्माण किया गया था? (ख) यदि हाँ, तो कितनी लागत से तथा किस प्रयोजन से उक्त भवन का निर्माण किया गया था? (ग) क्या निर्माण पूर्ण हो जाने की दिनांक से प्रश्न पूछने की दिनांक तक जिस प्रयोजन हेतु भवन का निर्माण किया गया था, उस हेतु भवन उपयोग में लाया जा रहा है अथवा रिक्त पड़ा है? (घ) क्या उपरोक्त स्थिति के पश्चात् उसी भवन के पास एक और भवन निर्माण कर दिया गया है? (ड.) यदि हाँ, तो पर्यटन विकास निगम को इस प्रकार क्षति पहुंचाने वाले जिम्मेदारों के विरूद्ध कोई कार्यवाही प्रस्तावित की गई है? (च) उक्त दोनों भवनों का प्रयोजनार्थ उपयोग हेतु क्या कदम उठाये जा रहे हैं?

राज्‍यमंत्री, संस्कृति ( श्री सुरेन्द्र पटवा ) : (क) जी हाँ। (ख) लागत रू. 31.20 लाख, पर्यटकों को बुनियादी सुविधाएं प्रदान करने हेतु। (ग) शासन की पर्यटन नीति के अंतर्गत भवन का उपयोग हेतु निजी निवेशक को सौंपा गया है। (घ) जी हाँ। (ड.) निर्माण उपरांत किसी प्रकार की क्षति नहीं हुई है। (च) जी हाँ। शासन के पर्यटन नीति के अंतर्गत भवन के उपयोग हेतु निजी निवेशक हाथों को सौंप दिया गया है।

अनुपस्थिति कर्मचारियों को वेतन का भुगतान

[स्कूल शिक्षा]

13. ( *क्र. 3404 ) श्री गोपाल परमार : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) आगर जिले के अन्‍तर्गत बडोद विकास खण्‍ड के अन्‍तर्गत विगत 03 वर्ष से ऐसे कितने कर्मचारी हैं जो बिना सूचना के तथा लम्‍बे अवकाश पर हैं, उनकी अवकाश अवधि के साथ नाम, पद कार्यरत संस्‍था बतावें? (ख) क्‍या प्रश्‍नांश (क) के अनुसार ऐसे कर्मचारियों के अवकाश स्‍वीकृत किये गये हैं? यदि हाँ, तो कौन-सा अवकाश स्‍वीकृत किया गया? आदेश की प्रति देवें तथा यदि अवकाश स्‍वीकृत नहीं किया गया तो संकुल प्राचार्य द्वारा किस नियम के तहत इनका वेतन भुगतान किया गया है? (ग) बी.ई.ओ. बड़ोद के द्वारा अपने सतत् निरीक्षण के दौरान क्षेत्र में भारी वित्‍तीय अनियमितता तथा कर्मचारियों के लापरवाही आदेशों की अवहेलना के प्रकरण सामने आये हैं? यदि हाँ, तो इनकी कार्यवाही हेतु जिला शिक्षा अधिकारी आगर को पत्र लिखकर दिये हैं? यदि हाँ, तो कब-कब और उन पत्रों पर जि.शि. अधिकारी द्वारा क्‍या कार्यवाही की गई? यदि नहीं, तो क्‍यों? (घ) वर्तमान में बी.ई.ओ. बड़ोद के आहरण संवितरण अधिकार किनके पास हैं? क्‍या बी.ई.ओ. द्वारा आहरण संवितरण अधिकारी को अनुपस्थित कर्मचारियों के वेतन काटने संबंधी लिखित आवेदन दिया है? क्‍या आवेदन प्राप्‍त होने के उपरान्‍त अनुपस्थित कर्मचारियों को वेतन भुगतान किया गया है? यदि हाँ, तो क्‍यों? शासन की कितनी आर्थिक हानि हुई?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखें परिशिष्ट अनुसार है। (ख) जी नहीं। शेषांश का प्रश्न उपस्थित नहीं होता। (ग) बी.ई.ओ. बडोद के द्वारा अपने सतत् निरीक्षण के दौरान क्षेत्र में कर्मचारियों की लापरवाही, आदेशों की अवहेलना के प्रकरण सामने आये हैं। जानकारी पुस्‍तकालय में रखें परिशिष्ट अनुसार है। (घ) बी.ई.ओ. बडोद के आहरण संवितरण अधिकारी श्री अजीत वर्मा, व्याख्याता, कन्या उ.मा. विद्यालय आगर के पास है। जी हाँ। अनुपस्थित कर्मचारियों को वेतन भुगतान नहीं किया गया है। अतः शेषांश का प्रश्न उपस्थित नहीं होता है।

सहायक शिक्षकों की पदोन्नति

[स्कूल शिक्षा]

14. ( *क्र. 2296 ) श्री मोती कश्यप : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) जबलपुर एवं कटनी जिलों में कितने मिडिल एवं प्रायमरी स्कूलों में कितने सहायक शिक्षक पदस्थ हैं और उनमें से ऐसे कितने शिक्षक हैं, जिनकी सेवायें क्रमश: 12 से 30 वर्ष की हो चुकी हैं और उन्हें कितने वर्ष की वरिष्ठता पर कितनी बार क्रमोन्नति का लाभ दिया गया है?                                          (ख) क्या प्रश्नांश (क) शिक्षकों में से वरिष्ठता क्रम के ऐसे कितने शिक्षक हैं, जो डी.एड., बी.एड., स्नातक, स्नातकोत्तर व अन्‍य शिक्षा के प्रमाण-पत्र एवं डिग्रीधारक हैं? (ग) क्या प्रश्नांश (क) जिलों के प्रश्नांश (ख) योग्यताधारकों की सेवा में वरिष्ठता की कोई सूची बनायी गई है और उनमें से उच्च श्रेणी शिक्षक एवं प्रधानाध्यापक के पदों में पदोन्नति दी गई है? यदि नहीं, तो क्या कारण है?                                          (घ) प्रश्नांश (क) से (ग) को कब तक पदोन्नति का लाभ प्रदान कर न्याय प्रदान किया जावेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जबलपुर जिले में प्राथमिक/माध्यमिक शालाओं में 1935 सहायक शिक्षक पदस्‍थ हैं, इनमें से सभी 1935 सहायक शिक्षकों ने 12 वर्ष की सेवाएं पूर्ण कर ली हैं। 30 वर्ष की सेवा पूर्ण करने वाले सहायक शिक्षकों की संख्‍या 1325 है। 12 वर्ष की क्रमोन्नति से शेष सहायक शिक्षक की संख्‍या निरंक है तथा 24 वर्ष पूर्ण करने वाले सहायक शिक्षक 1205 को द्वितीय क्रमोन्नति का लाभ प्रदाय किया गया है। कटनी जिले में प्राथमिक/माध्यमिक शालाओं में 739 सहायक शिक्षक कार्यरत हैं। इनमें से सभी सहायक शिक्षक 12 वर्ष की सेवा पूर्ण कर चुके हैं, जिन्हें क्रमोन्नति प्रदान की जा चुकी है तथा 24 वर्ष पूर्ण करने वाले सहायक शिक्षक 591 को द्वितीय क्रमोन्नति का लाभ प्रदान किया जा चुका है। 30 वर्ष की सेवा पूर्ण करने वाले सहायक शिक्षक 456 हैं। (ख) प्रश्नांश (क) अनुसार जबलपुर जिले में 735 डी.एड. प्रशिक्षित, 751 बी.एड. प्रशिक्षित, 449 बी.टी.आई. प्रशिक्षित, 612 स्नातक, 1102 स्नातकोत्तर, 221 हायर सेकेण्डरी एवं कटनी जिलें में 143 डी.एड., 263 बी.एड., 333 बी.टी.आई. प्रशिक्षित एवं 217 स्नातक, 314 स्नातकोत्तर एवं 208 हायर सेकेण्डरी उत्तीर्ण सहायक शिक्षक हैं। (ग) जी हाँ। वर्तमान में मान. सर्वोच्च न्यायालय द्वारा पदोन्नति के संबंध में यथास्थिति के निर्देश प्रदान किए गए हैं। शेषांश का प्रश्न उपस्थित नहीं होता। (घ) उत्तरांश () के प्रकाश में समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

स्‍थानांतरण/प्रतिनियुक्ति पर पदस्‍थापना

[चिकित्सा शिक्षा]

15. ( *क्र. 1878 ) डॉ. योगेन्‍द्र निर्मल : क्या राज्‍यमंत्री, चिकित्सा शिक्षा महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) विधानसभा तारांकित प्रश्‍न क्रमांक 7306, दिनांक 28.03.2016 के परिप्रेक्ष्‍य में प्रश्‍न दिनांक तक विभाग द्वारा क्‍या कार्यवाही की गई? (ख) क्‍या म.प्र. के स्‍वशासी महाविद्यालय/स्‍वास्‍थ्य विभाग में नियुक्‍त स्‍टाफ नर्स को एक विभाग से दूसरे विभाग में स्‍थानांतरण प्रतिनियुक्‍ति पर पदस्‍थ किये जाने हेतु अनापत्‍ति/सहमति के पश्‍चात् वर्ष 2012 से प्रश्‍न दिनांक तक कर्मचारियों के आदेश प्रसारित किये गये हैं? यदि हाँ, तो नाम, पदनाम, सहित जानकारी देवें? (ग) प्रतिनियुक्ति/स्‍थानांतरण की अवधि पूर्ण होने के उपरांत कितने स्‍टाफ नर्सों/नर्सिंग टयूटर/नर्सिंग सिस्‍टर की वापसी मूल विभाग में की गई है? यदि नहीं, तो, कारण बतावें? यदि हाँ, तो कब? (घ) विभाग दोषी अधिकारियों/कर्मचारियों के खिलाफ क्‍या कोई दण्‍डात्‍मक कार्यवाही करेगा? यदि हाँ, तो कब तक?

राज्‍यमंत्री, चिकित्सा शिक्षा ( एडवोकेट शरद जैन ) : (क) से (घ) जानकारी एकत्रित की जा रही है।

कुष्‍ठ एवं एच.आई.वी. रोग से पीड़ि‍तों हेतु बजट आवंटन

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

16. ( *क्र. 3446 ) कुँवर सौरभ सिंह : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) जबलपुर संभाग में कितने कुष्‍ठ रोग एवं कितने एच.आई.वी. रोग से पीड़ि‍त हैं? पृथक-पृथक संख्‍या बताएं (ख) प्रश्नांश (क) अनुसार जिलों को कुष्‍ठ निवारण एवं रोगी कल्‍याण पुनर्वास एवं एच.आई.वी. रोग हेतु वर्ष 2013-14 से 2016-17 तक राज्‍य एवं केन्‍द्र शासन से कुल कितना-कितना बजट आवंटन प्राप्‍त हुआ? (ग) प्रश्नांश (ख) बजट आवंटन का व्‍यय विधान सभा क्षेत्रवार कितना-कितना किया गया? शासन के प्रयासों से कितने-कितने रोगियों को रोग से मुक्‍त कराकर स्‍वास्‍थ्‍य लाभ दिलाया गया है?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जबलपुर संभाग में 2232 कुष्ठ के रोगी एवं 3940 एच.आई.वी. पीड़ि‍त रोगी हैं। जानकारी संलग्‍न परिशिष्‍ट के प्रपत्र '' अनुसार है। (ख) प्रश्नांश (क) अनुसार जबलपुर संभाग के जिलों को कुष्ठ निवारण हेतु एवं एच.आई.वी. रोग हेतु वर्ष 2013-14 से 2016-17 तक की आवंटित राशि की जानकारी संलग्‍न परिशिष्‍ट के प्रपत्र '' अनुसार है। (ग) राशि का आवंटन विधानसभा क्षेत्रवार नहीं किया जाता, जिला स्तर पर दिया जाता है। समस्त जबलपुर संभाग के जिलों में व्यय की गई राशि की जानकारी संलग्‍न परिशिष्‍ट के प्रपत्र  '' अनुसार है। शासन के प्रयासों से 2817 रोगियों को कुष्ठ रोग से मुक्त कराकर स्वास्थ्य लाभ दिलाया गया है। एच.आई.वी./एड्स को पूर्ण रूप से समाप्त नहीं किया जा सकता, अतः संक्रमित रोगियों का इलाज किया जाता है।

परिशिष्ट - ''चार''

बुन्‍देलखण्‍ड सांस्‍कृतिक महोत्‍सव का आयोजन

[संस्कृति]

17. ( *क्र. 1109 ) श्री शैलेन्द्र जैन : क्या राज्‍यमंत्री, संस्कृति महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रश्‍नकर्ता के अतारांकित प्रश्‍न क्र. 3930, दिनांक 10.03.2017 के उत्‍तरांश में बताया गया था कि सागर नगर में सांस्‍कृतिक संकुल निर्माण हेतु प्रशासकीय अनुमोदन उपरांत लोक निर्माण विभाग (पी.आई.यू.) को भारत सरकार के मापदण्‍डों के अंतर्गत राशि रू. 15.00 करोड़ की संशोधित डी.पी.आर. तैयार कर प्रस्‍तुत करने हेतु आदेशित किया गया है, तो क्‍या पी.आई.यू. द्वारा संशोधित डी.पी.आर. तैयार कर प्रस्‍तुत कर दी गयी है? (ख) प्रश्नांश (क) के परिप्रेक्ष्‍य में यदि हाँ, तो तैयार संशोधित डी.पी.आर. की प्रति उपलब्‍ध करायें तथा शासन द्वारा सांस्‍कृतिक संकुल निर्माण की स्‍वीकृति हेतु भारत सरकार की ओर प्रेषित कर दी है? यदि नहीं, तो कब तक प्रेषित कर दी जायेगी? (ग) प्रश्नांश (क) के परिप्रेक्ष्‍य में यदि नहीं, तो पी.आई.यू. द्वारा प्रश्‍न दिनांक तक डी.पी.आर. तैयार कर शासन की ओर प्रेषित क्‍यों नहीं की गयी? इसके लिये कौन दोषी है? (घ) क्‍या शासन संभागीय मुख्‍यालय एवं बुन्‍देली लोक संस्‍कृति के केन्‍द्र बिन्‍दु सागर में बुन्‍देली लोक कला के संरक्षण, संवर्धन एवं लोक कलाकारों के प्रोत्‍साहन हेतु बुन्‍देलखण्‍ड सांस्‍कृतिक महोत्‍सव प्रति वर्ष मनाये जाने की स्‍वीकृति देगा? यदि नहीं, तो कारण सहित बतायें?

राज्‍यमंत्री, संस्कृति ( श्री सुरेन्द्र पटवा ) : (क) डी.पी.आर. बनाये जाने हेतु संस्‍कृति संचालनालय के पत्र क्रमांक 3660, दिनांक 27.12.2016 से पी.आई.यू. को लेख किया गया है। पी.आई.यू. द्वारा आज दिनांक तक संशोधित डी.पी.आर. प्रस्‍तुत नहीं की गई है। (ख) एवं (ग) प्रश्‍नांश (क) के उत्‍तर के परिप्रेक्ष्‍य में प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (घ) आरूष वेलफेयर सोसायटी, सागर दवारा संस्‍कृति संचालनालय के सहयोग से 6-8 जून, 2017 को बुन्‍देली सांस्‍कृतिक वैभव का आयोजन किया गया है। बुन्‍देली लोक कला के संरक्षण, संवर्धन एवं लोक कलाकारों के प्रोत्‍साहन हेतु संचालनालय द्वारा 6 संस्‍थाओं को अनुदान प्रदाय किया गया है।

स्‍वराज संस्‍थान द्वारा प्रकाशित पुस्‍तकें

[संस्कृति]

18. ( *क्र. 3544 ) श्री बाला बच्‍चन : क्या राज्‍यमंत्री, संस्कृति महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) संस्‍कृति विभाग, स्‍वराज संस्‍थान द्वारा 01 जनवरी, 2014 से प्रश्‍न दिनांक तक प्रकाशित की गई समस्‍त पुस्‍तकों, विशेषांक, स्‍मारिका, मोनोग्राफ की प्रतियां उपलब्‍ध करायें। इसके लिए लेखकों को कितनी-कितनी राशि का भुगतान किया गया? इसकी वर्षवार जानकारी लेखकों के नाम सहित पृथक-पृथक दें। (ख) स्‍वराज भवन द्वारा मध्‍यप्रदेश के कितने जिलों में स्‍वाधीनता संग्राम से जुड़े दस्‍तावेजीकरण का काम पूरा कर लिया गया है? जिन जिलों के दस्‍तावेजीकरण पूर्ण हो गये हैं, उन दस्‍तावेजों की जिलेवार प्रतियां उपलब्‍ध करायें। जिन जिलों में यह कार्य अभी तक पूर्ण नहीं हुआ, वह कब तक पूर्ण हो जाएगा। (ग) स्‍वराज भवन द्वारा जिन जिलों के ऐतिहासिक घटनाक्रमों के दस्‍तावेजीकरण का कार्य पूर्ण हो गया है, उनका प्रकाशन किस दिनांक को किया गया? जिलों के नाम सहित बतायें। शेष जिलों के दस्‍तावेज का प्रकाशन कब तक होगा? (घ) रेडियो आजाद हिन्‍द का प्रसारण किस दिनांक से प्रारंभ किया गया। इसमें पदस्‍थ कर्मचारियों, अधिकारियों के नाम, पदनाम की जानकारी प्रश्‍न दिनांक तक स्‍वीकृत बजट सहित वर्षवार दें। वर्तमान में रेडियो आजाद हिन्‍द का संचालन कौन कर रहा है, उसका विवरण संचालन के लिए हुए अनुबंध की प्रति, काम कर रहे कर्मचारियों के नाम, वेतन सहित दें। प्रश्नांश (ख), (ग) में उल्‍लेखित कार्य के लिए किये गये भुगतान लंबित भुगतान, की जानकारी लेखकों के नाम सहित दें।

राज्‍यमंत्री, संस्कृति ( श्री सुरेन्द्र पटवा ) : (क) विभाग द्वारा कोई सामग्री प्रकाशित नहीं की गई है। शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ख) स्‍वाधीनता संग्राम से जुड़े मध्‍यप्रदेश के 42 जिलों का कार्य पूर्ण किया गया है। शोध कार्य पाण्‍डुलिपि के रूप में संग्रहित होने से प्रतियां उपलब्‍ध कराने का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। टीकमगढ़ जिले का शोध कार्य प्रचलित है। शेष जिलों का कार्य निरस्‍त होने से प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ग) पाण्‍डुलिपि के रूप में संग्रहित होने के कारण प्रकाशन नहीं किया है। शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (घ) रेडियो आजाद हिन्‍द का प्रसारण 25 मार्च, 2012 से प्रारंभ किया गया है। पृथक से कोई नियमित अमला पदस्‍थ नहीं है। प्रश्‍न दिनांक तक वर्षवार स्‍वीकृत बजट निम्‍नानुसार है :- 2012-13 राशि रूपये 70.00 लाख, 2013-14 राशि रूपये 75.00 लाख, 2014-15 राशि रूपये 100.00 लाख, 2015-16 राशि रूपये 100.00 लाख, 2016-17 राशि रूपये 100.00 लाख एवं 2017-18 राशि रूपये 100.00 लाख। रेडियो आजाद हिन्‍द का संचालन स्‍वराज संस्‍थान संचालनालय द्वारा किया जा रहा है। संलग्‍न परिशिष्‍ट अनुसार शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

परिशिष्ट - ''पाँच''

महिदपुर में फूड पॉइजनिंग प्रकरण में कार्यवाही

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

19. ( *क्र. 3548 ) श्री बहादुर सिंह चौहान : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रश्‍न क्रमांक 3175, दिनांक 01.03.2017 के (क) उत्‍तर में वर्णित प्रकरणों में कितनी शास्ति राशि किनसे वसूली गई, कितनी शास्ति राशि किनसे वसूली शेष है? नाम, राशि सहित देवें। (ख) उपरोक्‍तानुसार (ख) उत्‍तर में वर्णित प्रकरणों की जानकारी भी देवें?                                                             (ग) अक्‍टूबर माह में महिदपुर में फूड पॉइजनिंग प्रकरण में क्‍या विभाग आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज करवाकर गिरफ्तारी करवा रहा है? यदि नहीं, तो क्‍यों? (घ) विभाग कब तक आरोपियों को गिरफ्तार करवाएगा?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) से (घ) जानकारी एकत्रित की जा रही है।

स्‍कूलों में अध्‍ययनरत छात्र-छात्राएं

[स्कूल शिक्षा]

20. ( *क्र. 3603 ) श्री जयवर्द्धन सिंह : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) राघौगढ़ विधान सभा क्षेत्र में अप्रैल, 2014 से कितने स्‍कूल बंद किये गये हैं? कितने स्‍कूलों का युक्तियुक्‍तकरण किया गया है, नाम बतायें? कितने शासकीय प्राथमिक, माध्‍यमिक और हाई स्‍कूलों में 50 से कम बच्‍चे अध्‍यनरत हैं? कक्षावार, स्‍कूलवार नाम एवं संख्‍या बतायें                                                        (ख) प्रश्नांश (क) अनुसार विद्यालयों में प्रश्‍न दिनांक तक सहायक अध्‍यापक, अध्‍यापक और वरिष्‍ठ अध्‍यापक के कितने पद कब से रिक्‍त हैं? इन स्‍कूलों में कितने अतिथि शिक्षक नियुक्‍त किए गए हैं? (ग) राघौगढ़ विधान सभा क्षेत्र में कितने पद प्राचार्य हाई स्‍कूल, प्राचार्य उ.मा.वि. एवं प्रधान अध्‍यापक माध्‍यमिक शाला में कितने पद रिक्‍त हैं तथा हायर सेकेण्‍ड्री स्‍कूलों में फिजिक्‍स, केमिस्‍ट्री, बायोलॉजी और गणित विषय के स्‍वीकृत और रिक्‍त हैं? संख्‍यात्‍मक जानकारी दें 

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशि‍ष्ट अनुसार है। कोई भी स्‍कूल का युक्तियुक्‍तकरण या बन्‍द नहीं किया गया है। (ख) प्राथमि‍क वि‍‍‍‍‍‍द्यालय में 30 एवं माध्यमिक विद्यालय में 67 पद रिक्त हैं। प्राथमिक शालाओं में वर्ग 03 के 13 तथा माध्यमिक विद्यालयों में वर्ग 02 के कुल 58 अतिथि शिक्षक रखे गए हैं। (ग) राघौगढ़ विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत 18 हाईस्कूलों में एवं 13 हायर सेकेण्डरी में प्राचार्य के पद रिक्त हैं। माध्यमिक विद्यालय में आर.टी.ई. के मान से प्रधान अध्यापक के 34 पद रिक्त हैं। फिजिक्स में स्वीकृत 9 में से 7, केमेस्ट्री में स्वीकृत 9 में से 4 पद, बायोलॉजी में स्वीकृत 12 में से 2 तथा गणित में स्वीकृत 12 में से 5 पद रिक्त है।

कांटिजेंसी/दैनिक वेतन भोगी कर्मचारियों का नियमितीकरण

[स्कूल शिक्षा]

21. ( *क्र. 679 ) श्री राजेन्द्र फूलचं‍द वर्मा : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या शासन द्वारा कांटि‍जेंसी/दैनिक वेतन भोगियों कर्मचारियों को नियमित करने हेतु कोई कार्यवाही चल रही है? (ख) यदि कार्यवाही चल रही है तो देवास जिले के कितने कर्मचा‍री हैं, जिनको नियमित किया जाना है तथा किन-किन पद पर नियमित किया जाना है? (ग) क्‍या नियमितीकरण के लिये पद रिक्‍त हैं? यदि नहीं, तो क्‍या शासन द्वारा पदोन्‍नति‍ हेतु योग्‍य कर्मचारियों की पदोन्‍नति कर रिक्‍त पदों पर नियमितीकरण की प्रक्रिया करने का कोई विचार है?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी हाँ। (ख) शि‍क्षा वि‍भाग जि‍ला देवास अंतर्गत कांटि‍जेंसी/दैनि‍क वेतन भोगी पद पर कोई कर्मचारी कार्यरत नहीं है। अत: शेषांश का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ग) प्रश्‍नांश (ख) के उत्‍तर के प्रकाश में प्रश्‍न उपस्‍ि‍थत नहीं होता।

विमुक्त घुमक्कड़ एवं अर्द्ध घुमक्कड़ जाति बस्ती में निर्माण

[विमुक्त, घुमक्कड़ एवं अर्द्धघुमक्कड़ जाति कल्याण]

22. ( *क्र. 170 ) श्री हितेन्द्र सिंह ध्‍यान सिंह सोलंकी : क्या राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि (क) विमुक्त घुमक्कड़ एवं अर्द्ध घुमक्कड़ जाति की क्या परिभाषा है? खरगोन जिले की बड़वाह एवं महेश्वर तहसील में कौन-कौन से ग्रामों में ये लोग निवास करते हैं? ग्रामों की सूची दी जावे। (ख) पिछले दो वित्त वर्ष में प्रश्नकर्ता द्वारा इन जातियों में निर्माण कार्यों की स्वीकृति के कब-कब क्या-क्या प्रस्ताव प्रस्तुत किये गए हैं? प्राप्त प्रस्तावों पर विभाग द्वारा कितने निर्माण कार्य स्वीकृत किये गए हैं? उसकी सूची दी जावे। यदि नहीं हुए हैं तो क्या कारण रहे हैं, कब तक स्वीकृत हो जावेगा?

राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग ( श्रीमती ललिता यादव ) : (क) अस्थिरवासी एवं अर्द्ध अस्थिरवासी लोगों के समूह को विमुक्‍त घुमक्‍कड़ एवं अर्द्धघुमक्‍कड़ जाति कहा जाता है। शेष जानकारी एकत्रित की जा रही है। (ख) जानकारी एकत्रित की जा रही है। समयावधि बताना संभव नहीं है।

प्राथमिक विद्यालय भवन का निर्माण

[स्कूल शिक्षा]

23. ( *क्र. 3494 ) श्रीमती झूमा सोलंकी : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) भीकनगांव विधानसभा क्षेत्रान्तर्गत जनपद पंचायत झिरन्या के ग्राम ढसलगांव में प्रा.वि. का संचालन कहाँ पर हो रहा है? क्या स्कूल का संचालन निजी मकान में हो रहा है? यदि हाँ, तो क्यों? क्या कारण है कि वर्तमान तक प्रा.वि. भवन का कार्य पूर्ण नहीं हुआ है? (ख) प्रा.वि. ढसलगांव में भवन निर्माण कब तक पूर्ण होगा तथा यह भवन स्वीकृति वर्ष से वर्तमान तक पूर्ण नहीं हुआ है, इसके लिए कौन-कौन दोषी हैं तथा इतने समय तक भवन निर्माण कार्य न करने के कारण शासन द्वारा क्या-क्या कार्यवाही की गई? (ग) क्या अतिशीघ्र भवन बनाने हेतु शासन कोई कार्यवाही करेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) भीकनगांव विधानसभा क्षेत्रांतर्गत जनपद पंचायत झिरन्या के ग्राम ढसलगांव में प्राथमिक शाला नवाडफाल्या का भवन वर्ष 2005-06 में स्वीकृत किया गया था जो कि 15.10.2017 को पूर्ण किया जाकर पूर्णता प्रमाण पत्र जारी किया गया है। संचालन उसी शाला के नवनिर्मित भवन में हो रहा है। जी नहीं। शेषांश का प्रश्न ही उपस्थित नहीं होता है। (ख) एवं (ग) उत्तारांश (क) अनुसार।

संविदा शाला शिक्षकों के रिक्त पदों की पूर्ति

[स्कूल शिक्षा]

24. ( *क्र. 644 ) श्री हरवंश राठौर : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) बण्‍डा विधान सभा क्षेत्रान्‍तर्गत विगत वर्ष 2016-17, 2017-18 में प्रश्‍न दिनांक तक संविदा शाला शिक्षकों के कितने पदों के विरूद्ध नियुक्तियां/अतिथि शिक्षकों को पदस्‍थ किया गया है एवं कितने पद रिक्‍त हैं? रिक्‍त पदों की पूर्ति कब तक की जावेगी? (ख) संविदा शालाओं में शिक्षकों की नवीन भर्ती किस कारण से नहीं की जा रही है? (ग) क्‍या रिक्त पदों के विरूद्ध अधिकांश एक शिक्षकीय शालाओं में अतिथि शिक्षक अध्यापन कार्यों हेतु अनुपस्थित रहते हैं, जिसके कारण छात्र-छात्राओं के अध्यापन कार्य का नुकसान हो रहा है? ऐसे अतिथि शिक्षकों के विरूद्ध क्या कार्यवाही प्रस्तावित की जाती है?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) बण्डा विधानसभा क्षेत्र में संविदा शाला शिक्षकों के पद पर प्रश्नावधि में कोई नियुक्तियां नहीं हुई हैं। वर्ष 2016-17 में 561 एवं वर्ष 2017-18 में 469 अतिथि शिक्षक रखें गये हैं। योग्यताधारी अतिथि शिक्षक उपलब्ध नहीं होने से 24 पद रिक्त हैं। (ख) संविदा शाला शिक्षक की पात्रता परीक्षा की कार्रवाई प्रक्रियाधीन है। (ग) जी नहीं। अतः शेषांश का प्रश्न उपस्थित नहीं होता।

शासकीय स्‍कूलों में पदस्‍थ शिक्षकों व प्राचार्यों का अन्‍यत्र अटैचमैंट

[स्कूल शिक्षा]

25. ( *क्र. 3597 ) श्रीमती इमरती देवी : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या शिक्षा विभाग में शिक्षकों की कमी के बावजूद भी कई शिक्षक व कर्मचारी एवं अधिकारि‍यों को मूल पदस्‍थापना के स्‍थान को छोड़कर अन्‍य ऑफिसों में अटैचमेंट किया गया है? (ख) ग्‍वालियर जिले में शासकीय माध्‍यमिक हाई स्‍कूल बिलौआ में पदस्‍थ श्री ओ.पी. जैन (प्राचार्य) की पदस्‍थापना बिलौआ में होने के उपरांत भी जिला शिक्षा अधिकारी ग्‍वालियर कार्यालय खेल विभाग में क्‍यों की गई है? इनको यहां से हटा कर कब तक वापस मूल विभाग भेजा जायेगा? उपरोक्‍त विद्यालय बिलौआ में कितने पद रिक्‍त हैं रिक्‍त पदों की पूर्ति कब तक की जावेगी?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जानकारी एकत्रित की जा रही है। (ख) जी नहीं।                         श्री ओ.पी. जैन प्राचार्य शा.हाई. स्कूल बिलौआ को कार्यालय जिला शि‍क्षा अधिकारी ग्वालियर के खेल विभाग (कक्ष) अथवा अन्य कक्ष में पदस्थ/आसंजित नहीं किया गया है। शेषांश का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। शास. हाई. स्कूल बिलौआ में तीन पद अध्यापक संवर्ग (गणित, अंग्रेजी एवं संस्कृत विषय के) एक सहायक अध्यापक विज्ञान एवं एक लिपिक संवर्ग (सहायक ग्रेड-2) का पद रिक्त है। रिक्त पदों की पूर्ति एक सतत् प्रक्रिया है। अतः समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

 

 

 

 



भाग-2

नियम 46 (2) के अंतर्गत अतारांकित प्रश्नोत्तर के रुप में परिवर्तित तारांकित प्रश्नोत्तर


अल्प संख्यक कल्याण की योजनाओं की स्वीकृति

[पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण]

1. ( क्र. 172 ) श्री हितेन्द्र सिंह ध्‍यान सिंह सोलंकी : क्या राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि (क) राज्य शासन द्वारा अल्प संख्यक कल्याण के लिए क्या क्या योजनायें संचालित हैं. उसकी सूची दी जावे. (ख) प्रश्‍नांश (क) के अनुसार प्रश्‍नकर्ता द्वारा विधान सभा क्षेत्र बड़वाह में अल्प संख्यक बस्तियों में निर्माण आदि के लिए विगत एक वर्ष में कब-कब प्रस्ताव दिए गए है? इन प्राप्त प्रस्ताव पर विभाग द्वारा क्या कार्यवाही की गई है? क्या प्रश्‍नकर्ता द्वारा अल्पसंख्यक समुदाय के कब्रि‍स्तान की दीवार का प्रस्ताव दिया है. (ग) यदि हाँ, तो अब तक क्या कार्यवाही की गई है? यदि नहीं, तो क्या कारण रहे हैं? कब तक राशि स्वीकृत हो जावेगी?

राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग ( श्रीमती ललिता यादव ) : (क) राज्‍य शासन द्वारा अल्‍पसंख्‍यक कल्‍याण के लिए निम्‍नलिखित योजनाएं संचालित हैं:- 1. राज्‍य स्‍तरीय रोजगार एवं प्रशिक्षण केन्‍द्र (पिछड़ा वर्ग एवं अल्‍पसंख्‍यक) भोपाल। 2. मुख्‍यमंत्री स्‍वरोजगार योजना (पिछड़ा वर्ग/अल्‍पसंख्‍यक)। 3. मुख्‍यमंत्री आर्थिक कल्‍याण योजना (पिछड़ा वर्ग/अल्‍पसंख्‍यक)। 4. पिछड़ा वर्ग एवं अल्‍पसंख्‍यक वर्ग के शिक्षित बेरोजगार युवक-युवतियों को रोजगार प्रशिक्षण (रोजगार गारंटी) योजना। 5. मध्‍यप्रदेश अल्‍पसंख्‍यक सेवा राज्‍य पुरस्‍कार योजना। 6. अल्‍पसंख्‍यक पोस्‍टमैट्रिक कन्‍या छात्रावास। (भारत सरकार की केन्‍द्र प्रवर्तित) 7. अल्‍पसंख्‍यक वर्ग के लिए मेरिट कम मीन्‍स छात्रवृत्ति योजना। (भारत सरकार की केन्‍द्र क्षेत्रीय योजना) 8. अल्‍पसंख्‍यक वर्ग के लिए पोस्‍टमैट्रिक छात्रवृत्ति योजना। (भारत सरकार की केन्‍द्र क्षेत्रीय योजना) 9. अल्‍पसंख्‍यक वर्ग के लिए प्री-मैट्रिक छात्रवृत्ति योजना। (भारत सरकार की केन्‍द्र क्षेत्रीय योजना) 10. अल्‍पसंख्‍यक बाहुल्‍य क्षेत्रों की विकास योजना। (भारत सरकार की केन्‍द्र क्षेत्रीय योजना) 11. अल्‍पसंख्‍यक कल्‍याण हेतु केन्‍द्र सरकार द्वारा चिन्हित कस्‍बे महू केन्‍ट इन्‍दौर, श्‍योपुर, खरगोन एवं बुरहानपुर में इंदिरा आवास, आंगनवाड़ी, अल्‍पसंख्‍यक कन्‍या छात्रावास, कौशल विकास केन्‍द्र स्‍कूल बिल्डिंग आदि के निर्माण की योजना संचालित की जा रही है। (ख) विधानसभा क्षेत्र बड़वाह में अल्‍पसंख्‍यक बाहुल्‍य क्षेत्रों की योजना एम.एस.डी.पी. में चिन्हित नहीं है। राज्‍य की योजना में कोई प्रस्‍ताव विधानसभा क्षेत्र बड़वाह हेतु प्रस्‍तावित नहीं है। शेष प्रश्‍न उत्‍पन्‍न नहीं होता। अल्‍पसंख्‍यक समुदाय के कब्रिस्‍तान की दीवार का प्रस्‍ताव प्राप्‍त नहीं है। (ग) प्रश्‍न उत्‍पन्‍न नहीं होता है।

पैथोलॉजी लेब का रजिस्ट्रेशन

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

2. ( क्र. 251 ) श्री कालुसिंह ठाकुर : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) निजी पैथालॉजी लैब खोलने के लिए शासन द्वारा क्या रजिस्ट्रेशन आवश्यक किया गया है? (ख) यदि हाँ, तो क्या उन्हें रिपोर्ट पर लैब का नाम रजिस्ट्रेशन नम्बर एवं चिकित्सक का नाम तथा डिग्री दर्शाना अनिवार्य है? (ग) मध्यप्रदेश के आदिवासी बहुल जिलों धार, बड़वानी, झाबुआ, अलिराजपुर, शहडोल, मण्डला आदि जिलों में कितने पैथोलॉजिस्ट चिकित्सक शासकीय पेथलॉजी लैबों में कार्यरत हैं तथा कितने निजी लैब चला रहे हैं? कृपया उनका नाम, डिग्री, एम.सी.आई. का रजिस्ट्रेशन नम्बर तथा कार्य का स्थान एवं पैथोलॉजी लैब का नाम बतावें?                       (घ) उपरोक्त जिलों में कितनी पैथोलॉजी लैब फर्जी रूप से चलाई जा रही है तथा उनके विरूद्ध शासन द्वारा क्या कार्यवाही की जा रही है?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी हाँ। (ख) जी हाँ। (ग) जानकारी संलग्न परिशिष्ट अनुसार है। (घ) जिला धार, बड़वानी, झाबुआ, अलिराजपुर, शहडोल, मण्डला में कोई भी फर्जी पैथालॉजी लेब संचालित नहीं है। शेष प्रश्न उपस्थित नहीं होता।

परिशिष्ट - ''छ:''

प्रश्नकर्ता विधायक के प्रश्न क्र. 64 (21/07/2017 ) के उत्तर की जानकारी

[स्कूल शिक्षा]

3. ( क्र. 453 ) श्री यशपालसिंह सिसौदिया : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रश्नकर्ता विधायक के अतारांकित प्रश्न क्रमांक 1359 दिनाक 21/07/2017 के उत्तर में अवगत कराया गया कि सर्वशिक्षा अभियान अंतरगत BRC की नियुक्तियां AEO से भरी जा रही है, क्या AEO भर्ती के लिए न्यायालय के प्रकरण समाप्त हो गया है? (ख) यदि नहीं, तो रतलाम में मई-जून 2017 में तत्कालीन जिला कलेक्टर के निर्देशन में आयोजित निष्पक्ष परीक्षा के आधार पर BRC की नियुक्तियों के लिए चयनित योग्य प्रतिभागियों की नियुक्तियों को निरस्त क्यों किया गया? (ग) रतलाम जिले में 1 जनवरी, 2014 के पश्‍चात सर्व शिक्षा अभियान की BRC सहित अन्‍य नियुक्तियों को किस आधार पर किया गया? क्‍या रतलाम में तत्‍कालीन कलेक्‍टर के निर्देशन में आयोजित BRC पद हेतु चयनित सभी अभ्‍यार्थियों को पुन: BRC पद पर नियुक्तियाँ दी जाएगी यदि नहीं, तो परीक्षा आयोजित कर चयन के क्‍या कारण थे? (घ) मंदसौर व रतलाम, जिलों में सर्व शिक्षा अभियान के तहत कितने स्कूल भवन, कमरे ऐसे हैं, जो प्रश्न दिनाक तीन वर्ष पूर्ण होने के बावजूद नहीं बन पाए हैं? इसके लिए कौन-कौन दोषी हैं? दोषियों के खिलाफ क्या-क्या कार्यवाही की गयी?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी हाँ। (ख) जिले से बी.आर.सी. के पद की पूर्ति के संबंध में राज्य स्तर से निर्देश न होने एवं उत्तरांश (क) के परिप्रेक्ष्य में जिले द्वारा की जा रही कार्यवाही निरस्त की गई। (ग) वर्ष 2014 के पश्चात रतलाम जिले में बी.आर.सी. की नियुक्ति नहीं की गई। राज्य शिक्षा केंद्र के पत्र क्र. राशिके/नियु/2015/7812 दिनांक 30.10.2015 के अनुपालन में बी.ए.सी. एवं जनशिक्षकों की सेवायें प्रतिनियुक्ति पर ली गई। जी नहीं। शेषांश (ख) के उत्तर के प्रकाश में प्रश्न उपस्थित नहीं होता है। (घ) सर्वशिक्षा अभियान के तहत रतलाम जिले में 29 भवन तथा 223 अतिरिक्त कक्ष ऐसे हैं, जो तीन वर्ष पूर्ण होने के बावजूद नहीं बन पाए है। इसके लिए सरपंच/सचिव दोषी है। दोषियों के खिलाफ जाँच कराई गई एवं धारा 92 के तहत ब्याज सहित राशि वसूलने के लिए वसूली प्रकरण कार्यालय मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत रतलाम में प्रचलन में है। मंदसौर जिले में 04 अतिरिक्त कक्ष है, जो तीन वर्ष पूर्ण होने के बावजूद भी अपूर्ण हैं। इस संबंध में मुख्य कार्यपालन अधिकारी, जिला पंचायत मंदसौर द्वारा संबंधित निर्माण एजेन्सी को कारण बताओ सूचना पत्र जारी किये गये है। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट अनुसार है। अतः शेषांश का प्रश्न उपस्थित नहीं होता।

कन्‍या हायर सेकेण्‍डरी भवन निर्माण

[स्कूल शिक्षा]

4. ( क्र. 681 ) श्री राजेन्द्र फूलचं‍द वर्मा : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या शासकीय कन्‍या उच्‍चतर माध्‍यमिक विद्यालय सोनकच्‍छ का भवन स्‍वीकृत है, यदि हाँ, तो कब से स्‍वीकृत होकर निर्माणाधीन है? (ख) शासकीय कन्‍या उच्‍चतर माध्‍यमिक विद्यालय सोनकच्‍छ का भवन निर्माण कहाँ पर कराया जा रहा है? निर्माण कार्य किस दिनांक से शुरू हुआ था तथा आज दिनांक तक निर्माण कार्य पूर्ण क्‍यों नहीं हुआ। निर्माण की निर्धारित समयावधि क्‍या थी स्‍पष्‍ट करें? (ग) भवन आज दिनांक तक अपूर्ण होने के क्‍या कारण हैं निर्माण कार्य अपूर्ण होने पर दोषियों के खिलाफ क्‍या कार्यवाही की गई? अधूरा निर्माण कार्य कब तक पूर्ण होगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी हाँ। प्रश्नाधीन स्कूल भवन निर्माण कार्य वर्ष 2010 से आरंभ होकर निर्माणाधीन है। (ख) प्रश्नाधीन भवन का निर्माण सोनकच्छ में भोपाल-इंदौर बायपास रोड पर पेट्रोल पम्प के सामने किया जा रहा है। जानकारी उत्तरांश '''' अनुसार है। लागत वृद्धि के कारण कार्य पूर्ण नहीं हो सका है। निर्माण की समयावधि कार्य आरंभ से लेकर 18 माह थी। (ग) तत्समय लागत वृद्धि के कारण निर्माण कार्य अवरूद्ध हो गया था। नियमानुसार लागत वृद्धि की अनुमति निर्माण एजेन्सी को दी जाकर कार्य तत्‍काल आरंभ कर कार्य पूर्ण करने हेतु निर्माण एजेन्सी को लिखा गया है। अतःशेषांश उद्भूत नहीं होता। निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

शालाओं में प्रदान की गई सामग्री एवं मध्यान्ह भोजन के बर्तनों की जानकारी

[स्कूल शिक्षा]

5. ( क्र. 1181 ) श्री हरवंश राठौर : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                    (क) बण्‍डा विधानसभा क्षेत्रान्तर्गत संचालित शालाओं में टेलीविजन, मध्यान्ह भोजन हेतु गैस कनेक्शन, चूल्हा, अन्य बर्तन, कम्प्यूटर, ट्रांजिस्टर रेडियो कितने विद्यालयों को कब प्रदान किए गए? सूची उपलब्ध कराई जाए इन सामग्री के रख-रखाव और देखभाल हेतु किसकी जिम्मेदारी है?                         (ख) वर्तमान में प्रश्नांश दिनांक तक वितरित की गई सामग्री की भौतिक स्थिति क्या है? शालावार जानकारी सूची सहित दी जाए। (ग) प्रश्नांश (ख) के अनुक्रम में जो सामग्री या मध्‍यान्‍ह भोजन के बर्तन खराब/चोरी तथा भौतिक सत्यापन में प्राप्त नहीं हुई या खराब पाई गई है जिसके कारण खाना खाने हेतु छात्र-छात्राएं अपने घर से थाली लेकर आते हैं उसके लिए क्या प्रावधान है? इस हेतु क्या कार्यवाही की जा रही है?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) बण्‍डा विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत कक्षा 1 से 8 तक संचालित प्राथमिक/माध्‍यमिक शालाओं में उपलब्‍ध सामग्रियों की सूची की जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है। इस सामग्री का रख-रखाव एवं देखभाल शाला प्रबंधन समिति द्वारा किया जाता है। हाईस्‍कूल/हायर सेकेण्‍डरी की जानकारी एकत्रित की जा रही है। (ख) सामग्री की भौतिक स्थिति की जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है। (ग) मध्‍यान्‍ह भोजन के बर्तन खराब या चोरी हो जाने के कारण आवश्‍यकता अनुसार राशि जिला पंचायत के माध्‍यम से शाला प्रबंधन समिति को जारी की गई है।

गुना जिले में डी.पी.सी. अथवा सहायक संचालक को पदस्थ करने विषयक

[स्कूल शिक्षा]

6. ( क्र. 1372 ) श्रीमती ममता मीना : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या जिला परियोजना समन्वयक का पद अब सहायक स्तर का हो गया है? (ख) म.प्र. में कितने डी.पी.सी. सहायक संचालक स्तर के हैं तथा कितने प्रभारी के रूप में कार्य कर रहे है?                  (ग) गुना जिले में डी.पी.सी. अथवा सहायक संचालक कब तक पदस्थ किया जावेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी हाँ। (ख) प्रदेश में 04 जिलों में सहायक संचालक संवर्ग के एवं 26 जिलों में प्राचार्य संवर्ग के अधिकारी प्रतिनियुक्ति पर जिला परियोजना समन्वयक के पद पर पदस्थ है तथा 21 जिलों में जिला परियोजना समन्वयक के पद पर प्रभारी के रूप में कार्य कर रहे हैं। (ग) वर्तमान में गुना जिले में प्राचार्य संवर्ग को जिला परियोजना समन्वयक का प्रभार सौंपा गया है। विभाग में सहायक संचालक की उपलब्धता होने पर पूर्णकालिक रूप से पदस्थापना की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों पर डॉक्‍टरों की तैनाती करने हेतु

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

7. ( क्र. 1522 ) श्रीमती चन्‍दा सुरेन्‍द्र सिंह गौर : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या खरगापुर विधानसभा-47 के सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र पलेरा, बल्‍देवगढ़, खरगापुर में कितने डॉक्‍टरों के पद शासन द्वारा स्‍वीकृत हैं और वर्तमान में                    कहाँ-कहाँ कितने पदस्‍थ हैं तथा महिला डॉक्‍टर कहाँ-कहाँ पर पदस्‍थ है? कहाँ-कहाँ नहीं है? (ख) क्‍या खरगापुर स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र मात्र एक डॉक्‍टर के भरोसे पर संचालित किया जा रहा है। तथा खरगापुर क्षेत्र के मरीज इधर-उधर इलाज के लिये भटकते रहते हैं आम जनता के स्‍वास्‍थ्‍य को ध्‍यान में रखते हुए शासन से स्‍वीकृत पदों की पूर्ति कब तक करवा दी जावेगी? (ग) क्‍या खरगापुर विधानसभा-47 के किन-किन प्राथमिक अस्‍पतालों पर शासन से स्‍वीकृत पदों अनुसार डॉक्‍टरों की तैनाती है तथा किन-किन प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों पर डॉक्‍टर नहीं है तथा ग्रामीण क्षेत्रों में आम जनता का इलाज कैसे संभव होता होगा? इसलिए समस्‍त प्राथमिक चिकित्‍सालयों की जानकारी सूची उपलब्‍ध करायें?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जानकारी संलग्न परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ख) जी हाँ। विभाग पदपूर्ति हेतु निरंतर प्रयास कर रहा है, लोक सेवा आयोग से चयन उपरांत सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र, खरगापुर में एक नियमित चिकित्सक की पदस्थापना की गई थी परंतु उक्त चिकित्सक द्वारा कार्य ग्रहण नहीं किया गया। विशेषज्ञों के पद प्रदेश में विशेषज्ञों की अत्यधिक कमी के कारण रिक्त हैं। मध्यप्रदेश लोक सेवा आयोग को पुनः 1277 चिकित्सकों का मांग पत्र प्रेषित किया जा रहा है, उपलब्धता अनुसार पदपूर्ति की कार्यवाही की जा सकेगी। निश्चित समयावधि बताई जाना संभव नहीं है। (ग) जानकारी संलग्न परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। 05 प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्रों में से 03 में चिकित्सा अधिकारी उपलब्ध हैं, शेष 02 संस्थाओं में वैकल्पिक व्यवस्था अंतर्गत सप्ताह में 02 दिवस, चिकित्सक आम-जन को स्वास्थ्य सेवायें प्रदान करते हैं।

परिशिष्ट - ''सात''

विमुक्‍त, घुमक्‍कड़ एवं अर्द्धघुमक्‍कड़ बस्तियों को मूलभूत सुविधाएं

[विमुक्त, घुमक्कड़ एवं अर्द्धघुमक्कड़ जाति कल्याण]

8. ( क्र. 1603 ) श्री अरूण भीमावद : क्या राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि (क) परि. अता. प्रश्‍न क्र. 2041 दिनांक 18/12/15, तारा. प्रश्‍न क्र. 2308 दिनांक 1/3/16, तारा. प्रश्‍न क्र. 636 दिनांक 9/12/16, तारा. प्रश्‍न क्र. 1325 दिनांक 8/3/17 एवं तारा. प्रश्‍न क्र. 884/दिनांक 28/7/17 के तारतम्‍य विमुक्‍त, घुमक्‍कड़ एवं अर्द्धघुमक्‍कड़ बस्तियों में मूलभूत सुविधा हेतु निवेदन किया गया था? (ख) प्रश्‍नांश (क) के अनुसार शाजापुर विधान सभा में उक्‍त जातियों की बस्तियों में मूलभूत सुविधाएं क्‍या प्राप्‍त हो सकी हैं? शाजापुर विधान सभा में उक्‍त बस्तियों की बाहुलता है क्‍या? (ग) क्‍या बस्तियों को मूलभूत सुविधाएं इसी वित्तीय वर्ष में प्राप्‍त होगी?

राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग ( श्रीमती ललिता यादव ) : (क) जी हाँ। (ख) जानकारी एकत्रित की जा रही है। (ग) समयावधि बताना संभव नहीं।

सामुदायिक/प्रा‍थमिक एवं उप-स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों पर मूलभूत सुविधाएं उपलब्‍ध कराना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

09. ( क्र. 1692 ) श्री हेमन्‍त सत्‍यदेव कटारे : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या अटेर सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र पर एक्‍स-रे मशीन एवं अन्‍य सभी उपकरण क्रियाशील नहीं है? इसी प्रकार क्षेत्र के अन्‍य प्राथमिक व उप-स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों पर भी उपकरण क्रियाशील नहीं होने से क्षेत्र की जनता स्‍वास्‍थ्‍य सेवाओं से वंचित रह रही है? इसके लिये दोषी कौन है और कब तक सभी उपकरण क्रियाशील कर दिये जावेंगे? (ख) प्रश्‍नांश (क) के संदर्भ में सभी केन्‍द्रों उपचार की समुचित सुविधा उपलब्‍ध नहीं है, चिकित्‍सक एवं अन्‍य अधीनस्‍थ स्‍टॉफ विशेषकर पैरामेडिकल व नर्सिंग स्‍टाफ के पदस्‍थ नहीं रहने से जनता को स्‍वास्‍थ्‍य सुविधाओं से वंचित रखा जा रहा है? स्‍टॉफ की कब तक पूर्ति कर दी जावेगी। (ग) विधान सभा क्षेत्र अटेर के सभी स्‍वास्‍थ्‍य एवं उप स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों पर वर्ष 2016-17 एवं 2017-18 में किस-किस मद में कितना आवंटन उपलब्‍ध कराया गया? क्‍या अटेर क्षेत्र के आवंटन का उपयोग जिला स्‍तर पर सामग्री क्रय करने किया गया है? यदि ऐसा है, तो इसके लिये दोषी अधिकारियों के विरूद्ध कार्यवाही की जावेगी एवं क्षेत्र के सभी स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों पर मरीजों को कब तक दवाएं एवं अन्‍य सुविधाएं उपलब्‍ध करायी जावेगी? (घ) विधान सभा क्षेत्र के जिन स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों को पात्रतानुसार एम्‍बुलेंस सेवा प्राप्‍त होना चाहिए उन्‍हें कब तक एम्‍बुलेंस वाहन उपलब्‍ध कराये जावेंगे?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी नहीं, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र अटेर में केवल एक्स-रे मशीन को छोड़कर शेष उपकरण क्रियाशील है। जी नहीं, क्षेत्र के अन्य प्राथमिक व उप स्वास्थ्य केन्द्रों में उपकरण क्रियाशील है। शेष प्रश्न उपस्थित नहीं होता। (ख) जी नहीं। जी नहीं। रिक्त पदों की पूर्ति हेतु विभाग द्वारा निरन्तर कार्यवाही की जा रही है।                    समय-सीमा बता पाना संभव नहीं है। (ग) बजट आवंटन विधानसभा क्षेत्र व स्वास्थ्य केन्द्र अनुसार नहीं किया जाता है, अतः प्रश्न उपस्थित नहीं होता। प्रश्न उपस्थित नहीं होता। विधानसभा क्षेत्र अटेर के सभी स्वास्थ्य केन्द्रों के मरीजों को दवाइयां एवं अन्य स्वास्थ्य सुविधायें उपलब्ध कराई जा रही है। (घ) एम्बुलेंस वाहनों को विधानसभा क्षेत्र में स्वास्थ्य संस्थावार नहीं लगाया जाता, अपितु जिलों में विभिन्न स्थानों पर लगाया जाता है तदानुसार विधानसभा क्षेत्र अटेर में 02 दीनदयाल 108 एम्बुलेंस एवं 03 जननी एम्बुलेंस संचालित है। शेष प्रश्न उपस्थित नहीं होता।

झौतेश्‍वर स्थित 100 बिस्तर अस्पताल भवन प्रारंभ किया जाना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

10. ( क्र. 1791 ) डॉ. कैलाश जाटव : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या विधानसभा क्षेत्र गोटेगांव अंतर्गत झौतेश्‍वर में लोक निर्माण विभाग द्वारा 100 बिस्तर का अस्पताल का निर्माण करीब 8-10 वर्ष पूर्व किया गया था? (ख) प्रश्‍नांश (क) अनुसार यदि हाँ, तो उक्त अस्पताल के निर्माण का उद्देश्‍य क्या था? क्या उक्त भवन अपने उद्देश्‍यों की पूर्ति कर रहा है? यदि नहीं, तो इसका कारण स्पष्ट करें। (ग) क्या उक्त भवन को प्रारंभ करने की विभाग की कार्ययोजना है? यदि हाँ, तो उक्त भवन में स्वास्थ्य सुविधाओं का लाभ कब तक प्रदान किया जावेगा?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी हाँ दिनांक 16.10.2001 को पूर्ण किया गया। (ख) आम जनता को स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के उद्देश्य से निर्माण किया गया। वर्तमान में झौतेश्‍वर में 100 बिस्तर अस्पताल की संस्था स्वीकृत नहीं है अतः भवन का पूर्ण कालिक उपयोग नहीं हो रहा है परन्तु मेला आदि के समय स्वास्थ्य सेवाएं के संचालन हेतु इस भवन का उपयोग किया जाता है। (ग) उक्त भवन को प्रारम्भ करने के संबंध में कलेक्टर नरसिंहपुर के माध्यम से ''न्यास अध्यात्मिक उत्थान मण्डल'' को स्वास्थ्य सुविधाओं के संचालन हेतु सौंपे जाने का प्रस्ताव प्राप्त हुआ है जो परीक्षणाधीन है इस भवन के उपयोग के संबंध में प्रस्ताव परीक्षणाधीन होने से निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

अन्य विभागों से शिक्षा विभाग में कर्मचारियों की सौंपी गई सेवा

[स्कूल शिक्षा]

11. ( क्र. 1793 ) डॉ. कैलाश जाटव : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) नरसिंहपुर जिले में शिक्षा विभाग में अन्‍य विभागों द्वारा सौपी गई सेवा के अन्‍तर्गत कर्मचारी कार्यरत है? यदि हाँ, तो कितने कर्मचारी कब से किन पदों पर कहाँ-कहाँ कार्यरत है? (ख) इनकी सेवा निवृति हेतु आयु शिक्षा विभाग के कर्मचारियों की तरह है? यदि नहीं, तो इनकी सेवा निवृत्ति आयु का आधार क्‍या है? (ग) इनकी सेवा शर्तें क्या हैं, की सत्य प्रतिलिपि उपलब्ध करावें? (घ) नरसिंहपुर जिले के शिक्षा विभाग में अन्‍य विभागों के कार्यरत कर्मचारी एवं सेवा निवृत्ति होने के दिनांक के साथ सूची उपलब्‍ध करावें।

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी हाँ। सूची पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के                    प्रपत्र-'''' अनुसार है। (ख) जी हाँ। शेष का प्रश्‍न उपस्‍थित नहीं होता। (ग) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-'''' अनुसार है। (घ) जानकारी प्रश्नांश '''' अनुसार है।

युक्ति-युक्तिकरण में विलम्‍ब के कारण अधर में पड़ा बच्‍चों का भविष्‍य

[स्कूल शिक्षा]

12. ( क्र. 1794 ) श्री राजेश सोनकर : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) इन्दौर जिला अंतर्गत कितनी शासकीय प्राथमिक/माध्यमिक शालाएं संचालित हो रही है? तहसीलवार जानकारी उपलब्ध करायें? (ख) प्रश्नांश (क) के संदर्भ में इन्दौर जिला अंतर्गत कितने शिक्षक अतिशेष हैं तथा कितनी शालाओं में शिक्षकों की कमी है? तहसीलवार जानकारी देवें?                            शा. प्रा./मा. शिक्षकविहिन अथवा जिन शालाओं में शिक्षकों के पद रिक्त हैं, वे कितनी अवधि से रिक्त है? तहसीलवार जानकारी देवें? (ग) प्रश्नांश (ख) के संदर्भ में रिक्त पदो को भरने हेतु शासन द्वारा युक्ति-युक्तिकरण कि कार्यवाही कब प्रारंभ कि गई? यह कार्यवाही इन्दौर जिले में किन कारणों से कितनी बार निरस्त कि गई है? यह कार्यवाही कब तक पूर्ण हो सकेगी? (घ) प्रश्नांश (ग) के संदर्भ में युक्ति-युक्तिकरण की कार्यवाही में देरी से छात्रों को हो रहे नुकसान की जवाबदारी किन अधिकारियों की है?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। (ख) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-2 अनुसार है। पद विगत एक वर्ष से अधिक से रिक्त है। (ग) युक्तियुक्तकरण की कार्यवाही दिनांक 11.04.2017 से प्रारम्भ की गई। कार्यवाही निरस्त नहीं की गई, अतः शेषांश का प्रश्न उपस्थित नहीं होता है। कार्यवाही सतत् रूप से जारी है। निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है। (घ) युक्ति-युक्तकरण की कार्यवाही से आधिक्य में पदस्थ शिक्षकों को ही कमी वाली शालाओं में पदस्थ किया गया है। नियत सेटअप अनुसार शिक्षक कार्यरत रहने तथा आवश्यकतानुसार अतिथि शिक्षक की व्यवस्था होने से शेष का प्रश्न उपस्थित नहीं होता है।

म.प्र. शासन पर्यटन विभाग द्वारा पर्यटन स्‍थलों को विकसित एवं सौन्‍दर्यीकरण करना

[पर्यटन]

13. ( क्र. 1796 ) श्री राजेश सोनकर : क्या राज्‍यमंत्री, संस्कृति महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) पर्यटन विकास विभाग द्वारा प्रदेश में कहाँ-कहाँ पर सौन्‍दर्यीकरण की योजना बनाई गई है? (ख) प्रश्नांश (क) के संदर्भ में इन्‍दौर जिले को भी सौन्दर्यीकरण योजना में शामिल किया गया है? यदि हाँ, तो जिला अंतर्गत किस-किस क्षेत्रों में पर्यटन स्थलो को विकिसित किये जाने की योजना है? यदि नहीं, तो क्या इन्दौर जिले को सौन्दर्यीकरण योजना में शामिल किया जायेगा? (ग) प्रश्नांश (ख) के संदर्भ में प्रश्नकर्ता द्वारा पूर्व में भी सांवेर विधानसभा क्षेत्र दार्शनिक स्थल हत्यारी खोह, गिदिया खोह एवं कई रमणीक क्षेत्रों के सौन्दर्यीकरण हेतु निवेदन किया गया था? यदि हाँ, तो क्या उक्त स्थलों को कब तक सौन्‍दर्यीकरण किया जाना प्रस्तावित है? (घ) प्रश्नांश (ग) के संदर्भ में क्या विभाग द्वारा भी कोई रिपोर्ट तैयार कि गई थी? इस योजना पर अतिशीघ्र कार्य कराया जायेगा? यदि हाँ, तो कब तक? यदि नहीं, तो क्यों नहीं?

राज्‍यमंत्री, संस्कृति ( श्री सुरेन्द्र पटवा ) : (क) वर्तमान में कोई योजना प्रस्‍तावित नहीं है।                        (ख) उत्‍तरांश '''' अनुसार। शेष का प्रश्‍न ही उपस्थित नहीं होता है। (ग) जी हाँ। उत्‍तरांश (क) के परिप्रेक्ष्‍य में प्रश्‍न उद्भूत नहीं होता। (घ) जी हाँ। जी नहीं। शेष का प्रश्‍न ही उपस्थित नहीं होता है।

विधानसभा क्षेत्र पनागर के अंतर्गत शासकीय शालाओं का उन्नयन

[स्कूल शिक्षा]

14. ( क्र. 1834 ) श्री सुशील कुमार तिवारी : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या शासकीय माध्यमिक शाला गधेरी, बैरागी (खैरी) का हाईस्कूल में एवं शासकीय हाई स्कूल कैलवास का हायर सेकेण्डरी में उन्नयन विचाराधीन है? (ख) यदि हाँ, तो कब तक उन्नयन होगा? अभी तक उन्नयन न होने का क्या कारण है?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) एवं (ख) स्‍कूलों के उन्‍नयन की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। उन्‍नयन मापदण्‍डों की पूर्ति, बजट उपलब्‍धता पर निर्भर करेगा। निश्चित समय-सीमा बताया जाना संभव नहीं है।

रजक समाज एवं बहेलिया समाज के वर्ग की जानकारी

[पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण]

15. ( क्र. 1840 ) श्री दिव्‍यराज सिंह : क्या राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि (क) क्या रजक समाज एवं बहेलिया समाज को मध्यप्रदेश के कई जिलों में पिछड़े वर्ग का दर्जा प्राप्त है तथा कई जिलों में अनुसूचित जाति का दर्जा प्रदाय किया गया है? यदि हाँ, तो किन किन जिलों में उपरोक्त जातियों को पिछड़ा वर्ग एवं अनुसूचित जाति वर्ग में सम्मिलित किया गया है? इस तरह की विसंगति के पीछे क्या कारण हैं? (ख) ऐसे जिले जिनमें इन जातियों को पिछड़ा वर्ग का दर्जा प्राप्त है, उनको क्या मध्यप्रदेश के अनुसूचित जाति की श्रेणी में सम्मिलित किया जा सकता है अथवा नहीं? यदि हाँ, तो क्या इस दिशा में विभाग द्वारा इन जातियों को अनुसूचित जाति की श्रेणी में लाने संबंधी कार्यवाही की जावेगी?

राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग ( श्रीमती ललिता यादव ) : (क) मध्‍यप्रदेश पिछड़ा वर्ग की सूची क्रमांक-20 पर रजक पिछड़ा वर्ग की सूची में दर्ज है। बहेलिया समाज पिछड़ा वर्ग की सूची में शामिल नहीं है। रजक समाज भोपाल, सीहोर तथा रायसेन जिलों में अनुसूचित जाति में शामिल है। शेष जिलों में पिछड़ा वर्ग की सूची में शामिल है। (ख) किसी समुदाय/जाति को अनुसूचित जाति में शामिल करने का क्षेत्रधिकार भारत सरकार को है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

कवि बिहारी के काव्य संग्रह एवं समाधि स्थल को संरक्षित करना

[संस्कृति]

16. ( क्र. 1892 ) श्री पुष्‍पेन्‍द्र नाथ पाठक : क्या राज्‍यमंत्री, संस्कृति महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या बुंदेलखंड क्षेत्र में बिहारी कवि हुए हैं? यदि हुए हैं तो इनका जन्म कब और कहाँ हुआ? मृत्यु कब हुई? (ख) प्रश्नांश (क) के अनुक्रम में क्या बिहारी कवि जी की समाधि बिजावर नगर में स्थित है? यदि है तो कहाँ? (ग) प्रश्नांश (क) के अनुक्रम में बिहारी कवि के द्वारा लिखे गये काव्य संग्रह क्या शासन के पास है? (घ) कवि बिहारी के काव्य संग्रह को संग्रहित करने और समाधि स्थल के संरक्षण हेतु क्‍या शासन प्रयास करेगा?

राज्‍यमंत्री, संस्कृति ( श्री सुरेन्द्र पटवा ) : (क) जी हाँ. जन्‍म संवत 1946 सन् 1899 में बिजावर में हुआ और निधन संवत 2017 सन् 1960 में हुआ. (ख) हॉ. जटाशंकर मार्ग पर बिजावर से 2 किमी. दूर स्थित है. (ग) जी नहीं. (घ) जी हाँ.

चिकित्सालय में एक्सपायरी इंजेक्‍शन मिलने पर दोषियों पर कार्यवाही

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

17. ( क्र. 1923 ) श्री निशंक कुमार जैन : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या विदिशा जिले के गंजबासौदा के शासकीय राजीव गांधी जन चिकित्सालय में दिनांक-02.11.2017 को एक्सपायरी अमीकासिन इंजेक्शन मिलने का मामला प्रकाश में आया है? (ख) प्रश्नांश (क) का उत्तर हाँ तो उक्त इंजेक्शन की एक्सपायर डेट जून 2017 थी। हाँ तो प्रथम दृष्टा इस मामले में कौन दोषी है, दोषी का नाम बतावें? (ग) क्या विभाग ने उक्त मामले की किसी अधिकारी से जाँच कराई गई, जाँच में किस चिकित्सक व कर्मचारी को दोषी माना गया है? जाँच प्रतिवेदन की प्रति उपलब्ध करावें? दोषी चिकित्सक व कर्मचारी के विरूद्ध कब तक कार्यवाही की जाएगी? यदि नहीं, तो क्यों? (घ) चिकित्सालय के स्टोर कक्ष का निरीक्षण किस किस दिनांक को किस चिकित्सा अधिकारी द्वारा किया गया है? निरीक्षण करने के क्या मापदण्ड हैं?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी, हाँ। (ख) जी, हाँ। प्रथम दृष्‍टया इस मामले में कोई भी अधिकारी अथवा कर्मचारी दोषी नहीं है। शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (ग) इस कार्यालय के आदेश क्र/शिकायत/2017/10758-59 दिनांक 08.11.2017 के द्वारा जिला स्तर पर डॉ. एच.आर. अहिरवाल स्टोर प्रभारी एवं श्री विजय नकुल प्रभारी स्टोर कीपर द्वारा जाँच दल गठित कर जाँच कराई गई। जाँच दल द्वारा जाँच प्रतिवेदन प्रस्तुत कर स्पष्ट उल्लेख किया गया है, कि एक्सपायरी डेट के इन्जेक्‍शन के प्रकरण में कोई भी अधिकारी एवं कर्मचारी दोषी नहीं है। जाँच प्रतिवेदन संलग्‍न परिशिष्‍ट अनुसार है। शेष का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है। (घ) शासन के निर्देशानुसार जिला स्तर से स्टोर का भौतिक सत्यापन करने के लिए दलों का गठन किया जाता है। उक्त दल द्वारा संस्था में जाकर स्टोर का भौतिक सत्यापन किया जाता है। एवं समय-समय पर जिला स्तर से उक्त संस्था के भ्रमण के दौरान स्टोर का औचक निरीक्षण किया जाता है। दिनांक 10.08.2016 को अपर कलेक्टर महोदय जिला विदिशा एवं अनुविभागीय अधिकारी गंजबासोदा के द्वारा जन चिकित्सालय बासोदा के औषधि भंडार का निरीक्षण किया गया एवं दिनांक 23.12.201601.07.2017 को अनुविभागीय अधिकारी गंजबासोदा के द्वारा निरीक्षण किया गया इसके अतिरिक्त तिमाही ऑडिट राज्य स्वास्थ्य समिति भोपाल के द्वारा की जाती है एवं मेडिकल ऑफिसर के द्वारा प्रत्येक माह की 20 तारीख को जाकर स्टोर का भौतिक सत्यापन किया जाता है।

परिशिष्ट - ''आठ''

100 बिस्‍तरों वाला अस्‍पताल खोलना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

18. ( क्र. 1999 ) श्री नथनशाह कवरेती : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) छिन्‍दवाड़ा जिले के अंतर्गत सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र जामई में 30 बिस्‍तरों वाला अस्‍पताल कब से संचालित किया जा रहा है तथा कितने डॉक्‍टरों के पद कब से किस-किस विशेषज्ञों के रिक्‍त पड़े हुए हैं? (ख) क्‍या स्‍त्री रोग, शिशु रोग विशेषज्ञों के पद लगभग 10 वर्षों से रिक्‍त है? इनको भरने की कार्यवाही नहीं की गई है? यदि हाँ, तो कब तक भर लिये जायेंगे? (ग) क्‍या इस अस्‍पताल में हजारों की संख्‍या में ग्रामीण इलाज कराने आते हैं किन्‍तु 30 बिस्‍तरों वाले अस्‍पताल में व्‍यवस्‍था नहीं होने के कारण मरीजों को परेशानियों का सामना करना पड़ता है? इस हेतु प्रश्‍नकर्ता विधायक द्वारा 30 बिस्‍तरों से 100 बिस्‍तरों वाला अस्‍पताल स्‍वीकृत करने हेतु आवेदन कई बार दिया गया है? (घ) यदि हाँ, तो उस पर क्‍या कार्यवाही की गई है? यदि नहीं, तो क्‍यों और कब तक कार्यवाही की जायेगी तथा 30 बिस्‍तरों से उन्‍नयन कर 100 बिस्‍तरों वाला अस्‍पताल कर दिया जायेगा? (ड.) सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र जामई की जिस बिल्डिंग पर अस्‍पताल संचालित है वह जर्जर हो गई है? इसे कब तक दुरूस्‍त कर दिया जायेगा?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) शासन आदेश दिनांक 5 जनवरी 1983 के द्वारा जामई में सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र स्वीकृत किया गया है। विशेषज्ञों के 03 (मेडिसिन, सर्जरी, स्त्रीरोग) पद स्वीकृत हैं एवं 01 मेडिकल विशेषज्ञ कार्यरत है, शेष 02 सर्जरी विशेषज्ञ एवं स्त्रीरोग विशेषज्ञ का पद, पद स्वीकृति दिनांक से रिक्त है। चिकित्सा अधिकारी के 02 पद स्वीकृत एवं 02 चिकित्सक कार्यरत हैं। (ख) जी हाँ। स्त्रीरोग विशेषज्ञ का पद, पद स्वीकृति दिनांक से रिक्त है तथा शिशुरोग विशेषज्ञ का स्वीकृत नहीं है। प्रदेश में विशेषज्ञों की अत्यधिक कमी के कारण पद रिक्त है, 3278 स्वीकृत पदों के विरूद्ध मात्र 1029 विशेषज्ञ उपलब्ध हैं, अतः सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र स्तर की संस्थाओं में विशेषज्ञों की शत्-प्रतिशत पदपूर्ति नहीं की जा सकी है। शेष प्रश्न उपस्थित नहीं होता। (ग) जी नहीं, उपलब्ध विशेषज्ञ, चिकित्सकों एवं सहायक स्‍टॉफ द्वारा आम जन का आवश्यक स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान की जा रही है। जी हाँ। (घ) प्रकरण परीक्षणाधीन है। (ड.) जी हाँ। परियोजना संचालक, लोक निर्माण विभाग के माध्यम से नवीन भवन निर्माण की कार्यवाही प्रचलन में होने के कारण वर्तमान भवन के दुरूस्तीकरण की कार्यवाही नहीं की गई।

स्‍कूलों में किचिन शेड एवं शौचालय की जानकारी

[स्कूल शिक्षा]

19. ( क्र. 2032 ) कुँवर हजारीलाल दांगी : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) विधान सभा क्षेत्र खिलचीपुर के अन्‍तर्गत कितने प्राथमिक, माध्‍यमिक, हाईस्‍कूल एवं हायर सेकेण्‍ड्री स्‍कूलों में किचिन शेड एवं शौचालय विगत 4 वर्षों से स्‍वीकृत हुये हैं? स्‍कूलवार जानकारी देंवे एवं कितने स्‍कूलों में किचन शेड एवं शौचालय बनना शेष हैं? उन स्‍कूलों के भी नाम बतायें। (ख) स्‍कूलों में स्‍वीकृत किचिन शेड एवं शौचालय किन-किन कार्य एजेन्सियों द्वारा निर्माण कराये गये हैं? राशि सहित जानकारी देंवे। (ग) कितने स्‍वीकृत किचिन शेड एवं शौचालय प्रश्‍न दिनांक तक पूर्ण हो चुके हैं एवं कितने प्रश्‍न दिनांक तक निर्माण होना शेष हैं? स्‍कूलवार जानकारी देवें।

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) विगत 04 वर्षों में विधानसभा खिलचीपुर की 246 प्राथमिक विद्यालय एवं 103 माध्यमिक विद्यालय कुल-349 शालाओं में शौचालय निर्माण कार्य स्वीकृत किये गये। 08 माध्यमिक विद्यालय एवं 01 प्राथमिक विद्यालय कुल 09 शालाओं में किचिन शेड निर्माण स्वीकृत किये गये। 142 प्राथमिक विद्यालय एवं 90 माध्यमिक विद्यालय में किचिन शेड बनाना शेष है। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-अ अनुसार।                       21 हाई/हायर सेकेण्डरी स्कूलों में शौचालय निर्माण स्वीकृत किए गये है। जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-एक अनुसार। इन शालाओं में किचिन शेड स्वीकृत होने का प्रावधान नहीं है। (ख) प्राथमिक/माध्यमिक शालाओं में स्वीकृत किचिन शेड एवं शौचालय का निर्माण शाला प्रबंधन समितियों के द्वारा कराये गये है। स्वीकृत राशि पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-अ में समाहित है। हाई/हायर सेकेण्डरी स्कूलों की जानकारी पुस्तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-एक में समाहित है। (ग) समस्त नियत किचिन शेड एवं शौचालय पूर्ण हो चुके है।

 शाला भवनों का मरम्‍मतीकरण

[स्कूल शिक्षा]

20. ( क्र. 2044 ) श्री रजनीश सिंह : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) विधान सभा क्षेत्र केवलारी में ऐसे कितने प्राथमिक/माध्‍यमिक/हाईस्‍कूल/हायर सेकेण्‍डरी विद्यालय हैं, जो भवनविहीन है एवं कितने विद्यालयों के भवन जर्जर अवस्‍था में हैं? सूची उपलब्‍ध करावें। (ख) प्रश्‍नांश (क) अनुसार क्‍या उक्‍त भवन‍विहीन/जर-जर भवन वाले विद्यालयों के नवीन भवन निर्माण हेतु शासन की कोई मंशा है। (ग) प्राथमिक/माध्‍यमिक/हाईस्‍कूल/हायर सेकेण्‍डरी भवनों के मरम्‍मत कार्य हेतु विधान सभा क्षेत्र केवलारी के अंतर्गत उक्‍त स्‍कूलों के लिए वित्‍तीय वर्ष 2016-17 में कितना बजट आवंटित किया गया? जनपदवार, स्‍कूलवार देवें।

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ख) जी हाँ। भवन विहीन/जर्जर शासकीय प्राथमिक शाला भवनों के प्रस्‍ताव वा‍र्षिक कार्य योजना वर्ष 2018-19 में भारत सरकार से स्‍वीकृत हेतु शा‍मिल किया गया है। भवन विहिन हाई स्‍कूल हेतु राज्‍‍‍य योजना है, परन्‍तु वित्‍तीय संसाधनों की सीमा के प्रकाश में समस्‍‍त भवन विहिन शालाओं हेतु स्‍वीकृ‍ति देना संभव नहीं है। (ग) विधानसभा क्षेत्र केवलारी शासकीय प्राथमिक/माध्‍यमिक शालाओं के मरम्‍मत हेतु वित्‍तीय वर्ष 2016-17 में राशि रूपये 14.48 लाख का बजट आवंटित किया गया था। जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। हाई/हायर सेकेण्डरी स्कूल भवनों के मरम्मत हेतु बजट स्वीकृत नहीं किया गया है।

स्‍कूल भवन निर्माण

[स्कूल शिक्षा]

21. ( क्र. 2045 ) श्री रजनीश सिंह : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) विधान सभा क्षेत्र केवलारी अंतर्गत कितने स्‍कूल भवन प्राथमिक/माध्‍यमिक/हाईस्कूल भवनों का निर्माण वर्ष 2013-14 से 2016-17 में हुआ है? सूची उपलब्‍ध करायें। (ख) प्रश्‍नांश (क) अनुसार उक्‍त कितने स्‍कूल भवनों का पूर्ण निर्माण करा लिया गया है, कितने अपूर्ण है? अपूर्ण रहने के क्‍या कारण है? (ग) क्‍या विधान सभा क्षेत्रांतर्गत ग्राम पंचायत कान्‍हीवाड़ा में उर्दू माध्‍यमिक शाला का भवन निर्माण विगत 08 वर्षों से अपूर्ण है? यदि हाँ, तो क्‍यों? क्‍या इसका निर्माण कार्य इस सत्र में पूर्ण करा लिया जावेगा? यदि नहीं, तो क्‍यों?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालय संबधी जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट के प्रपत्र-अ अनुसार। हाई स्कूल भवनों की जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार। (ख) प्राथमिक/माध्यमिक शालाओं की जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट के प्रपत्र-अ में समाहित है। 02 अपूर्ण निर्माण कार्य फिनिशिंग स्तर पर है। निर्माण एजेंसी ग्राम पंचायत द्वारा धीमी गति से कार्य किया जा रहा है। कार्य पूर्णता की कार्यवाही प्रचलन में है। हाई/हायर सेकेण्डरी भवनों की जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट के प्रपत्र-1  में समाहित है। (ग) जी हाँ। विधानसभा क्षेत्रांर्गत ग्राम पंचायत कान्हीवाड़ा में उर्दू माध्यमिक शाला का भवन निर्माण कार्य की तत्कालीन निर्माण एजेंसी द्वारा अनियमित आहरण किया जाकर छत स्तर पर बंद दिया गया था। तत्कालीन निर्माण एजेंसी को वसूली हेतु कारण बताओ नोटिस जारी किया गया। जिसके विरूद्ध अनावेदक तत्कालीन सरपंच द्वारा मान.उच्च न्यायालय जबलपुर में याचिका क्रमांक-डब्ल्यू.पी./18674/2016,दिनांक 04.12.16 को दायर की गई। प्रकरण वर्तमान में मान.उच्च न्यायालय में विचाराधीन है। न्यायालयीन प्रकरण होने से मान.उच्च न्यायालय द्वारा पारित निर्णय अनुसार कार्यवाही की जावेगी।

परिशिष्ट - ''नौ''

सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र आमला का सिविल अस्‍पताल में उन्‍नयन

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

22. ( क्र. 2082 ) श्री चेतराम मानेकर : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या आमला विधान सभा क्षेत्र की लगभग 1.50 लाख की आबादी इलाज कराने के लिये सामुदा‍यिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र आमला पर निर्भर है? (ख) क्‍या आमला में सिविल अस्‍पताल नहीं होने के कारण इलाज कराने बाहर के शहरों में जाते हैं तथा कठिनाईयों का सामना करना पड़ता है? (ग) क्‍या आमला में सिविल अस्‍पताल होना अत्‍यंत आवश्‍यक है? (घ) क्‍या विभाग द्वारा सामुदायिक स्‍वा. केन्‍द्र आमला का सिविल अस्‍पताल में उन्‍नयन किया जायेगा?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी नहीं, आमला विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत 30 बिस्तरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र घोड़ाडोगरी के साथ डब्ल्यू.सी.एल. अस्पताल पाथाखेड़ा, एम.पी.ई.बी. अस्पताल सारणी व पाटाखेड़ा में 10 बिस्तरीय प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र भी आते है। विकासखण्ड़ आमला की आबादी सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र आमला पर निर्भर है, सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र आमला के अंतर्गत 30 बिस्तरीय अस्पताल, 10 बिस्तरीय बोरदेही प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र, 10 बिस्तरीय मोरखा प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र संचालित है। (ख) जी नहीं। केवल गंभीर बीमारी के मरीजों को उचित उपचार हेतु जिला चिकित्सालय में रेफर किया जाता है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ग) जी नहीं। (घ) जी नहीं।

सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र आमला में स्‍वीकृत चिकित्‍सकों के पद

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

23. ( क्र. 2086 ) श्री चेतराम मानेकर : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र आमला में चिकित्‍सकों के कुल कितने पद स्‍वीकृत हैं? इनमें से महिला चिकित्‍सकों के कितने पद स्‍वीकृत हैं? (ख) वर्तमान में कितने चिकित्‍सक कार्यरत हैं तथा कितनी महिला चिकित्‍सक कार्यरत हैं? (ग) रिक्‍त पदों की पूर्ति कब तक कर दी जायेगी तथा महिला चिकित्‍सकों की नियुक्ति कब तक कर दी जावेगी?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र आमला में विशेषज्ञों के 03 (मेडिसिन, सर्जरी, स्त्रीरोग) तथा चिकित्सा अधिकारी के 02 पद स्वीकृत हैं। स्त्रीरोग विशेषज्ञ का एक पद स्वीकृत है। (ख) 03 चिकित्सक कार्यरत हैं। स्त्रीरोग विशेषज्ञ का पद रिक्त है। (ग) विशेषज्ञों की अत्यधिक कमी के कारण पद रिक्त है। विशेषज्ञों के 100 प्रतिशत पद पदोन्नति से भरे जाने का प्रावधान है, स्वीकृत 3278 पदों के विरूद्ध मात्र 1029 विशेषज्ञ उपलब्ध हैं। मा. उच्चतम न्यायालय में पदोन्नति के संबंध में प्रकरण प्रचलित होने के कारण, पदपूर्ति हेतु निश्चित समयावधि बताई जाना संभव नहीं है।

वक्‍फ बोर्ड को प्राप्‍त अनुदान राशि से निर्माण कार्य

[पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण]

24. ( क्र. 2091 ) श्री शैलेन्द्र जैन : क्या राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि (क) क्‍या वक्‍फ हितैषी द्वारा तत्‍कालीन सी.ई.ओ. द्वारा निर्माण हेतु अनुदान के रूप में बक्‍फ बोर्ड को प्राप्‍त राशि रू. 10.00 लाख बिना निर्माण कार्य कराये, राशि के गबन एवं हेरा-फेरी की शिकायत आर्थिक अपराध अन्‍वेषण ब्‍यूरो से विभाग को प्राप्‍त हुई है? जो विभाग द्वारा परीक्षण हेतु दिनांक 29.07.2017 को वक्‍फ बोर्ड को भेजी गयी है? (ख) यदि हाँ, तो निर्माण हेतु प्राप्‍त राशि को बिना कोटेशन, टेंडर वर्कऑडर तथा बिना प्रक्रिया अपनाये ही गबन एवं हेरा-फरी कर फर्जी ठेकेदारों को बांटने की शिकायत पर विभाग एवं वक्‍फ बोर्ड द्वारा प्रश्‍न दिनांक तक क्‍या कार्यवाही की गयी?                   (ग) यदि कार्यवाही नहीं की गयी? तो इसके लिए कौन-कौन अधिकारी/कर्मचारी जिम्‍मेदार हैं? नाम व पद सहित बतायें? क्‍या शासकीय राशि का बंदर-बांट कर फर्जी ठेकेदारों को भुगतान में संलिप्‍त लोगों को बचाने वाले अधिकारियों/कर्मचारियों के विरूद्ध विभाग एवं वक्‍फ बोर्ड द्वारा कार्यवाही की जायेगी? यदि हाँ, तो कब तक? यदि नहीं, तो क्‍यों?

राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग ( श्रीमती ललिता यादव ) : (क) जी हाँ। जी हाँ। (ख) एवं (ग) प्रकरण में कार्यवाही प्रचलन में है तथा गुण दोष के आधार पर नियमानुसार कार्यवाही की जावेगी।

6वें वेतन संबंधी शासन के पत्रों का वाचन सही न करने में अधिकारियों की अयोग्‍यता

[स्कूल शिक्षा]

25. ( क्र. 2097 ) श्री कल्याण सिंह ठाकुर : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या पत्र क्र. एफ-1-13/2013/22 पंचा/2 दिनांक 07.07.17 एवं पत्र क्रमांक एफ-1-31/ 2013/पंचा-2 के द्वारा अध्‍यापकों को 6वें वेतन का लाभ दिया गया? यदि हाँ, तो जारी किये गये पत्रों का वाचन क्‍या जिला अधिकारी सही नहीं करवा रहे हैं जिस कारण अध्‍यापकों को 2 से 6300/- रूपये का नुकसान हो रहा है? (ख) प्रश्‍नांश (क) के क्रम में पत्र क्रमांक एफ-1-31/2013/ 22पंचा/2 दिनांक 22.08.17 द्वारा संशोधित वेतन गणना पत्रक की कंडिका-2 स्‍पष्‍ट उल्‍लेख है कि पदोन्‍नत तथा क्रमोन्‍नत के संबंध में आदेश दिनांक 07.07.17 कंडिका 2 अ के अनुक्रम में सलंग्‍न परिशिष्‍ट में विद्यमान वेतनमान अन्‍तर्गत अंकित सेवा अवधि के सम्‍मुख दर्शायें गये क्रम पर वेतन निर्धारण किया जावे? (ग) प्रश्‍नांश (क) एवं (ख) के क्रम में जानकारी चाही गई है कि दोनों पत्र से स्‍पष्‍ट है किन्‍तु जिला अधिकारी विदिशा द्वारा पत्र का वाचन सही नहीं कर पाने के कारण शासन द्वारा दिया गया लाभ नहीं मिल पा रहा है और शासन की छवि धूमिल हो रही है क्‍या जाँच कर संबंधित अधिकारी पर कड़ी कार्यवाही सुनिश्चित की जावेगी?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी हाँ। शासन आदेश अनुसार वेतन निर्धारण करने पर हानि की स्‍थिति नहीं है। (ख) जी हाँ। (ग) उत्‍तरांश '' एवं '' के प्रकाश में प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

सामुदायिक/प्राथमिक एवं उप-स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों पर स्‍वीकृत कार्यरत एवं रिक्‍त पदों की जानकारी

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

26. ( क्र. 2106 ) श्री हेमन्‍त सत्‍यदेव कटारे : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) विधान सभा क्षेत्र अटेर अंतर्गत सभी सामुदायिक/प्राथमिक एवं उप स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों एवं मैदानी क्षेत्र के लिये चिकित्‍सक सहित अन्‍य सभी विभिन्‍न श्रेणियों के कितने पद संस्‍थावार स्‍वीकृत हैं? आज दिनांक की स्थिति में स्‍वीकृत पदों के विरूद्ध वास्‍तविक रूप से कितने पद भरे हुये व कितने रिक्‍त हैं? रिक्‍त पदों की जानकारी रिक्‍त होने के दिनांक सहित पूर्ण जानकारी दी जाये? (ख) अटेर विधान सभा क्षेत्र जो पिछड़ा एवं गरीब क्षेत्र है, में चिकित्‍सकों सहित अन्‍य सभी पद जैसे कम्‍पाउण्‍डर, ड्रेसर, रेडियोग्राफर, स्‍टाफ नर्स, टेक्‍नीशियन आदि पदों की पूर्ति करने में राज्‍य सरकार द्वारा कब तक कार्यवाही की जावेगी?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट अनुसार है। (ख) विभाग रिक्त पदों की पूर्ति हेतु निरंतर प्रयासरत है। वर्ष 2017 में लोक सेवा आयोग से चयन पश्चात भिण्ड जिले अंतर्गत 15 चिकित्सकों की पदस्थापना की गई इनमें से अटेर विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत 01 अटेर एवं 01 चिकित्सक पीथनपुरा में पदस्थ किए गए हैं। पैरामेडिकल संवर्ग के 910 पदों हेतु भर्ती प्रक्रिया प्रचलन में है तथा शासकीय नर्सिंग कॉलेज से उत्तीर्ण स्टॉफ नर्सों की पदस्थापना की कार्यवाही जारी है। उपलब्धता अनुसार पदस्थापना संबंधी कार्यवाही की जा सकेगी। निश्चित समयावधि बताई जाना संभव नहीं है।

स्‍कूल एवं कोचिंग संचालकों पर अंकुश

[स्कूल शिक्षा]

27. ( क्र. 2156 ) श्री देवेन्द्र वर्मा : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                       (क) स्‍कूल शिक्षा विभाग के नियमों के अनुसार क्‍या निजी स्‍कूलों में अध्‍यापन हेतु बी.एड/डी.एड. अनिवार्य हैं? यदि हाँ, तो खण्‍डवा जिलान्‍तर्गत ऐसे कितने स्‍कूल हैं, जिनमें इसका पालन नहीं किया जा रहा है? (ख) क्‍या खंडवा जिले में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कराने वाली कोचिंग संस्‍थाओं में अयोग्‍य एवं अपात्र व्‍यक्ति हजारों रूपये की फीस लेकर पटवारी से लेकर आई.ए.एस. की कोचिंग दे रहे हैं? (ग) क्‍या ऐसे कोचिंग संचालकों द्वारा शैक्षणिक योग्‍यता के नियमों का पालन किया जा रहा है? यदि नहीं, तो इनकी जाँच के अधिकार किसके पास है? किस अधिकारी द्वारा कब-कब इनका निरीक्षण किया गया? (घ) क्‍या ऐसे निजी स्‍कूलों एवं कोचिंग संचालकों की साठं-गांठ से जिले एवं प्रदेश के छात्र-छात्राओं के भविष्‍य के साथ खिलवाड़ किया जा रहा है? यदि हाँ, तो इन पर कैसे एवं कब तक नियंत्रण किया जा सकेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) नि:शुल्‍क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम, 2009 के प्रावधानों के तहत समस्‍त प्राथमिक एवं माध्‍यमिक स्‍कूलों में अध्‍यापक हेतु बी.एड/डी.एड अनिवार्य है। जिला अंतर्गत 89 स्‍कूलों में डी.एड/बी.एड योग्‍यताधारी शि‍क्षक कार्यरत नहीं है। शि‍क्षकों को डी.एड/बी.एड प्राप्‍त करने की सीमा शिक्षा के अधि‍कार अधि‍नि‍यम संशोधि‍त 2017 के नि‍यम (2) अनुसार भारत शासन द्वारा वर्ष 2019 तक बढ़ा दी गई है। (ख) ऐसी कोई जानकारी उपलब्‍ध नहीं है। (ग) प्रश्‍नांश (ख) के प्रकाश में शेषांश का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।     (घ) कोचिंग संस्‍थानों के नि‍यमन/नि‍यंत्रण हेतु प्रावधान नहीं है।

स्कूल शिक्षा विभाग में कार्यरत शिक्षकों को छठवें वेतनमान के अन्तर्गत वेतन निर्धारण

[स्कूल शिक्षा]

28. ( क्र. 2259 ) श्री प्रहलाद भारती : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) स्कूल शिक्षा विभाग जिला शिवपुरी में कार्यरत सहायक अध्यापक, अध्यापक एवं वरिष्ठ अध्यापकों को छठवें वेतनमान के अन्तर्गत वेतन निर्धारण किस-किस विकासखण्डों में पूर्ण कर लिया गया है व किस विकासखण्ड में आज दिनांक तक अपूर्ण है? विकासखण्डवार, नामवार, पदवार, स्थानवार उपलब्ध करावें? (ख) प्रश्नांश (क) के संदर्भ में प्रश्न दिनांक तक किस-किस विकासखण्डों में छठवें वेतनमान के अनुसार वेतन निर्धारण नहीं किया गया है व उसके क्या-क्‍या कारण हैं? उक्त विकासखण्डों में कार्यरत सहायक अध्यापक, अध्यापक एवं वरिष्ठ अध्यापकों को छठवें वेतनमान के अनुसार वेतन निर्धारण कर, एरियर व नवीन वेतनमान अनुसार वेतन का भुगतान कब तक कर दिया जावेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) स्कूल शिक्षा विभाग अंतर्गत जिला शिवपुरी के 08 विकासखण्डो में कार्यरत सहा. अध्यापक, अध्यापक एवं वरि. अध्यापकों का वेतन निर्धारण पूर्ण कर लिया गया है। 38 सहायक अध्‍यापकों को छोड़कर शेष विकासखण्ड पोहरी, शिवपुरी एवं नरवर में अध्यापकों के अपूर्ण रह गये वेतन निर्धारण की जानकारी संलग्‍न परिशिष्ट अनुसार है। (ख) प्रश्नांश '' के संदर्भ में संलग्‍न परिशिष्ट में अंकित विकासखण्ड पोहरी, शिवपुरी एवं नरवर के 38 सहायक अध्यापकों का छठवें वेतनमान के अनुसार वेतन निर्धारण गुरूजी के पद से संविदा शाला शिक्षक वर्ग-3 के पद पर नियुक्ति एवं तत्‍पश्‍चात सहायक अध्यापक के पद पर की गई नियुक्‍ति के संबंध में माननीय उच्च न्यायालय ग्वालियर में प्रकरण विचाराधीन होने से नहीं किया गया है। अतः शेषांश का प्रश्न ही उपस्‍थित नहीं होता।

परिशिष्ट - ''दस''

शिक्षा पोर्टल पर सुधार

[स्कूल शिक्षा]

29. ( क्र. 2282 ) श्री निशंक कुमार जैन : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्या प्रश्नकर्ता के बासौदा विधानसभा क्षेत्र अन्तर्गत शासकीय प्राथमिक शाला बड़ागांव (सनावल) एवं शासकीय माध्यमिक शाला बड़ागांव (सनावल) का नाम शिक्षा पोर्टल पर लिपिकीय त्रृटि के कारण बड़ागांव सनावद के नाम अंकित किया जा रहा है? (ख) यदि हाँ, तो क्‍या जिला शिक्षा केन्द्र सर्व शिक्षा अभियान जिला विदिशा के पत्र क्रमांक/जिशिके/एमआईएस/1676/2017 दिनांक 24.06.2017 के द्वारा आयुक्त राज्य शिक्षा केन्द्र म.प्र. को प्रेषित पत्र में शाला का नाम शिक्षा पोर्टल पर सुधार किये जाने का अनुरोध किया गया था? यदि हाँ, तो उक्त सुधार कर दिया गया है, या नहीं? यदि नहीं, तो इसके लिये जिम्मेदार कौन है, उसका नाम बतावें? कब तक सुधार कर दिया जावेगा? (ग) प्रश्नांश (क) में उल्लेखित संस्था के छात्रों की अंकसूची में विगत 4 वर्षों से शाला का नाम शासकीय प्राथमिक शाला बड़ागांव सनावद एवं शासकीय माध्यमिक शाला बड़ागांव सनावद अंकित किया जा रहा है, इन अंकसूची में सुधार किये जाने के भी निर्देश प्रश्‍नांश (ख) के क्रम में दिये जायेंगे या नहीं? यदि नहीं, तो क्यों?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी, नहीं। (ख) जी, हाँ। जी हाँ, सुधार हो चुका है। अतः शेषांश का प्रश्न ही उपस्थित नहीं होता है। (ग) अंकसूची पोर्टल से जनरेट नहीं होती है। प्राथमिक शाला बड़ागांव (सनावल) की अंकसूचियों का वितरण स्कूल द्वारा प्राथमिक शाला बड़ागांव (सनावल) के नाम से ही वितरित की गई है। माध्यमिक शाला बड़ागांव (सनावल) की अंकसूचियों का वितरण भी शासकीय माध्यमिक शाला बड़ागांव (सनावल) के नाम से वितरित की जा रही है। पूर्व में माध्यमिक शाला बड़ागांव (सनावद) के नाम से वितरित की गयी अंक सूचियों में सुधार की कार्यवाही कराई जा रही है।

प्राथमिक व माध्‍यमिक शाला भवनों की स्‍वीकृति

[स्कूल शिक्षा]

30. ( क्र. 2325 ) डॉ. रामकिशोर दोगने : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) हरदा जिले में कितनी प्राथमिक एवं माध्‍यमिक स्‍कूल भवनविहीन हैं अथवा शाला भवन अति जीर्ण-शीर्ण है? विकास खंडवार बतायें। (ख) हरदा जिले के भवनविहीन अथवा जीर्ण-शीर्ण प्राथमिक एवं माध्‍यमिक स्‍कूलों के नये भवन निर्माण कराये जाने सम्‍बंधी शासन की कोई योजना प्रस्‍तावित अथवा लंबित है? (ग) यदि हाँ, तो हरदा जिले में कितने व कौन-कौन से प्राथमिक अथवा माध्‍यमिक नवीन शाला भवन स्‍वीकृत होना है व कब तक शाला भवन निर्माण की प्रशासकीय स्‍वीकृति जारी कर दी जावेगी? (घ) यदि प्रश्‍नांश (ख) का उत्‍तर नहीं में है तो उसका क्‍या कारण है?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) भवनविहीन प्राथमिक एवं माध्यमिक शालाओं की जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। 24  जीर्ण-शीर्ण एवं प्राथमिक/माध्यमिक भवनों की जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है।                  (ख) वार्षिक कार्य योजना 2018-19 में भवन विहीन शासकीय प्राथमिक/माध्यमिक शालाओं के भवन तथा जीर्ण-शीर्ण शासकीय प्राथमिक/माध्यमिक शालाओं के विरूद्ध नवीन भवन हेतु भारत सरकार से स्वीकृति हेतु प्रस्तावित है। (ग) उत्तरांश '''' अनुसार भारत सरकार से स्वीकृति एवं बजट प्राप्त होने के उपरांत प्रशासकीय स्वीकृति जारी की जा सकेगी। निश्चित समय-सीमा बताना संभव नहीं है। (घ) उत्तारांश (ख) के प्रकाश में प्रश्न उपस्थित नहीं होता।

रिक्‍त पदों की पूर्ति एवं अन्‍य स्‍वास्‍थ्‍य सुविधाएं उपलब्‍ध कराया जाना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

31. ( क्र. 2326 ) डॉ. रामकिशोर दोगने : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रश्‍नकर्ता द्वारा विभागीय मंत्री को हरदा जिला अंतर्गत शासकीय चिकित्‍सालयों एवं स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों में रिक्‍त पदों की पूर्ति एवं अन्‍य आवश्‍यक सुविधाएं उपलब्‍ध कराये जाने के संबंध में लिखे गये पत्र क्रमांक 251 दिनांक 08.03.2017 पर क्‍या कार्यवाही की गई? (ख) शासकीय जिला चिकित्‍सालय हरदा, सहित जिले के सभी सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों में विशेषज्ञ चिकित्‍सकों/स्‍टाप नर्स व अन्‍य स्‍टाप सहित चिकित्‍सीय उपकरण व लेब टेक्नीशियन की पूर्ति किये जाने हेतु क्‍या कार्यवाही की गई? (ग) कब तक शासकीय जिला चिकित्‍सालय हरदा, सहित जिले के सभी सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्रों पर विशेषज्ञ चिकित्‍सकों की नियुक्ति कर दी जावेगी?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) सामान्यतः मान. मंत्रीजी/सांसदों/विधायकगणों एवं जनप्रतिनिधियों से प्राप्त पत्रों के आधार पर पदपूर्ति हेतु प्राथमिकताओं के आधार पर नियुक्ति प्रक्रिया में रिक्तियां प्रदर्शित की जाती हैं पत्र दिनांक 08.03.2017 के उपरांत हरदा जिले की विभिन्न संस्थाओं में 05 चिकित्सकों, 02 लैब टेक्नीशियन,                    01 फार्मासिस्ट एवं 05 स्‍टॉफ नर्सों की नियुक्ति की गई है। मापदण्ड अनुसार उपकरण, समस्त स्वास्थ्य संस्थाओं में उपलब्ध हैं। (ख) उत्तरांश '''' अनुसार। मापदण्ड अनुसार उपकरण, समस्त स्वास्थ्य संस्थाओं में उपलब्ध हैं। (ग) विभाग पदपूर्ति हेतु निरंतर प्रयासरत है। चिकित्सक, पैरामेडिकल स्‍टॉफ, स्‍टॉफ नर्स की नियुक्ति संबंधी कार्यवाही निरंतर जारी है। निश्चित समयावधि बताई जाना संभव नहीं है।

आम-जन को स्‍वास्‍थ्‍य सुविधा उपलब्‍ध कराना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

32. ( क्र. 2340 ) श्री सुखेन्‍द्र सिंह : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या प्रश्‍नकर्ता के विधानसभा क्षेत्र मऊगंज-71 में सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र हनुमना एवं मऊगंज में तथा प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र हाटा एवं पहाड़ी में संचालित है? (ख) यदि हाँ, तो क्‍या सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र मऊगंज का उन्‍नयन सिविल अस्‍पताल में किया गया है? तो प्रश्‍नांश (क) के प्रकाश में प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र हाटा एवं पहाड़ी तथा सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र हनुमना एवं सिविल हॉस्पिटल मऊगंज में डॉक्‍टरों की कमी क्‍यों है? (ग) प्रश्‍नांश (क) (ख) के प्रकाश में शासन प्रशासन डॉक्‍टर की पदस्‍थापना क्‍यों नहीं कर सका? जिससे लोगों के 60 से 140 किलोमीटर तक चलकर जिला मुख्‍यालय स्‍वास्‍थ्‍य लाभ लेने हेतु जाना पड़ता है? (घ) प्रश्‍नांश (क) (ख) (ग) (घ) के प्रकाश में क्‍या डॉक्‍टर की कमी पदस्‍थापना कर पूरी की जावेगी? यदि हाँ, तो कब तक? यदि नहीं, तो क्‍यों? प्रश्‍नकर्ता द्वारा यदि कुछ डॉक्‍टर के नाम पदस्‍थापना हेतु दिये गये थे, किन्‍तु पदस्‍थापना नहीं की गई क्‍यों? की जावेगी तो कब तक?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) से (घ) जानकारी एकत्रित की जा रही है।

स्‍कूलों की उन्‍नयन की घोषणा का क्रियान्‍वयन

[स्कूल शिक्षा]

33. ( क्र. 2341 ) श्री सुखेन्‍द्र सिंह : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि            (क) बजट सत्र 2017 में प्रश्‍नकर्ता के विधानसभा क्षेत्र मऊगंज अंतर्गत माननीय स्‍कूल शिक्षा मंत्री जी द्वारा माध्‍यमिक शालाओं के उन्‍नयन हाई स्‍कूल में तथा हाई स्‍कूल का हायर सेकेण्‍डरी स्‍कूल में उन्‍नयन की घोषणा की गई थी? (ख) यदि हाँ, तो क्‍या माध्‍यमिक शाला दामोदरगढ़ बसिगड़ा, पटेहरा का उन्‍नयन हाईस्‍कूल के रूप में तथा हाईस्‍कूल बहेराडाबर एवं प्रतापगंज का उन्‍नयन हायर सेकेण्‍डरी स्‍कूल में किये जाने का प्रस्‍ताव दिया गया था? (ग) प्रश्‍नांश (क) (ख) के प्रकाश में प्रश्‍न दिनांक तक उन्‍नयन की कार्यवाही क्‍यों नहीं की गई? यदि की जावेगी तो कब तक? नहीं की जावेगी तो क्‍यों कारण स्‍पष्‍ट करें? की गई है तो रीवा जिले की उन्‍नययित विद्यालयों की सूची उपलब्‍ध करावें?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) से (ग) जी नहीं। शेषांश का प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

प्राथमिक विद्यालय के मान्‍यता एवं संचालन

[स्कूल शिक्षा]

34. ( क्र. 2392 ) श्री आशीष गोविंद शर्मा : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्राथमिक विद्यालय प्रारंभ करने की मान्‍यता संबंधी शासन के क्‍या नियम हैं? क्‍या नर्सरी, प्रथम एवं द्वितीय कक्षा के अध्‍यनरत बच्‍चों को मुख्‍य सड़क किनारे एवं द्वितीय एवं तृतीय मंजिल पर कक्षा लगाना शासन के नियम अंतर्गत आता है? यदि हाँ, तो नियमावली उपलब्‍ध करायें। (ख) यदि नहीं, तो देवास जिला अंतर्गत ऐसे कितने स्‍कूल संचालित हैं जो मुख्‍य सड़क किनारे द्वितीय एवं तृतीय मंजिल भवनों में संचालित हैं एवं उन पर क्‍या कार्यवाही कि गई है, या कि जावेगी? (ग) क्‍या देवास जिला विभाग के पास ऐसे निजी विद्यालयों की सूची है, जिनमें नर्सरी कक्षा से सेंकड एवं थर्ड कक्षा के बच्‍चों को ऊपरी मंजिलों में कक्षाओं में पढ़ाया जा रहा है?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) नियम की प्रति पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '1' अनुसार है। शिक्षा का अधिकार अधिनियम के अंतर्गत प्री-स्‍कूल (नर्सरी आदि) की कक्षाओं के लिए मान्‍यता का कोई प्रावधान नहीं है। अधिनियम में प्रारंभिम कक्षाओं के लिए मान्‍यता संबंधी जो प्रावधान किये गये हैं। उसमें उक्‍त संबंध में कोई लेख नहीं है। प्रावधानों की पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '2' अनुसार है। (ख) शिक्षा का अधिकार अधिनियम में शाला संचालन हेतु प्रावधानित मान एवं मानकों में मात्र शाला में उपलब्‍ध संसाधनों का उल्‍लेख है। शाला की सड़क से दूरी अथवा शाला भवन कितने मंजिल का होना चाहिए, ऐसा कोई प्रावधान नहीं है। जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '3' अनुसार है। (ग) जी नहीं।

खातेगांव विधान सभा के दार्शनिक एवं धार्मिक स्‍थल की जानकारी

[पर्यटन]

35. ( क्र. 2394 ) श्री आशीष गोविंद शर्मा : क्या राज्‍यमंत्री, संस्कृति महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) देवास जिले के अन्‍दर कौन-कौन से दार्शनिक अथवा धार्मिक स्‍थल है जो लोगों की आस्‍था का केन्‍द्र हैं, जिनका जीर्णोद्धार किया जाना अति महत्‍वपूर्ण कार्य है? (ख) खातेगांव विधान सभा क्षेत्र के अंतर्गत के कुछ स्‍थान ऐसे हैं जैसे पहाड़ियों बीच स्थित जासवंत गुफा धार्मिक स्‍थल बिजेश्‍वर मंदिर एवं ग्राम तुरनाल में नर्मदा किनारे पाँच लड्डू के नाम से प्रचलित स्‍थान को विभाग द्वारा क्‍यों अनदेखा किया जा रहा है? (ग) म.प्र. राज्‍य पर्यटन विभाग द्वारा अंकित स्‍थानों के जीर्णोद्धार हेतु क्‍या योजना है? (घ) अगर विभाग द्वारा इन स्‍थानों का जीर्णोद्धार किया जावेगा तो कब तक?

राज्‍यमंत्री, संस्कृति ( श्री सुरेन्द्र पटवा ) : (क) पर्यटन विभाग के अंतर्गत जिला विशेष के चिन्हित स्‍थलों को पर्यटन स्‍थल घोषित करने की नीति नहीं है। (ख) से (घ) उत्‍तरांश '''' के प्रकाश में प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

भूमि विवाद प्रकरण

[पिछड़ा वर्ग एवं अल्पसंख्यक कल्याण]

36. ( क्र. 2420 ) श्री जितेन्‍द्र गेहलोत : क्या राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग महोदया यह बताने की कृपा करेंगी कि (क) प्रदेश में रियासत के समय की कितनी एवं किस-किस भूमि का विवाद ट्रिब्‍यूनल अथवा न्‍यायालयों में कितने-कितने समय से लंबित हैं? भूमिवार-प्रकरणवार ब्‍यौरा दें? (ख) प्रश्‍नांश (क) भूमियों पर कब्‍जे की वर्तमान स्थिति क्‍या है? (ग) रियासतों की समाप्ति के बाद कितनी एवं कौन-कौन सी बहुमूल्‍य भूमियाँ न्‍यायालयों के निर्णय अथवा अन्‍य कारण से वक्‍फ बोर्ड के कब्‍जे में न आ सकीं अथवा आकर चली गईं? कारणवार, भूमिवार पूर्ण जानकारी मय आदेश प्रतियों के उपलब्‍ध करायें?

राज्‍यमंत्री, पिछड़ा वर्ग ( श्रीमती ललिता यादव ) : (क) विभाग से संबंधित नहीं। (ख) एवं (ग) प्रश्‍नांश '' के परिप्रेक्ष्‍य में प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

सतना एवं रीवा के संजय गांधी चिकित्‍सालय में ऑक्‍सीजन सप्‍लाई

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

37. ( क्र. 2454 ) श्री यादवेन्‍द्र सिंह : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) सतना जिले के शासकीय जिला चिकित्‍सालय एवं रीवा जिले में संजय गांधी चिकित्‍सालय में वर्ष 2015 से प्रश्‍न दिनांक तक किस-किस फर्म द्वारा कितने मेगा एवं जम्‍बों आक्‍सीजन सिलेण्‍डर सप्‍लाई किए गए हैं? (ख) प्रश्‍नांश (क) के सिलेण्‍डर क्रय किए जाने हेतु                      कब-कब निविदाएं प्रकाशित की गई? क्‍या संजय गांधी चिकित्‍सालय रीवा में स्‍वयं का 100 मेगा का प्‍लाट लगाया गया है तथा जिससे प्रतिमाह क्‍या उत्‍पादन एवं पूर्ति हो रही है, विवरण दें? कम उत्‍पादन के लिये कौन उत्‍तरदायी है? (ग) सतना एवं रीवा शासकीय चिकित्‍सालय में ऑक्‍सीजन की कमी एवं लापरवाही से कितने मरीजों की मौत हुई? (घ) उक्‍त चिकित्‍सालयों में ऑक्‍सीजन सिलेण्‍डर क्रय करने, फर्जी बिलिंग करने, सप्‍लाई करने वाली फर्मों को मिलीभगत कर सप्‍लायर एवं स्‍वयं को लाभ पहुँचाए जाने की दो शिकायतें निवासी रविन्‍द्र नगर उर्रहट रीवा द्वारा दिनांक 31.10.2017 मुख्‍य सचिव म.प्र. शासन को की गई है, जिसकी उच्‍च स्‍तरीय जाँच शिकायतकर्ता को सुनी जाकर की जावेगी? यदि हाँ, तो कब तक यदि नहीं, तो क्‍यों?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) से (घ) जानकारी एकत्रित की जा रही है।

अवैधानिक नियुक्ति कर बिना अधिकार पदस्‍थापना

[स्कूल शिक्षा]

38. ( क्र. 2455 ) श्री यादवेन्‍द्र सिंह : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या मध्‍यप्रदेश के किसी नगर पालिक निगम को संविदा शाला शिक्षक वर्ग-1 की नियुक्ति कर किसी जिला शिक्षण प्रशिक्षण संस्‍थान में पदस्‍थ करने का अधिकार है? यदि नहीं, तो मोहम्‍मद नसीम अंसारी की नियुक्ति आयुक्‍त नगर पालिका निगम सतना ने अपने आदेश क्रमांक 305/न.वि./06 दिनांक 05/08/2006 से जिला शिक्षण प्रशिक्षण संस्‍थान सतना में क्‍यों की? कारण बताएं। (ख) प्रश्‍नांश (क) की नियुक्ति अवैधानिक होने की जानकारी आयुक्‍त राज्‍य शिक्षा केन्‍द्र भोपाल एवं प्राचार्य जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्‍थान सतना को होने के पश्‍चात उक्‍त शिक्षक को नगर निगम सतना को वापस न करते हुए इतनी लम्‍बे समय से सेवा में बनाए रखने के लिए दोषी प्राचार्य के विरूद्ध एवं अवैधानिक नियुक्ति करने वाले आयुक्‍त नगर पालिक निगम सतना के विरूद्ध पुलिस थाना में अपराधिक मामला कब तक दर्ज किया जावेगा? (ग) प्रश्‍नांश (क) की अवैधानिक नियुक्ति शिक्षक को उनके मूल विभाग नगर निगम सतना को कब-तक वापस कर दिया जावेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी नहीं। विभागीय आदेश क्र.4357/4758/2005/20-1 दिनांक 08.12.2005 द्वारा कलेक्टर/आयुक्त नगर निगम सतना को प्रदायित संविदा शाला शिक्षक वर्ग-1 (उर्दू) का 01 पद जो नगर निगम परिक्षेत्र में रिक्त था। तत्समय नियुक्ति के अधिकार प्रदत्त किए गए थे। तद्नुसार कलेक्टर सतना के आदेश पृ.क्र./13/संविदा शि-1/स्थाना/2006 दिनांक 04.04.06 द्वारा संविदा शिक्षक-1 (उर्दू) का 01 पद डाइट सतना के लिए आवंटित करने पर कार्यालय नगर पालिक निगम सतना द्वारा जारी विज्ञप्ति 30/05/06 के आधार पर आयुक्त नगर निगम सतना के आदेश पृ.क्र. 305/न.नि./06 दिनांक 05.08.06 द्वारा मोहम्मद नसीम अंसारी संविदा शाला शिक्षक वर्ग-1 की नियुक्ति एवं पदस्थापना डाइट सतना में की गई। आदेशों की प्रतियां पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '1' अनुसार है। (ख) आयुक्त राज्य शिक्षा केन्द्र के संज्ञान में आने पर कार्यालय के पत्र क्रमांक 5134 दिनांक 11.11.09 के साथ पत्र क्रमांक 1802 दिनांक 20.05.10 द्वारा आयुक्त नगर पालिक निगम सतना को श्री मोहम्मद अंसारी की पदस्थापना नगर की किसी अन्य संस्था में करने के लिए पत्र प्रेषित किया गया। उक्त पत्रों के अनुक्रम में प्राचार्य डाइट सतना के पत्र क्र.44 दिनांक 06.05.15, 269 दि.23.07.15 एवं पत्र क्र.525 दिनांक 29.10.15 द्वारा आयुक्त नगर पालिक निगम जिला सतना को भी इस संबंध में पत्र लिखा किन्तु नगर पालिक निगम सतना द्वारा संबंधित की नवीन पदस्थापना आदेश जारी नहीं किये जाने के कारण संबंधित को भार मुक्त नहीं किया जा सका है। पत्रों की प्रतियां पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '2' अनुसार है। (ग) नगर पालिक निगम सतना से नवीन पदस्थापना आदेश प्राप्त होने पर भार मुक्त कर दिया जावेगा। निश्चित समय-सीमा बताना संभव नहीं है।

मण्‍डला जिले के प्राथमिक/माध्‍यमिक शाला भवन निर्माण

[स्कूल शिक्षा]

39. ( क्र. 2498 ) श्री रामप्यारे कुलस्ते : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) मण्‍डला जिले निवास विधान सभा क्षेत्रांतर्गत विकासखण्‍ड निवास नारायणगंज, बीजाडांडी, मोहगांव एवं मंडला अंतर्गत ऐसी कितनी प्राथमिक माध्‍यमिक विद्यालय भवन हैं जो पैसों के अपव्‍यय के कारण वर्षों से आधे अधूरे पड़े हैं, विकासखण्‍डवार गांव का नाम प्राथमिक माध्‍यमिक विद्यालय की जानकारी देते हुए यह भी बतायेंगे कि उक्‍त भवनों की निर्माण एजेंसी कौन थी?            (ख) उक्‍त शाला भवनों की निर्माण की कब स्‍वीकृति दी गई थी? कितनी राशि की स्‍वीकृति दी गई थी? कार्य पूर्णता की समय-सीमा भी तय की गई थी क्‍या? कौन इनके मॉनीटरिंग अधिकारी थे? यदि निर्माण एजेंसी कार्य पूर्ण नहीं किया तो उनके खिलाफ अभी तक क्‍या क्‍या कार्यवाही संबंधितों के खिलाफ की गई तथा उक्‍त भवनों को कब तक पूर्ण करा लिये जायेंगे? (ग) स्‍वीकृत या संचालित कितनी ऐसी योजनाएं हैं, जो सोलर ऊर्जा संचालित है और कितनी ऐसी योजनाएं जो विद्युत से संचालित हैं? सभी योजनाओं की जानकारी देते हुये संचालित/बंद की जानकारी भी देवें? (घ) ग्राम चुभावल सुडगांव मंगलगंज सलैया मगरधा लालपुर धनवाही कापा छिंदगांव जंगलिया सिंगपुर मोहगांव सुखराम पाडरपानी आदि योजनाएं प्रारंभ से ही किन कारणों से बंद पड़ी हैं?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) मण्डला जिले की विधानसभा क्षेत्रांतर्गत विकासखंड निवास, नारायणगंज, बीजाडांडी, मोहगांव एवं मण्डला अंतर्गत कुल 20 शासकीय प्राथमिक एवं माध्यमिक विद्यालय भवन अधूरे पड़े है। निर्माण कार्य एवं निर्माण एजेंसी की विकास खण्डवार जानकारी संलग्‍न परिशिष्‍ट अनुसार है। (ख) उक्त शाला भवनों की स्वीकृति, राशि, समय-सीमा, एजेंसी के विरूद्ध कार्यवाही की जानकारी संलग्‍न परिशिष्‍ट में समाहित है। निर्माण कार्यों की मॉनिटरिंग जिले/विकासखण्ड में पदस्थ सहायक यंत्री/उपयंत्रियों द्वारा की जाती है। राज्य निर्माण समिति की बैठक दिनांक 31.05.2017 अनुसार राशि के गबन/आर.आर.सी. प्रकरणों वाले कार्यों जिनमें राशि का गबन किया गया है, उन कार्यों को जिले के अन्य निर्माण कार्यों की पूर्णता उपरान्त बचत राशि का उपयोग कर कार्यों को पूर्ण कर उपयोगी बनाये जाने हेतु निर्देश जारी किये गये है। निश्चित समय-सीमा बताना संभव नहीं है। (ग) सर्व शिक्षा अभियान के तहत जिलें में ऐसी कोई भी योजना संचालित नहीं है। शेषांश का प्रश्न ही उपस्थित नहीं होता। (घ) सर्व शिक्षा अभियान के तहत जिले में ऐसी कोई भी योजना संचालित नहीं है। शेषांश का प्रश्न ही उपस्थित नहीं होता।

परिशिष्ट - ''ग्यारह''

अवैध नियुक्ति निरस्‍त किया जाना

[आयुष]

40. ( क्र. 2525 ) पं. रमेश दुबे : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या प्रश्‍न क्रमांक 6808 दिनांक 22/03/2017 के उत्‍तर में बताया गया है कि विज्ञापन में अनारक्षित अभ्‍यार्थी की सेवाएं संविदा पर लेने का लेख हैं? यदि हाँ, तो विज्ञापन के शर्तों के विपरीत डॉ. रवि कुमार श्रीवास्‍तव एवं डॉ. निधि श्रीवास्‍तव को नियिमित पद पर नियुक्ति किस आधार पर प्रदाय की गयी? (ख) क्‍या उक्‍त विज्ञापन के तहत चिकित्‍सकों की भर्ती हेतु प्रस्‍तुत आवेदन में डॉ. निधि श्रीवास्‍तव के द्वारा नियमित सेवा के विकल्‍प का चयन किया गया था, जबकि विज्ञापन की शर्तों के अनुसार रीडर के नियमित पद आरक्षित वर्ग से भरा जाना था? यदि हाँ, तो शर्तों का उल्‍लंघन कर किस आधार पर यह नियुक्तियां की गयी? इसके लिए कौन जिम्‍मेदार हैं?     (ग) क्‍या प्रश्‍नांश (क) में उल्‍लेखित प्रश्‍न का यह भी उत्‍तर दिया गया है कि माननीय उच्‍च न्‍यायालय में विज्ञापन के विरूद्ध प्रचलित 04 याचिकाओं में से 02 याचिकाएं वापस ले ली गयी? हाँ तो शेष बची 02 याचिकाओं के प्रचलन में रहते तथा इन याचिकाओं में स्‍थगन के दौरान भी उक्‍त दोनों चिकित्‍सकों की नियुक्तियां की गयी है तो क्‍यों? (घ) क्‍या शासन, विज्ञापन की शर्तों के उल्‍लंघन एवं 02 याचिकाओं में स्‍थगन मौजूद रहने के बावजूद भी नियम विरूद्ध की गयी उक्‍त दोनों चिकित्‍सकों की नियुक्तियां निरस्‍त कर भुगतान राशि वसूलने एवं गलत तरीके से नियुक्ति प्रदान करने वाले अधिकारियों के विरूद्ध कार्यवाही करने का आदेश देगा यदि नहीं, तो क्‍यों?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी हाँ। विषयांतर्गत परीक्षण हेतु गठित समिति के प्रतिवेदन उपरान्त स्थिति स्पष्ट हो सकेगी। (ख) उत्तरांश (क) अनुसार। (ग) जी हाँ। विधिक राय के आधार पर। (घ) विषयांतर्गत परीक्षण हेतु गठित समिति के प्रतिवेदन उपरान्त स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।

मातृत्‍व सुरक्षा सहायता योजना का समय पर भुगतान न होना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

41. ( क्र. 2526 ) पं. रमेश दुबे : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) मातृत्‍व सुरक्षा सहायता योजना में क्‍या-क्‍या प्रावधान किये गये हैं? इस योजना के तहत क्‍या कोई सहायता राशि का भुगतान किया जाता हैं? यदि हाँ, तो किस प्रकार से किसे और कब आर्थिक सहायता किस माध्‍यम से भुगतान किये जाने का प्रावधान हैं? (ख) क्‍या छिंदवाड़ा जिले में उक्‍त योजना का लाभ समय पर हितग्राहियों को प्राप्‍त हो रहा है यदि नहीं, तो क्‍यों?                           (ग) विकासखण्‍ड चौरई एवं बिछुआ में मातृत्‍व सहायता योजना के ऐसे कितने हितग्राही है जिन्‍हें सहायता राशि उपलब्‍ध नहीं कराया जा सका हैं? (घ) क्‍या विकासखण्‍ड चौरई एवं बिछुआ में मातृत्‍व सहायता योजना का लाभ समय पर नहीं दिया जा रहा हैं वर्षों से सहायता राशि भुगतान होना लंबित हैं? यदि हाँ, तो भुगतान लंबित होने का कारण सहित यह बतावें कि कब त‍क सहायता राशि भुगतान कर दिया जावेगा?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी नहीं, स्वास्थ्य विभाग में मातृत्व सुरक्षा योजना नाम की कोई योजना संचालित नहीं है। जी हाँ, समग्र सामाजिक सुरक्षा कार्यक्रम के अंतर्गत प्रसूति सहायता (जननी सुरक्षा योजना व प्रसूति अवकाश सहायता योजना) संचालित योजनाओं में भुगतान किया जाता है। जननी सुरक्षा योजना में शासकीय अस्पताल में प्रसव होने पर सभी (ग्रामीण क्षेत्र की प्रसूताओं को रू.1400 एवं शहरी क्षेत्र की प्रसूताओं को रू. 1000) को भुगतान उनके बैंक खाते में करने का प्रावधान है। प्रसूति अवकाश सहायता में शासकीय अस्पताल में प्रसव होने पर प्रथम 2 प्रसूतियों के लिये योजना का लाभ पति/पत्नी का चिन्हित श्रमिक संवर्ग में पंजीयन होने पर कुल 60 दिवस का श्रमिक मजदूरी राशि का भुगतान उनके बैंक खाते में करने का प्रावधान है। (ख) जी हाँ। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ग) प्रसूति अवकाश सहायता योजना अंतर्गत विकासखंड चौरई एवं बिछुआ में एक भी प्रकरण लंबित नहीं है। जननी सुरक्षा योजना अंतर्गत विकासखंड चौरई में 119 प्रकरण एवं विकासखंड बिछुआ में 38 प्रकरण लंबित है। (घ) जी नहीं, प्रसूति अवकाश सहायता योजना अंतर्गत विकासखंड चौरई एवं बिछुआ में एक भी प्रकरण लंबित नहीं है। अपितु जननी सुरक्षा योजना अंतर्गत हितग्राहियों के बैंक खाते की जानकारी अप्राप्त होने अथवा त्रुटिपूर्ण होने के कारण (ग) के उत्तर में अंकित अनुसार भुगतान लंबित है। संबंधित प्रसूताओं द्वारा बैक खाते उपलब्ध कराने पर उक्त भुगतान कर दिया जावेगा।

प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र से सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र उन्‍नयन

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

42. ( क्र. 2527 ) इन्जी. प्रदीप लारिया : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र का सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र में उन्‍नयन हेतु शासन स्‍तर से कोई प्रस्‍ताव/कार्यवाही की जा रही हैं? (ख) यदि हाँ, तो सागर जिले में ऐसे कितने प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र हैं जिनका उन्‍नयन सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र में किया जावेंगा? (ग) क्‍या प्राथमिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र नरयावली, जरूआखेड़ा, कर्रापुर, परसोरिया, केन्‍द्रों का शासकीय सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र में उन्‍नयन हेतु कोई प्रस्‍ताव शासन स्‍तर से तैयार किया गया हैं?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी हाँ। (ख) जी हाँ। केवल एक शहरी क्षेत्र के मकरोनिया बुजुर्ग में नवीन 30 बिस्तरीय सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र की स्थापना का। (ग) जी हाँ, नरयावली, जरूआखेड़ा व कर्रापुर का।

शासकीय कन्‍या शालाओं का उन्‍नयन

[स्कूल शिक्षा]

43. ( क्र. 2528 ) इन्जी. प्रदीप लारिया : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) शासन स्‍तर से शासकीय कन्‍या शालाओं का उन्‍नयन एवं नवीन शालाओं की स्‍वीकृति शासन द्वारा जारी की जा रही हैं? या नहीं? (ख) क्‍या शासकीय कन्‍या शालाओं के उन्‍नयन हेतु शासन स्‍तर से नीति निर्धारित की गई हैं? यदि हाँ, तो क्‍या? (ग) क्‍या नरयावली विधान सभा क्षेत्र में स्थित शासकीय कन्‍या शालाओं के उन्‍नयन हेतु शासन स्‍तर से कोई प्रस्‍ताव तैयार किया जा रहा हैं? जानकारी देवें? (घ) क्‍या नरयावली विधानसभा क्षेत्र में स्थिति शासकीय कन्‍या शालाओं का उन्‍नयन कब तक किया जावेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) शाला उन्‍नयन संबंधी कार्यवाही प्रक्रियाधीन है।                            (ख) जी नहीं। पृथक से कन्‍या शालाओं के उन्‍नयन के प्रावधान नहीं है। (ग) एवं (घ) प्रश्‍नांश '' के उत्‍तर के प्रकाश में प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

 

परीक्षाओं के सेन्‍टर बनाने में अनियमितता

[स्कूल शिक्षा]

44. ( क्र. 2543 ) एडवोकेट सत्‍यप्रकाश सखवार : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) मा.शि.मंडल भोपाल के नियमानुसार परीक्षा केन्‍द्रों का निर्धारण लगभग कितने किलोमीटर की दूरी तक रखने का प्रावधान है? (ख) क्‍या प्रशासनिक अधिकारियों द्वारा नियमों की अनदेखी करते हुए परीक्षा केन्‍द्र जिला मुरैना में 30 से 35 कि.मी. की दूरी पर बना दिये गये हैं? यदि हाँ, तो ऐसा क्‍यों? (ग) क्‍या शासन 30 से 35 KM की दूरी पर बनाये गये सेंटरों को निरस्‍त कर बोर्ड के नियमानुसार तय दूरी तक ही परीक्षा केन्‍द्रों का निर्धारण करेगा, यदि हाँ, तो कब तक, नहीं तो क्‍यों नहीं?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) विभाग के परिपत्र क्रमांक 1294/1151/2015/20-3 दिनांक 20.07.2017 के साथ पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-अ के बिन्दु क्रमांक-4 अनुसार मापदण्ड निर्धारित है। जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-एक अनुसार। (ख) माध्यमिक शिक्षा मण्डल द्वारा संचालित हाईस्कूल/हायर सेकेण्डरी परीक्षा 2018 के परीक्षा केन्द्रों का निर्धारण प्रक्रियाधीन है। (ग) उत्तरांश (ख) के प्रकाश में प्रश्न उपस्थित नहीं होता।

नियम विरूद्ध पदोन्‍नतियां

[स्कूल शिक्षा]

45. ( क्र. 2549 ) श्री जालम सिंह पटेल : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या मा.शि.मं. के लिपिक श्री कीर्ति उर्मलिया, ग्रेड-3 द्वारा फर्जी अंकसूचियों पर नियम विरूद्ध पदोन्‍नतियां दिये जाने की श्री राजेन्‍द्र मेश्राम, मान.विधायक एवं श्री तुलसीराम चिड़ार द्वारा नामजद शिकायत की गयी थी? (ख) यदि हाँ, तो प्रश्‍नांश (क) के संदर्भ में मण्‍डल के जिम्‍मेदार अधिकारियों द्वारा श्री कीर्ति उर्मलिया का स्‍थानांतरण सागर के बजाये संभागीय कार्यालय, भोपाल किया जाकर कड़ी अनुशासनात्‍मक कार्यवाही नहीं करते हुए पूरे मामले को दबाकर संरक्षण प्रदान किया गया। यदि हाँ, तो तथ्‍यात्‍मक जानकारी देवें? (ग) क्‍या श्री कीर्ति उर्मलिया ने श्री शम्‍मी बेग ने 10वीं एवं 12वीं की फर्जी अंकसूचियां प्रस्‍तुत किये जाने पर उसका सत्‍यापन नहीं कर ग्रेड-1 से कक्ष अधिकारी के पद पर पदोन्‍नति दी गयी एवं 04 चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों द्वारा पदोन्‍नति पाने के लिये फर्जी अंकसूचियां लगाये जाने पर भी पदोन्‍नतियां दिये जाने की शिकायत पर कड़ी कार्यवाही नहीं करते हुए मण्‍डल के अधिकारी संरक्षण प्रदान कर रहे हैं। यदि हाँ, तो? कब तक कार्यवाही की जायेगी? (घ) यदि उपरोक्‍त (क) से (घ) सही है तो मण्‍डल संबंधित लिपिक पर मध्‍यप्रदेश सिविल सेवा नियम, 1966 के नियम के तहत विभागीय जाँच संस्थित कर कड़ी अनुशासनात्‍मक कार्यवाही करेगा या नहीं? यदि हाँ, तो कब तक? नहीं तो क्‍यों नहीं?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) माध्यमिक शिक्षा मण्डल के लिपिक श्री कीर्ति उर्मलिया, सहायक ग्रेड-3 के विरूद्ध श्री तुलसीराम चिढ़ार द्वारा शिकायत की गई थी तथा                            श्री राजेन्द्र मेश्राम, मान.विधायक द्वारा विधानसभा अतारांकित प्रश्न क्र. 4790 दिनांक 01.03.2017 किया गया था। (ख) श्री कीर्ति उर्मलिया, सहायक ग्रेड-3 का कार्यालयीन आदेश क्र/प्रशा./स्था./ए-2/3582/2017 भोपाल, दिनांक 17.01.2017 द्वारा प्रशासकीय आधार पर मण्डल मुख्यालय भोपाल से संभागीय कार्यालय भोपाल स्थानातंरण किया गया उन्हें संरक्षण नहीं दिया गया है। (ग) विभागीय पदोन्नति समिति की अनुशंसा दिनांक 04.06.2010 के आधार श्री शमी बेग, सहायक ग्रेड-1 से कक्षाधिकारी के पद पर पदोन्नति दी गई थी तथा 04 चतुर्थ श्रेणी कर्मचारियों द्वारा पदोन्नति पाने के लिये फर्जी अंकसूचिया लगाये जाने के मामले में मान. न्यायालय नवम अपर सत्र न्यायाधीश, भोपाल द्वारा दोषी पाये जाने के उपरान्त चारों कर्मचारी को ''सेवा से पदच्युत'' किया जा चुका है। जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट अनुसार। (घ) प्रकरण के संबध में श्री कीर्ति उर्मलिया सहायक ग्रेड-3 के विरूद्ध संबंधित शिकायत के संबध में लोकायुक्त संगठन भोपाल में प्रकरण क्रमांक डी.वी.सी.43/2016, जा.प्र. 439/2016 शिकायत विरूद्ध श्री कीर्ति उर्मलिया, तत्कालीन स्थापना लिपिक एवं श्री शम्मी बेग कक्ष अधिकारी, माध्यमिक शिक्षा मण्डल, भोपाल के विरूद्ध कार्यवाही प्रचलन में है। लोकायुक्त संगठन भोपाल के जाँच निष्‍कर्ष के आधार पर संबंधित के विरूद्ध अनुशानात्‍मक कार्यवाही की जाएगी।

शिक्षा का अधिकार (आर.टी.ई.) का दूसरा चरण प्रारम्भ करना

[स्कूल शिक्षा]

46. ( क्र. 2559 ) श्री दिलीप सिंह शेखावत : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या शिक्षा का अधिकार (आर.टी.ई.) के तहत बी.पी.एल./अ.जा./अ.ज.जा. के परिवारों के बच्चों को निःशुल्क शिक्षा देने के लिये शासन के द्वारा इस वित्‍तीय वर्ष में प्रथम चरण पूर्ण कर लिया गया है, किन्तु आधा शिक्षा सत्र बीत जाने के बाद भी द्वितीय चरण प्रारम्भ नहीं किये जाने से मध्यप्रदेश के उक्त वर्गों के हजारों पात्र परिवारों के बच्चे विद्यालयों में एडमीशन से वंचित हैं। (ख) शिक्षा का अधिकार (आर.टी.ई.) का दूसरा चरण कब तक प्रारम्भ कर दिया जावेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी हाँ। जी नहीं। द्वितीय चरण जैसी कोई योजना नहीं है। (ख) उत्‍तरांश '' के प्रकाश में प्रश्‍न ही उपस्थित नहीं होता।

चाईल्ड केयर लीव का लाभ

[स्कूल शिक्षा]

47. ( क्र. 2560 ) श्री दिलीप सिंह शेखावत : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) प्रदेश की अध्यापक संवर्ग की महिला अध्यापकों को चाईल्ड केयर लीव का लाभ कब तक लागू कर दिया जावेगा? (ख) इसके क्या नियम तय किये गये हैं?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) एवं (ख) अध्‍यापक संवर्ग की महिला अध्‍यापकों को संतान पालन अवकाश देने का प्रावधान नहीं है। एक प्रकरण में माननीय उच्‍च न्‍यायालय द्वारा पारित आदेश के प्रकाश में अग्रिम कार्यवाही प्रचलित है।

शालावार भवनों की जानकारी एवं शाला उन्‍नयन

[स्कूल शिक्षा]

48. ( क्र. 2661 ) श्री मधु भगत : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि                          (क) बालाघाट जिला अंतर्गत संचालित ऐसे कितने हाई स्‍कूल हायर सेकेण्‍ड्री स्‍कूल है जिनके भवन न होकर प्राथमिक, माध्‍यमिक शाला भवन में संचालित हो रहे हैं विधान सभा क्षेत्रवार जानकारी देवें? (ख) क्‍या उक्‍त भवन में छात्र संख्‍या के मान से पर्याप्‍त बैठने हेतु प्रयोगशाला कक्ष एवं खेलकूद गतिविधियों के लिए मैदान उपलब्‍ध है या नहीं? क्‍या शासन स्‍तर पर प्राथमिक शाला माध्‍यमिक शाला एवं हाई स्‍कूल को उन्‍नयन किए जाने की कार्यवाही संचालित है परसवाड़ा विधान सभा क्षेत्र में किन-किन विद्यालयों का उन्‍नयन किया जाना प्रस्‍तावित है या 2016 एवं 2017 वर्ष में कितने विद्यालयों का उन्‍नयन किया गया है? विकासखण्‍डवार विधानसभावार जानकारी प्रदान करें? (ग) भवन विहीन शाला या छात्र संख्‍या के मान से अतिरिक्‍त कक्षा निर्माण किया जाना                  किन-किन विद्यालयों में प्रस्‍तावित है? समस्‍त प्रकार के विद्यालयों में कौन-कौन से शाला भवन क्षतिग्रस्‍त हैं, किन-किन विद्यालयों का पुननिर्माण मरम्‍मत कार्य किया जाना प्रस्‍तावित हैं? विकासखण्‍डवार शालावार जानकारी देवें?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-1 अनुसार है। (ख) वर्ष 2017-18 में हाई स्कूल उन्नयन की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। सत्र 2016 एवं 2017 में बालाघाट जिले में किसी भी प्रा‍थमिक/माध्‍यमिक शाला में उन्‍नयन नहीं किया गया है। हाई/हायर सेकेण्‍डरी स्कूलों में प्रयोगशाला उपलब्‍ध नहीं है, किन्तु खेल मैदान उपलब्ध है। वर्ष                2016-17 में उन्नयन किए गए स्कूलों की जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-2 अनुसार। (ग) बालाघाट जिला में प्रा‍थमिक/माध्‍यमिक स्कूलों में भवन तथा 154 अतिरिक्‍त कक्षों की आवश्‍यकता है। कुल 272 शाला भवन क्षतिग्रस्‍त है एवं 278 शाला भवनों का मरम्‍मत कार्य किया जाना है। सभी कार्य सर्व शिक्षा अभियान की वार्षिक कार्य योजना 2018-19 में प्रस्‍तावित है। विकासखंडवार, शालावार जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्‍ट के प्रपत्र '' अनुसार। वर्ष 2017-18 में हाई/हायर सेकेण्‍डरी स्‍कूलों के भवन निर्माण स्‍वीकृति‍ की कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। मरम्मत योग्य हाई/हायर सेकेण्‍डरी संबंधी जानकारी पुस्‍तकालय में रखे परिशिष्ट के प्रपत्र-3 अनुसार है। वर्ष 2017-18 में जिले को अनुरक्षण मद से राशि रूपए 68,000,00/- (अड़सठ लाख) की स्वीकृति दी गई है, जिससे शालाओं का मरम्मत कार्य कराया जा सकता है।

स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र की जानकारी

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

49. ( क्र. 2715 ) श्री सुदेश राय : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) जिला सीहोर के अन्‍तर्गत विधान सभा क्षेत्र 159 सीहोर अन्‍तर्गत वर्ष 2013-14 से आज दिनांक तक विभाग को नवीन उपस्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र की स्‍थापना एवं स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र के उन्‍नयन की कितनी अनुशंसा प्राप्‍त हुई है वर्षवार अनुशंसा की श्रेणीवार जानकारी बतावें।                       (ख) प्रश्‍नांश (क) के संदर्भ में कितने-कितने नवीन उपस्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र की स्‍वीकृति उपरान्‍त                  किन-किन स्‍थानों पर स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र प्रारम्‍भ कर दिये गये? यदि नहीं, तो क्‍यों नहीं तथा कब तक प्रारम्‍भ करा दिये जावेंगे? (ग) क्‍या सेमरादांगी में नवीन उपस्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र तथा प्रा. स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र अहमदपुर को सामुदायिक स्‍वास्‍थ्‍य केन्‍द्र में उन्‍नयन हेतु प्रस्‍ताव शासन को प्रेषित किये है? यदि हाँ, तो वर्तमान में इसकी प्रगति की क्‍या स्थिति है?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जिला सीहोर के अन्तर्गत विधान सभा क्षेत्र 159 सीहोर अन्तर्गत वर्ष 2013-14 से आज दिनांक तक विभाग को नवीन उप स्वास्थ्य केन्द्र की स्थापना एवं स्वास्थ्य केन्द्र के उन्नयन की श्रेणीवार की जानकारी निम्नानुसार प्राप्त हुई:-

क्र.

वर्ष

नवीन उप स्वास्थ्य केन्द्रों की अनुशंसा

स्वास्थ्य केन्द्रों के उन्नयन की अनुशंसा

1

2013-14

निरंक

निरंक

2

2014-15

08 उप स्वा.केन्द्रों की स्थापना

निरंक

3

2015-16

निरंक

निरंक

4

2016-17

निरंक

प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र अहमदपुर का सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र में उन्नयन

5

2017-18 
 (
अक्टूबर)

निरंक

निरंक

(ख) विधान सभा क्षेत्र सीहोर के अंतर्गत ग्राम बिजौरी, गड़बगराज, सीलखेड़ा, जमुनिया तालाब, शेखपुरा, रावनखेड़ा एवं तकीपुर में नवीन उप स्वास्थ्य केन्द्रों की स्वीकृति की गई है। उक्त उप स्वास्थ्य केन्द्रों को प्रारंभ कर दिया गया है। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता। (ग) जी नहीं। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

पुराने भवनों का निर्माण

[स्कूल शिक्षा]

50. ( क्र. 2719 ) श्रीमती पारूल साहू केशरी : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) सुरखी विधानसभा क्षेत्र अन्‍तर्गत अनेकों प्रायमरी, मिडिल, हाईस्‍कूल एवं हायर सेकेण्‍डरी स्‍कूल ऐसे है, जो अत्‍यंत पुराने, खपरैल, जीर्ण-शीर्ण और खतरनाक भवनों में लग रही है? क्‍या यह भी सही है कि ये भवन कभी भी गिर सकते हैं? यदि नहीं, तो सुरखी विधानसभा क्षेत्रान्‍तर्गत पी.डब्‍ल्‍यू.डी. विभाग द्वारा कराए गए भौतिक सत्‍यापन का प्रतिवेदन उपलब्‍ध कराए? (ख) क्‍या सुरखी विधानसभा क्षेत्रान्‍तर्गत प्राथ.शाला हीरापुर,प्राथ.शाला शिकारपुर हाई स्‍कूल भैसा-भीष्‍मनगर, हाई स्‍कूल विंदवास, शासकीय हायर सेकेण्‍डरी स्‍कूल जैसीनगर आदि स्‍कूल प्रश्‍नांश (क) अनुसार जीर्ण-शीर्ण भवनों में संचालित हो रहे है? (ग) यदि हो तो सुरखी विधानसभा क्षेत्रान्‍तर्गत ऐसे कितने स्‍कूल संचालित है, जिनकी दर्ज संख्‍या बहुत अधिक है और जो अत्‍यंत जीर्ण-शीर्ण और पुराने खपरैल भवनों में संचालित हो रहे है? (घ) प्रश्‍नांश (क) (ख) एवं (ग) अनुसार स्‍कूल पुराने खपरैल, भवनों में लग रहे है, यदि उनमें कोई अप्रिय घटना घटित हो जाए तो इसके लिए किसे उत्‍तरदायी माना जावेगा?

स्कूल शिक्षा मंत्री ( कुँवर विजय शाह ) : (क) जी नहीं। सुरखी विधानसभा क्षेत्र अंतर्गत 22 शासकीय प्राथमिक शाला एवं 02 माध्यमिक शाला भवन पुराने एवं खपरैल वाले है, कोई भी शासकीय प्राथमिक/माध्यमिक शाला जीर्ण-शीर्ण और खतरनाक भवनों में नहीं लग रही है। जी नहीं। इन शालाओं के संबध में कार्यपालन यंत्री, लोक निर्माण विभाग सागर के भौतिक सत्यापन की जानकारी संलग्‍न परिशष्ट अनुसार। (ख) सुरखी विधानसभा क्षेत्र अन्तर्गत शासकीय प्राथमिक शाला हीरापुर एवं शिकारपुर जीर्ण-शीर्ण भवन में नहीं लग रही है। हाई स्कूल भैसा भीष्मनगर भवन विहीन है। यह विद्यालय प्राथमिक शाला के पक्के भवन में संचालित है। शासकीय हाई स्कूल विंदवास भवन विहीन है, इसका संचालन माध्यमिक शाला के 03 कक्षों में किया जा रहा है। शासकीय उ.मा.वि. जयसिंहनगर स्वंय के भवन में संचालित है। (ग) सुरखी विधानसभा क्षेत्र अन्तर्गत ऐसी कोई भी शासकीय प्राथमिक/माध्यमिक शाला नहीं है, जिनकी दर्ज संख्या बहुत अधिक है और जो अत्यन्त जीर्ण-शीर्ण एवं खपरैल भवनों में संचालित हो रही हो। हाई/हायर सेकेण्डरी के संबध में उत्‍‍‍‍‍‍‍‍तरांश '''' के प्रकाश में प्रश्न उपस्थित नहीं होता। (घ) उत्तराशं '''','''' एवं '''' अनुसार प्रश्न उपस्थित नहीं होता।

परिशिष्ट - ''बारह''

सी.एच.सी. करैरा में एक्‍स-रे मशीन की व्‍यवस्‍था

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

51. ( क्र. 2751 ) श्रीमती शकुन्‍तला खटीक : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) क्‍या सी.एच.सी. करैरा जिला शिवपुरी में एक लम्‍बे समय से एक्‍स-रे मशीन की आवश्‍यकता होने के कारण मध्‍यप्रदेश शासन द्वारा इस हेतु वर्ष 2016-17 में राशि उपलब्‍ध करा दी गई थी? यदि हाँ, तो किन कारणों से एक्‍स-रे मशीन खरीदी न जाकर पैसा शासन को वापिस हो गया? कारण स्‍पष्‍ट करें? इसके लिये कौन जवाबदार व जिम्‍मेदार हैं? प्रश्‍नकर्ता की जानकारी में यह आया है कि एक्‍स-रे मशीन हेतु वर्तमान वित्‍तीय वर्ष में भी राशि उपलब्‍ध हो चुकी, परन्‍तु आज प्रश्‍न दिनांक तक एक्‍स-रे मशीन की व्‍यवस्‍था नहीं हो सकी है, जिससे मरीज अत्‍यधिक परेशान है? यदि राशि उपलब्‍ध नहीं हैं, तो कब तक उपलब्‍ध करा दी जावेगी? (ख) क्षेत्र के मरीजों के हितों को ध्‍यान में रखते हुये कब तक एक्‍स-रे मशीन की खरीदी की जाकर व्‍यवस्‍था कर दी जावेगी?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) जी हाँ। दिनांक 14.12.2016 से क्रय प्रतिबंध होने के कारण सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र करैरा जिला शिवपुरी में नवीन एक्स-रे मशीन क्रय नहीं किया जा सका। अतः इसके लिये कोई जिम्मेदार नहीं है। अन्य आवश्यक उपकरण क्रय किये जाने के कारण एक्सरे मशीन क्रय नहीं की जा सकी। यथाशीघ्र। (ख) यथासंभव शीघ्र।

सी.एच.सी. करैरा जिला शिवपुरी से विशेषज्ञ चिकित्‍सकों की पदस्‍थापना

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

52. ( क्र. 2752 ) श्रीमती शकुन्‍तला खटीक : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) सी.एच.सी. करैरा जिला शिवपुरी में कितने विशेषज्ञों के पद स्‍वीकृत हैं व उसमें से कितने पद भरे हुये हैं व कितने रिक्‍त हैं? (ख) क्‍या वर्तमान में कई विशेषज्ञों के पद लम्‍बे समय से रिक्‍त हैं? जिससे जनसमुदाय को स्‍वास्‍थ्‍य सेवा का भरपूर लाभ नहीं मिल पा रहा है व रोगी, महिला एवं पुरूष विशेषज्ञों के अभाव में शिवपुरी व झांसी, उत्‍तर प्रदेश में जाने के लिये मजबूर हो रहा है? (ग) क्‍या मध्‍यप्रदेश शासन जनसमुदाय के स्‍वास्‍थ्‍य की दृष्टि से रिक्‍त पदों की पूर्ति कब तक कर देगा? जिससे लोगों को समय पर नि:शुल्‍क उपचार मिल सकेगा?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र करैरा जिला शिवपुरी में विशेषज्ञों के 05 पद स्वीकृत एवं रिक्त हैं। चिकित्सा अधिकारी के 03 पद स्वीकृत एवं 04 चिकित्सक कार्यरत हैं। (ख) जी हाँ। जी नहीं, 02 नियमित चिकित्‍सा अधिकारी, 01 बंधपत्र एवं 02 संविदा चिकित्सक, कुल 04 चिकित्सा अधिकारी पदस्थ होकर कार्यरत हैं एवं आम-जन को आवश्यक स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान कर रहे हैं। (ग) विभाग रिक्त पदों की पूर्ति हेतु निरंतर प्रयासरत है। विशेषज्ञों की अत्यधिक कमी के कारण, विशेषज्ञों के पद रिक्त हैं। विशेषज्ञों के 100 प्रतिशत पद पदोन्नति से भरे जाने का प्रावधान है, स्वीकृत 3278 पदों के विरूद्ध मात्र 1029 विशेषज्ञ उपलब्ध हैं। मा. उच्चतम न्यायालय में पदोन्नति के संबंध में प्रकरण प्रचलित होने के कारण, पदपूर्ति हेतु निश्चित समयावधि बताई जाना संभव नहीं है। आमजन को आवश्यक नि:शुल्क उपचार पदस्थ चिकित्सकों द्वारा उपलब्ध कराया जा रहा है।

बीमारियों के रोकथाम

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

53. ( क्र. 2765 ) श्री पंडित सिंह धुर्वे : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) मण्‍डला जिले को भारत सरकार एवं राज्‍य सरकार से वर्ष 2014 से वर्तमान तक मलेरिया नियंत्रण, कुष्‍ठ रोग नियंत्रण, एच.आई.व्‍ही. नियंत्रण, सिकिल सेल की जाँच, टी.वी. एवं अन्‍य बीमारियों के नियंत्रण हेतु कितनी राशि प्राप्‍त हुई? (ख) प्राप्‍त राशि से कितनी राशि खर्च की गयी हैं? (ग) क्‍या सिकिल सेल के उपचार हेतु, अलग से शासन द्वारा जिले को वर्ष 2014 से वर्तमान तक, आवंटन प्राप्‍त हुआ था? यदि हाँ, तो कितनी राशि प्राप्‍त हुई थी? (घ) क्‍या सिकिल सेल की जाँच कर कार्ड बनाये जाने थे? यदि हाँ, तो कितने लोगों के कार्ड बनाये गये हैं? क्‍या विभाग द्वारा इस मामले में गंभीर अनियमितता बरती गई है? क्‍या इस मामले की जाँच करायेंगे, यदि हाँ, तो कब तक यदि नहीं, तो क्‍यों?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) मंडला जिले को भारत सरकार एवं राज्य सरकार से प्राप्त राशि की जानकारी संलग्न परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ख) जानकारी संलग्न परिशिष्ट के प्रपत्र '''' अनुसार है। (ग) जी हाँ। वर्ष 2016-17 में 5359108/- राशि प्राप्त हुई थी। (घ) जी हाँ। 10557 लोगों के कार्ड बनाये गये है। जी नहीं। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता है।

परिशिष्ट - ''तेरह''

उपकरणों के प्रदाय में विलंब

[चिकित्सा शिक्षा]

54. ( क्र. 2841 ) श्री सत्‍यपाल सिंह सिकरवार : क्या राज्‍यमंत्री, चिकित्सा शिक्षा महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) गजराजा मेडीकल कॉलेज ग्‍वालियर की लाइव प्रोव एस.ए. (एल.पी.ए.) लैब संचालित होने में विलंब के क्‍या कारण हैं? नवम्‍बर 2017 की स्थिति में जानकारी दी जावे।                   (ख) क्‍या स्‍टेट टी.बी. सैल की चिकित्‍सा महाविद्यालय प्रबंधक ने पत्र लिखकर आवश्‍यक सामान, यंत्र उपलब्‍ध कराने राशि आवंटित करने का आग्रह किया था? पत्र दिनांक, उस पर की गई कार्यवाही की जानकारी दी जावे? (ग) क्‍या टी.बी. की बीमारी की किस्‍म में कौन सा ड्रग उपयोगी/अनुपयोगी है, की जाँच के सैम्‍पल इंदौर भेजी जाती है, जहां से रिपोर्ट तीन-चार महीने में आती है, इस कारण मरीजों को काफी समय बाद रिपोर्ट आने उपचार प्रारंभ किया जाता है। इस समस्‍या का निदान शासन कब तक करेगा?

राज्‍यमंत्री, चिकित्सा शिक्षा ( एडवोकेट शरद जैन ) : (क) से (ग) जानकारी एकत्रित की जा रही है।

रिफाईनरियों की जानकारी

[लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण]

55. ( क्र. 2843 ) श्री सत्‍यपाल सिंह सिकरवार : क्या लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) मुरैना जिले में नवम्‍बर 2017 की स्थिति में कितनी रिफाईनरी खाद्य तेलों की संचालित हैं? इनके नाम, संचालकों के नाम, स्‍थान जहां रिफाईनरी संचालित हैं, पूर्ण जानकारी दी जावे। (ख) क्‍या उक्‍त रिफाईनरियों में रसायनिक प्रयोग शालायें स्‍थापित हैं, जहां क्‍वालीफायर केमिस्‍ट एवं टेक्‍नीशियन पदस्‍थ हैं? यदि हाँ, तो उनके नाम, शैक्षणिक योग्‍यता वर्तमान सहित पूर्ण जानकारी नवम्‍बर 2017 की स्थिति में जानकारी दी जावे। (ग) क्‍या यह भी सही है कि खाद्य अधिकारियों की उदासीनता के कारण फ्री फेटी एसिट टेस्‍ट (एफ.एफ.ए.) निय‍मित नहीं होता है, जिससे मिलावट का अनुपात रिफाईनरियों में स्‍वतंत्र रूप से चलता है। खाद्य तेलों में मिलावट के कारण लोगों में विभिन्‍न प्रकार की बीमारियों का प्रकोप हो रहा है?

लोक स्वास्थ्य परिवार कल्याण मंत्री ( श्री रुस्तम सिंह ) : (क) एवं (ख) जानकारी संलग्‍न परिशिष्‍ट अनुसार है। (ग) जी नहीं। शेष प्रश्‍न उपस्थित नहीं होता।

परिशिष्ट - ''चौदह''

विभिन्‍न निधियों के बैंक खातों से लेन-देन की जानकारी

[स्कूल शिक्षा]

56. ( क्र. 2858 ) श्री आर.डी. प्रजापति : क्या स्कूल शिक्षा मंत्री महोदय यह बताने की कृपा करेंगे कि (क) शासकीय हाई स्कूल/हायर सेकेण्‍डरी स्‍कूलों में विभिन्‍न निधियों के बैंक खातों से लेन-देन करने के लिये कौन अधिकृत होता है? (ख) आर्थिक अनियमिततायें करने एवं प्रशासनिक कार्यों में लापरवाही करने के कारण यदि किसी प्राचार्य/संस्‍था प्रमुख का, आहरण संवितरण अधिकार एवं बैंक खातों से लेन-देन करने का अधिकार उससे छीन लिया गया हो, तो अधिकार विहीन होने पर भी क्‍या ऐसा प्राचार्य/संस्‍था प्रमुख बैंक खातों से लेन-देन कर सकता है? (ग) यदि नहीं, तो जिला छतरपुर अंतर्गत शासकीय उच्‍चतर माध्‍यमिक विद्यालय ईशानगर में पदस्‍थ रहे प्राचार्य हरीश कुमार रैकवार द्वारा प्रश्‍नांश 02 में अ‍ंकित अनुसार अधिकार समाप्‍त हो चुकने पर भी स्‍कूल की विभिन&